Psalms · chapter 69 · verse 22
Psalm 69:22 in Hindi
उनको भोजन उनके लिये फन्दा हो जाए; और उनके सुख के समय जाल बन जाए।
Unako bhojan unake liye phandaa ho jaae; aur unake sukh ke samay jaal ban jaae.
Psalm 69:22 in English
- King James Version (KJV)
- Let their table become a snare before them: and [that which should have been] for [their] welfare, [let it become] a trap.
- World English Bible (WEB)
- Let their table before them become a snare. May it become a retribution and a trap.
- American Standard Version (ASV)
- Let their table before them become a snare; And when they are in peace, [let it become] a trap.
- Bible in Basic English (BBE)
- Let their table before them be for their destruction; let their feasts become a net to take them.
- Darby Translation (DBY)
- Let their table become a snare before them, and their very welfare a trap;
- Webster's Bible (WBS)
- Let their table become a snare before them: and [that which should have been] for [their] welfare, [let it become] a trap.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Their table before them is for a snare, And for a recompence — for a trap.
Read in context
- 20मेरा हृदय नामधराई के कारण फट गया, और मैं बहुत उदास हूं। मैं ने किसी तरस खानेवाले की आशा तो की, परन्तु किसी को न पाया, और शान्ति देनेवाले ढूंढ़ता तो रहा, परन्तु कोई न मिला।
- 21और लोगों ने मेरे खाने के लिये इन्द्रायन दिया, और मेरी प्यास बुझाने के लिये मुझे सिरका पिलाया।।
- 22उनको भोजन उनके लिये फन्दा हो जाए; और उनके सुख के समय जाल बन जाए।
- 23उनकी आंखों पर अन्धेरा छा जाए, ताकि वे देख न सकें; और तू उनकी कटि को निरन्तर कंपाता रह।
- 24उनके ऊपर अपना रोष भड़का, और तेरे क्रोध की आंच उनको लगे।
Cross references
- 1 Thessalonians 5:3 1 थिस्सलुनीकियों 5:3जब लोग कहते होंगे, कि कुशल हैं, और कुछ भय नहीं, तो उन पर एकाएक विनाश आ पड़ेगा, जिस प्रकार गर्भवती पर पीड़ा; और वे किसी रीति से बचेंगे।
- Romans 11:8–10 रोमियों 11:8–10जैसा लिखा है, कि परमेश्वर ने उन्हें आज के दिन तक भारी नींद में डाल रखा है और ऐसी आंखें दी जो न देखें और ऐसे कान जो न सुनें। और दाऊद कहता है; उन का भोजन उन के लिये जाल, और फन्दा, और ठोकर, और दण्ड का कारण हो जाए। उन की आंखों पर अन्धेरा छा जाए ताकि न देखें, और तू सदा उन की पीठ को झुकाए रख।
- 1 Peter 2:8 1 पतरस 2:8और ठेस लगने का पत्थर और ठोकर खाने की चट्टान हो गया है: क्योंकि वे तो वचन को न मानकर ठोकर खाते हैं और इसी के लिये वे ठहराए भी गए थे।
- Proverbs 1:32 नीतिवचन 1:32क्योंकि भोले लोगों का भटक जाना, उनके घात किए जाने का कारण होगा, और निश्चिन्त रहने के कारण मूढ़ लोग नाश होंगे;
- Isaiah 8:14–15 यशायाह 8:14–15और वह शरणस्थान होगा, परन्तु इस्राएल के दोनो घरानों के लिये ठोकर का पत्थर और ठेस की चट्टान, और यरूशलेम के निवासियों के लिये फन्दा और जाल होगा। और बहुत से लोग ठोकर खाएंगे; वे गिरेंगे और चकनाचूर होंगे; वे फन्दे में फसेंगे और पकड़े जाएंगे।
- Malachi 2:2 मलाकी 2:2यदि तुम इसे न सुनो, और मन लगाकर मेरे नाम का आदर न करो, तो सेनाओं का यहोवा यों कहता है कि मैं तुम को शाप दूंगा, और जो वस्तुएं मेरी आशीष से तुम्हें मिलीं हैं, उन पर मेरा शाप पड़ेगा, वरन तुम जो मन नहीं लगाते हो इस कारण मेरा शाप उन पर पड़ चुका है।