Psalms · chapter 71 · verse 24
Psalm 71:24 in Hindi
और मैं तेरे धर्म की चर्चा दिन भर करता रहूंगा; क्योंकि जो मेरी हानि के अभिलाषी थे, उनकी आशा टूट गई और मुंह काले हो गए हैं।।
Aur maim tere dharm kee charchaa din bhar karataa rahoongaa; kyonki jo meree haani ke abhilaashee the, unakee aashaa toot gaee aur munh kaale ho gae hain..
Psalm 71:24 in English
- King James Version (KJV)
- My tongue also shall talk of thy righteousness all the day long: for they are confounded, for they are brought unto shame, that seek my hurt.
- World English Bible (WEB)
- My tongue will also talk about your righteousness all day long, for they are disappointed, and they are confounded, who want to harm me.
- American Standard Version (ASV)
- My tongue also shall talk of thy righteousness all the day long; For they are put to shame, for they are confounded, that seek my hurt.
- Bible in Basic English (BBE)
- My tongue will be talking of your righteousness all the day; for those whose purpose is to do me evil have been crushed and put to shame.
- Darby Translation (DBY)
- My tongue also shall talk of thy righteousness all the day; for they shall be ashamed, for they shall be brought to confusion, that seek my hurt.
- Webster's Bible (WBS)
- My tongue also shall talk of thy righteousness all the day long: for they are confounded, for they are brought to shame, that seek my hurt.
- Young's Literal Translation (YLT)
- My tongue also all the day uttereth Thy righteousness, Because ashamed — because confounded, Have been those seeking my evil!
Read in context
- 22हे मेरे परमेश्वर, मैं भी तेरी सच्चाई को धन्यवाद सारंगी बजाकर गाऊंगा; हे इस्राएल के पवित्रा मैं वीणा बजाकर तेरा भजन गाऊंगा।
- 23जब मैं तेरा भजन गाऊंगा, तब अपने मुंह से और अपने प्राण से भी जो तू ने बचा लिया है, जयजयकार करूंगा।
- 24और मैं तेरे धर्म की चर्चा दिन भर करता रहूंगा; क्योंकि जो मेरी हानि के अभिलाषी थे, उनकी आशा टूट गई और मुंह काले हो गए हैं।।
Cross references
- Psalm 71:13 भजन संहिता 71:13जो मेरे प्राण के विरोधी हैं, उनकी आशा टूटे और उनका अन्त हो जाए; जो मेरी हानि के अभिलाषी हैं, वे नामधराई और अनादर में गड़ जाएं।
- 1 Corinthians 15:25 1 कुरिन्थियों 15:25क्योंकि जब तक कि वह अपने बैरियों को अपने पांवों तले न ले आए, तब तक उसका राज्य करना अवश्य है।
- Psalm 18:37–43 भजन संहिता 18:37–43मैं अपने शत्रुओं का पीछा करके उन्हें पकड़ लूंगा; और जब तब उनका अन्त न करूं तब तक न लौटूंगा। मैं उन्हें ऐसा बेधूंगा कि वे उठ न सकेंगे; वे मेरे पांवों के नीचे गिर पड़ेंगे। क्योंकि तू ने युद्ध के लिये मेरी कमर में शक्ति का पटुका बान्धा है; और मेरे विरोधियों को मेरे सम्मुख नीचा कर दिया। तू ने मेरे शत्रुओं की पीठ मेरी ओर फेर दी, ताकि मैं उनको काट डालूं जो मुझ से द्वेष रखते हैं। उन्हों ने दोहाई तो दी परन्तु उन्हें कोई भी बचानेवाला न मिला, उन्हों ने यहोवा की भी दोहाई दी, परन्तु उस ने भी उनको उत्तर न दिया। तब मैं ने उनको कूट कूटकर पवन से उड़ाई हुई धूलि के समान कर दिया; मैं ने उनको गली कूचों की कीचड़ के समान निकाल फेंका।। तू ने मुझे प्रजा के झगड़ों से भी छुड़ाया; तू ने मुझे अन्यजातियों का प्रधान बनाया है; जिन लोगों को मैं जानता भी न था वे मेरे अधीन हो गये।
- Psalm 35:28 भजन संहिता 35:28तब मेरे मुंह से तेरे धर्म की चर्चा होगी, और दिन भर तेरी स्तुति निकलेगी।।
- Psalm 92:11 भजन संहिता 92:11और मैं अपने द्रोहियों पर दृष्टि करके, और उन कुकर्मियों का हाल मेरे विरूद्ध उठे थे, सुनकर सन्तुष्ट हुआ हूं।।
- Proverbs 10:20–21 नीतिवचन 10:20–21धर्मी के वचन तो उत्तम चान्दी हैं; परन्तु दुष्टों का मन बहुत हलका होता है। धर्मी के वचनों से बहुतों का पालनपोषण होता है, परन्तु मूढ़ लोग निर्बुद्धि होने केस्रारण मर जाते हैं।
- Psalm 71:8 भजन संहिता 71:8मेरे मुंह से तेरे गुणानुवाद, और दिन भर तेरी शोभा का वर्णन बहुत हुआ करे।
- Deuteronomy 11:19 व्यवस्थाविवरण 11:19और तुम घर में बैठे, मार्ग पर चलते, लेटते- उठते इनकी चर्चा करके अपने लड़केबालों को सिखाया करना।
- Psalm 37:30 भजन संहिता 37:30धर्मी अपने मुंह से बुद्धि की बातें करता, और न्याय का वचन कहता है।
- Ephesians 4:29 इफिसियों 4:29कोई गन्दी बात तुम्हारे मुंह से न निकले, पर आवश्यकता के अनुसार वही जो उन्नति के लिये उत्तम हो, ताकि उस से सुननेवालों पर अनुग्रह हो।
- Matthew 12:35 मत्ती 12:35भला, मनुष्य मन के भले भण्डार से भली बातें निकालता है; और बुरा मनुष्य बुरे भण्डार से बुरी बातें निकालता है।
- Psalm 71:15 भजन संहिता 71:15मैं अपने मुंह से तेरे धर्म का, और तेरे किए हुए उद्धार का वर्णन दिन भर करता रहूंगा, परन्तु उनका पूरा ब्योरा जाना भी नहीं जाता।