Revelation · chapter 3 · verse 17
Revelation 3:17 in Hindi
तू जो कहता है, कि मैं धनी हूं, और धनवान हो गया हूं, और मुझे किसी वस्तु की घटी नहीं, और यह नहीं जानता, कि तू अभागा और तुच्छ और कंगाल और अन्धा, और नंगा है।
Too jo kahataa hai, ki maim dhanee hoom, aur dhanavaan ho gayaa hoom, aur mujhe kisee vastu kee ghatee naheem, aur yah naheem jaanataa, ki too abhaagaa aur tuchchh aur kangaal aur andhaa, aur nangaa hai.
Revelation 3:17 in English
- King James Version (KJV)
- Because thou sayest, I am rich, and increased with goods, and have need of nothing; and knowest not that thou art wretched, and miserable, and poor, and blind, and naked:
- World English Bible (WEB)
- Because you say, ‘I am rich, and have gotten riches, and have need of nothing,’ and don’t know that you are the wretched one, miserable, poor, blind, and naked;
- American Standard Version (ASV)
- Because thou sayest, I am rich, and have gotten riches, and have need of nothing; and knowest not that thou art the wretched one and miserable and poor and blind and naked:
- Bible in Basic English (BBE)
- For you say, I have wealth, and have got together goods and land, and have need of nothing; and you are not conscious of your sad and unhappy condition, that you are poor and blind and without clothing.
- Darby Translation (DBY)
- Because thou sayest, I am rich, and am grown rich, and have need of nothing, and knowest not that thou art the wretched and the miserable, and poor, and blind, and naked;
- Webster's Bible (WBS)
- Because thou sayest, I am rich, and increased with goods, and have need of nothing; and knowest not that thou art wretched, and miserable, and poor, and blind, and naked:
- Young's Literal Translation (YLT)
- because thou sayest — I am rich, and have grown rich, and have need of nothing, and hast not known that thou art the wretched, and miserable, and poor, and blind, and naked,
Read in context
- 15कि मैं तेरे कामों को जानता हूं कि तू न तो ठंडा है और न गर्म: भला होता कि तू ठंडा या गर्म होता।
- 16सो इसलिये कि तू गुनगुना है, और न ठंडा है और न गर्म, मैं तुझे अपने मुंह से उगलने पर हूं।
- 17तू जो कहता है, कि मैं धनी हूं, और धनवान हो गया हूं, और मुझे किसी वस्तु की घटी नहीं, और यह नहीं जानता, कि तू अभागा और तुच्छ और कंगाल और अन्धा, और नंगा है।
- 18इसी लिये मैं तुझे सम्मति देता हूं, कि आग में ताया हुआ सोना मुझ से मोल ले, कि धनी हो जाए; और श्वेत वस्त्रा ले ले कि पहिनकर तुझे अपने नंगेपन की लज्जा न हो; और अपनी आंखों में लगाने के लिये सुर्मा ले, कि तू देखने लगे।
- 19मैं जिन जिन से प्रीति रखता हूं, उन सब को उलाहना और ताड़ना देता हूं, इसलिये सरगर्म हो, और मन फिरा।
Cross references
- Proverbs 13:7 नीतिवचन 13:7कोई तो धन बटोरता, परन्तु उसके पास कुछ नहीं रहता, और कोई धन उड़ा देता, तौभी उसके पास बहुत रहता है।
- Romans 7:24 रोमियों 7:24मैं कैसा अभागा मनुष्य हूं! मुझे इस मृत्यु की देह से कौन छुड़ाएगा?
- Hosea 12:8 होशे 12:8एप्रैम कहता है, मैं धनी हो गया, मैं ने सम्पत्ति प्राप्त की है; मेरे किसी काम में ऐसा अधर्म नहीं पाया गया जिस से पाप लगे।
- Revelation 2:9 प्रकाशितवाक्य 2:9मैं तेरे क्लेश और दरिद्रता को जानता हूं; (परन्तु तू धनी है); और जो लोग अपने आप को यहूदी कहते हैं और हैं नहीं, पर शैतान की सभा हैं, उन की निन्दा को भी जानता हूं।
- Revelation 16:15 प्रकाशितवाक्य 16:15देख, मैं चोर की नाई आता हूं; धन्य वह है, जो जागता रहता है, और अपने वस्त्रा कि चौकसी करता है, कि नंगा न फिरे, और लोग उसका नंगापन न देखें।
- Luke 1:53 लूका 1:53उस ने भूखों को अच्छी वस्तुओं से तृप्त किया, और धनवानों को छूछे हाथ निकाल दिया।
- Deuteronomy 8:12–14 व्यवस्थाविवरण 8:12–14ऐसा न हो कि जब तू खाकर तृप्त हो, और अच्छे अच्छे घर बनाकर उन में रहने लगे, और तेरी गाय- बैलों और भेड़- बकरियों की बढ़ती हो, और तेरा सोना, चांदी, और तेरा सब प्रकार का धन बढ़ जाए, तब तेरे मन में अहंकार समा जाए, और तू अपने परमेश्वर यहोवा को भूल जाए, जो तुझ को दासत्व के घर अर्थात् मि देश से निकाल लाया है,
- Matthew 9:12 मत्ती 9:12उस ने यह सुनकर उन से कहा, वैद्य भले चंगों को नहीं परन्तु बीमारों को अवश्य है।
- John 9:40–41 यूहन्ना 9:40–41जो फरीसी उसके साथ थे, उन्हों ने ये बातें सुन कर उस से कहा, क्या हम भी अन्धे हैं? यीशु ने उन से कहा, यदि तुम अन्धे होते तो पापी न ठहरते परन्तु अब कहते हो, कि हम देखते हैं, इसलिये तुम्हारा पाप बना रहता है।।
- Genesis 3:7 उत्पत्ति 3:7तब उन दोनों की आंखे खुल गई, और उनको मालूम हुआ कि वे नंगे है; सो उन्हों ने अंजीर के पत्ते जोड़ जोड़ कर लंगोट बना लिये।
- 2 Peter 1:9 2 पतरस 1:9और जिस में ये बातें नहीं, वह अन्धा है, और धुन्धला देखता है, और अपने पूर्वकाली पापों से धुलकर शुद्ध होने को भूल बैठा है।
- Romans 12:3 रोमियों 12:3क्योंकि मैं उस अनुग्रह के कारण जो मुझ को मिला है, तुम में से हर एक से कहता हूं, कि जैसा समझना चाहिए, उस से बढ़कर कोई भी अपने आप को न समझे पर जैसा परमेश्वर ने हर एक को परिमाण के अनुसार बांट दिया है, वैसा ही सुबुद्धि के साथ अपने को समझे।