Romans · chapter 1 · verse 18
Romans 1:18 in Hindi
परमेश्वर का क्रोध तो उन लोगों की सब अभक्ति और अधर्म पर स्वर्ग से प्रगट होता है, जो सत्य को अधर्म से दबाए रखते हैं।
Parameshvar kaa krodh to un logom kee sab abhakti aur adharm par svarg se pragat hotaa hai, jo saty ko adharm se dabaae rakhate hain.
Romans 1:18 in English
- King James Version (KJV)
- For the wrath of God is revealed from heaven against all ungodliness and unrighteousness of men, who hold the truth in unrighteousness;
- World English Bible (WEB)
- For the wrath of God is revealed from heaven against all ungodliness and unrighteousness of men who suppress the truth in unrighteousness,
- American Standard Version (ASV)
- For the wrath of God is revealed from heaven against all ungodliness and unrighteousness of men, who hinder the truth in unrighteousness;
- Bible in Basic English (BBE)
- For there is a revelation of the wrath of God from heaven against all the wrongdoing and evil thoughts of men who keep down what is true by wrongdoing;
- Darby Translation (DBY)
- For there is revealed wrath of God from heaven upon all impiety, and unrighteousness of men holding the truth in unrighteousness.
- Webster's Bible (WBS)
- For the wrath of God is revealed from heaven against all ungodliness, and unrighteousness of men, who hold the truth in unrighteousness.
- Young's Literal Translation (YLT)
- for revealed is the wrath of God from heaven upon all impiety and unrighteousness of men, holding down the truth in unrighteousness.
Read in context
- 16क्योंकि मैं सुसमाचार से नहीं लजाता, इसलिये कि वह हर एक विश्वास करनेवाले के लिये, पहिले तो यहूदी, फिर यूनानी के लिये उद्धार के निमित्त परमेश्वर की सामर्थ है।
- 17क्योंकि उस में परमेश्वर की धार्मिकता विश्वास से और विश्वास के लिये प्रगट होती है; जैसा लिखा है, कि विश्वास से धर्मी जन जीवित रहेगा।।
- 18परमेश्वर का क्रोध तो उन लोगों की सब अभक्ति और अधर्म पर स्वर्ग से प्रगट होता है, जो सत्य को अधर्म से दबाए रखते हैं।
- 19इसलिये कि परमशॆवर के विषय में ज्ञान उन के मनों में प्रगट है, क्योंकि परमेश्वर ने उन पर प्रगट किया है।
- 20क्योंकि उसके अनदेखे गुण, अर्थात् उस की सनातन सामर्थ, और परमेश्वरत्व जगत की सृष्टि के समय से उसके कामों के द्वारा देखने में आते है, यहां तक कि वे निरूत्तर हैं।
Cross references
- Ephesians 5:6 इफिसियों 5:6कोई तुम्हें व्यर्थ बातों से धोखा न दे; क्योंकि इन ही कामों के कारण परमेश्वर का क्रोध आज्ञा ने माननेवालों पर भड़कता है।
- 1 Timothy 4:1–2 1 तीमुथियुस 4:1–2परन्तु आत्मा स्पष्टता से कहता है, कि आनेवाले समयों में कितने लोग भरमानेवाली आत्माओं, और दुष्टात्माओं की शिक्षाओं पर मन लगाकर विश्वास से बहक जाएंगे। यह उन झूठे मनुष्यों के कपट के कारण होगा, जिन का विवेक मानों जलते हुए लोहे से दागा गया है।
- Romans 1:32 रोमियों 1:32वे तो परमेश्वर की यह विधि जानते हैं, कि ऐसे ऐसे काम करनेवाले मुत्यु के दण्ड के योग्य हैं, तौभी न केवल आप ही ऐसे काम करते हैं, बरन करनेवालों से प्रसन्न भी होते हैं।।
- Colossians 3:6 कुलुस्सियों 3:6इन ही के कारण परमेश्वर का प्रकोप आज्ञा न माननेवालों पर पड़ता है।
- 2 Thessalonians 2:10 2 थिस्सलुनीकियों 2:10और नाश होनेवालों के लिये अधर्म के सब प्रकार के धोखे के साथ होगा; क्योंकि उन्होंने सत्य के प्रेम को ग्रहण नहीं किया जिस से उन का उद्धार होता।
- Romans 4:15 रोमियों 4:15व्यवस्था तो क्रोध उपजाती है और जहां व्यवस्था नहीं वहां उसका टालना भी नहीं।
- Romans 6:13 रोमियों 6:13और न अपने अंगो को अधर्म के हथियार होने के लिये पाप को सौंपो, पर अपने आप को मरे हुओं में से जी उठा हुआ जानकर परमशॆवर को सौंपो, और अपने अंगो को धर्म के हथियार होने के लिये परमेश्वर को सौंपो।
- Romans 5:9 रोमियों 5:9सो जब कि हम, अब उसके लोहूं के कारण धर्मी ठहरे, तो उसके द्वारा क्रोध से क्यों न बचेंगे?
- John 3:19–21 यूहन्ना 3:19–21और दंड की आज्ञा का कारण यह है कि ज्योति जगत में आई है, और मनुष्यों ने अन्धकार को ज्योति से अधिक प्रिय जाना क्योंकि उन के काम बुरे थे। क्योंकि जो कोई बुराई करता है, वह ज्योति से बैर रखता है, और ज्योति के निकट नहीं आता, ऐसा न हो कि उसके कामों पर दोष लगाया जाए। परन्तु जो सच्चाई पर चलता हैख् वह ज्योति के निकट आता है, ताकि उसके काम प्रगट हों, कि वह परमेश्वर की ओर से किए गए हैं।
- Romans 2:3 रोमियों 2:3और हे मनुष्य, तू जो ऐसे ऐसे काम करनेवालों पर दोष लगाता है, और आप वे ही काम करता है; क्या यह समझता है, कि तू परमेश्वर की दण्ड की आज्ञा से बच जाएगा?
- Romans 1:19 रोमियों 1:19इसलिये कि परमशॆवर के विषय में ज्ञान उन के मनों में प्रगट है, क्योंकि परमेश्वर ने उन पर प्रगट किया है।
- Romans 1:28 रोमियों 1:28और जब उन्हों ने परमेश्वर को पहिचानना न चाहा, इसलिये परमेश्वर ने भी उन्हें उन के निकम्मे मन पर छोड़ दिया; कि वे अनुचित काम करें।
Original words (Greek)
- For · G1063γάρ gár
- wrath · G3709ὀργή orgḗ
- God · G2316θεός theós
- revealed · G601ἀποκαλύπτω apokalýptō
- from · G575ἀπό apó
- heaven · G3772οὐρανός ouranós
- against · G1909ἐπί epí
- all · G3956πᾶς pâs
- ungodliness · G763ἀσέβεια asébeia
- and · G2532καί kaí
- unrighteousness · G93ἀδικία adikía
- men · G444ἄνθρωπος ánthrōpos
- who · G3588ὁ ho
- hold · G2722κατέχω katéchō
- truth · G225ἀλήθεια alḗtheia
- in · G1722ἐν en
- unrighteousness · G93ἀδικία adikía