Romans · chapter 1 · verse 32
Romans 1:32 in Hindi
वे तो परमेश्वर की यह विधि जानते हैं, कि ऐसे ऐसे काम करनेवाले मुत्यु के दण्ड के योग्य हैं, तौभी न केवल आप ही ऐसे काम करते हैं, बरन करनेवालों से प्रसन्न भी होते हैं।।
Ve to parameshvar kee yah vidhi jaanate haim, ki aise aise kaam karanevaale mutyu ke dand ke yogy haim, taubhee na keval aap hee aise kaam karate haim, baran karanevaalom se prasann bhee hote hain..
Romans 1:32 in English
- King James Version (KJV)
- Who knowing the judgment of God, that they which commit such things are worthy of death, not only do the same, but have pleasure in them that do them.
- World English Bible (WEB)
- who, knowing the ordinance of God, that those who practice such things are worthy of death, not only do the same, but also approve of those who practice them.
- American Standard Version (ASV)
- who, knowing the ordinance of God, that they that practise such things are worthy of death, not only do the same, but also consent with them that practise them.
- Bible in Basic English (BBE)
- Who, though they have knowledge of the law of God, that the fate of those who do these things is death, not only go on doing these things themselves, but give approval to those who do them.
- Darby Translation (DBY)
- who knowing the righteous judgment of God, that they who do such things are worthy of death, not only practise them, but have fellow delight in those who do [them].
- Webster's Bible (WBS)
- Who, knowing the judgment of God, that they who commit such things are worthy of death; not only do the same, but have pleasure in them that do them.
- Young's Literal Translation (YLT)
- who the righteous judgment of God having known — that those practising such things are worthy of death — not only do them, but also have delight with those practising them.
Read in context
- 30बदनाम करनेवाले, परमेश्वर के देखने में घृणित, औरों का अनादर करनेवाले, अभिमानी, डींगमार, बुरी बुरी बातों के बनानेवाले, माता पिता की आज्ञा न माननेवाले।
- 31निर्बुद्धि, विश्वासघाती, मयारहित और निर्दय हो गए।
- 32वे तो परमेश्वर की यह विधि जानते हैं, कि ऐसे ऐसे काम करनेवाले मुत्यु के दण्ड के योग्य हैं, तौभी न केवल आप ही ऐसे काम करते हैं, बरन करनेवालों से प्रसन्न भी होते हैं।।
Cross references
- Romans 2:1–5 रोमियों 2:1–5सो हे दोष लगानेवाले, तू कोई क्यों न हो; तू निरूत्तर है! क्योंकि जिस बात में तू दूसरे पर दोष लगाता है, उसी बात में अपने आप को भी दोषी ठहराता है, इसलिये कि तू जो दोष लगाता है, आप ही वही काम करता है। और हम जातने हैं, कि ऐसे ऐसे काम करनेवालों पर परमेश्वर की ओर से ठीक ठीक दण्ड की आज्ञा होती है। और हे मनुष्य, तू जो ऐसे ऐसे काम करनेवालों पर दोष लगाता है, और आप वे ही काम करता है; क्या यह समझता है, कि तू परमेश्वर की दण्ड की आज्ञा से बच जाएगा? क्या तू उस की कृपा, और सहनशीलता, और धीरजरूपी धन को तुच्छ जानता है? और कया यह नहीं समझता, कि परमेश्वर की कृपा तुझे मन फिराव को सिखाती है? पर अपनी कठोरता और हठीले मन के अनुसार उसके क्रोध के दिन के लिये, जिस में परमेश्वर का सच्चा न्याय प्रगट होगा, अपने निमित्त क्रोध कमा रहा है।
- Romans 1:21 रोमियों 1:21इस कारण कि परमेश्वर को जानने पर भी उन्हों ने परमेश्वर के योग्य बड़ाई और धन्यवाद न किया, परन्तु व्यर्थ विचार करने लगे, यहां तक कि उन का निर्बुद्धि मन अन्धेरा हो गया।
- Romans 6:21 रोमियों 6:21सो जिन बातों से अब तुम लज्जित होते हो, उन से उस समय तुम क्या फल पाते थे?
- Psalm 50:18 भजन संहिता 50:18जब तू ने चोर को देखा, तब उसकी संगति से प्रसन्न हुआ; और परस्त्रीगामियों के साथ भागी हुआ।।
- Romans 1:18 रोमियों 1:18परमेश्वर का क्रोध तो उन लोगों की सब अभक्ति और अधर्म पर स्वर्ग से प्रगट होता है, जो सत्य को अधर्म से दबाए रखते हैं।
- Romans 2:21–23 रोमियों 2:21–23सो क्या तू जो औरों को सिखाता है, अपने आप को नहीं सिखाता? क्या तू चोरी न करने का उपदेश देता है, आप ही चोरी करता है? तू जो कहता है, व्यभिचार न करना, क्या आप ही व्यभिचार करता है? तू जो मूरतों से घृणा करता है, क्या आप ही मन्दिरों को लूटता है। तू जो व्यवस्था के विषय में घमण्ड करता है, क्या व्यवस्था न मानकर, परमेश्वर का अनादर करता है?
- Luke 11:48 लूका 11:48सो तुम गवाह हो, और अपने बाप- दादों के कामों में सम्मत हो; क्योंकि उन्हों ने तो उन्हें मार डाला और तुम उन की कब्रें बनाते हो।
- Acts 22:20 प्रेरितों के काम 22:20और जब तेरे गवाह स्तिफनुस का लोहू बहाया जा रहा था तब मैं भी वहां खड़ा था, और इस बात में सहमत था, और उसके घातकों के कपड़ों की रखवाली करता था।
- Mark 14:10–11 मरकुस 14:10–11तब यहूदा इसकरियोती जो बारह में से एक था, महायाजकों के पास गया, कि उसे उन के हाथ पकड़वा दे। वे यह सुनकर आनन्दित हुए, और उस को रूपये देना स्वीकार किया, और यह अवसर ढूंढ़ने लगा कि उसे किसी प्रकार पकड़वा दे।।
- Hosea 7:3 होशे 7:3वे राजा को बुराई करने से, और हाकिमों को झूठ बोलने से आनन्दित करते हैं।
- Acts 8:1 प्रेरितों के काम 8:1उसी दिन यरूशलेम की कलीसिया पर बड़ा उपद्रव होने लगा और प्रेरितों को छोड़ सब के सब यहूदिया और सामरिया देशों में तित्तर बित्तर हो गए।
Original words (Greek)
- Who · G3748ὅστις hóstis
- knowing · G1921ἐπιγινώσκω epiginṓskō
- judgment · G1345δικαίωμα dikaíōma
- God · G2316θεός theós
- that · G3754ὅτι hóti
- which · G3588ὁ ho
- commit · G4238πράσσω prássō
- things · G5108τοιοῦτος toioûtos
- are · G1526εἰσί eisí
- worthy · G514ἄξιος áxios
- death · G2288θάνατος thánatos
- not · G3756οὐ ou
- only · G3440μόνον mónon
- do · G4160ποιέω poiéō
- same · G846αὐτός autós
- but · G235ἀλλά allá
- in · G4909συνευδοκέω syneudokéō
- that · G3588ὁ ho
- them · G4238πράσσω prássō