Romans · chapter 8 · verse 22
Romans 8:22 in Hindi
क्योंकि हम जानते हैं, कि सारी सृष्टि अब तक मिलकर कहरती और पीड़ाओं में पड़ी तड़पती है।
Kyonki ham jaanate haim, ki saaree srushti ab tak milakar kaharatee aur peedaaom mem padee tadapatee hai.
Romans 8:22 in English
- King James Version (KJV)
- For we know that the whole creation groaneth and travaileth in pain together until now.
- World English Bible (WEB)
- For we know that the whole creation groans and travails in pain together until now.
- American Standard Version (ASV)
- For we know that the whole creation groaneth and travaileth in pain together until now.
- Bible in Basic English (BBE)
- For we are conscious that all living things are weeping and sorrowing in pain together till now.
- Darby Translation (DBY)
- For we know that the whole creation groans together and travails in pain together until now.
- Webster's Bible (WBS)
- For we know that the whole creation groaneth, and travaileth in pain together until now:
- Young's Literal Translation (YLT)
- for we have known that all the creation doth groan together, and doth travail in pain together till now.
Read in context
- 20क्योंकि सृष्टि अपनी इच्छा से नहीं पर आधीन करनेवाले की ओर से व्यर्थता के आधीन इस आशा से की गई।
- 21कि सृष्टि भी आप ही विनाश के दासत्व से छुटकारा पाकर, परमेश्वर की सन्तानों की महिमा की स्वतंत्राता प्राप्त करेगी।
- 22क्योंकि हम जानते हैं, कि सारी सृष्टि अब तक मिलकर कहरती और पीड़ाओं में पड़ी तड़पती है।
- 23और केवल वही नहीं पर हम भी जिन के पास आत्मा का पहिला फल है, आप ही अपने में कहरते हैं; और लेपालक होने की, अर्थात् अपनी देह के छुटकारे की बाट जोहते हैं।
- 24आशा के द्वारा तो हमारा उद्धार हुआ है परन्तु जिस वस्तु की आशा की जाती है जब वह देखने में आए, तो फिर आशा कहां रही? क्योकि जिस वस्तु को कोई देख रहा है उस की आशा क्या करेगा?
Cross references
- Jeremiah 12:4 यिर्मयाह 12:4कब तक देश विलाप करता रहेगा, और सारे मैदान की घास सूखी रहेगी? देश के निवासियों की बुराई के कारण पशु- पक्षी सब नाश हो गए हैं, क्योंकि उन लोगों ने कहा, वह हमारे अन्त को न देखेगा।
- Jeremiah 12:11 यिर्मयाह 12:11उन्हों ने उसको उजाड़ दिया; वह उजड़कर मेरे साम्हने विलाप कर रहा है। सारा देश उजड़ गया है, तौभी कोई नहीं सोचता।
- John 16:21 यूहन्ना 16:21जब स्त्री जनने लगती है तो उस को शोक होता है, क्योंकि उस की दु:ख की घड़ी आ पहुंची, परन्तु जब वह बालक जन्म चुकी तो इस आनन्द से कि जगत में एक मनुष्य उत्पन्न हुआ, उस संकट को फिर स्मरण नहीं करती।
- Romans 8:20 रोमियों 8:20क्योंकि सृष्टि अपनी इच्छा से नहीं पर आधीन करनेवाले की ओर से व्यर्थता के आधीन इस आशा से की गई।
- Colossians 1:23 कुलुस्सियों 1:23यदि तुम विश्वास की नेव पर दृढ़ बने रहो, और उस सुसमाचार की आशा को जिसे तुम ने सुना है न छोड़ो, जिस का प्रचार आकाश के नीचे की सारी सृष्टि में किया गया; और जिस का मैं पौलुस सेवक बना।।
- Mark 16:15 मरकुस 16:15और उस ने उन से कहा, तुम सारे जगत में जाकर सारी सृष्टि के लोगों को सुसमाचार प्रचार करो।