Titus · chapter 2 · verse 12
Titus 2:12 in Hindi
और हमें चिताता है, कि हम अभक्ति और सांसारिक अभिलाषाओं से मन फेरकर इस युग में संयम और धर्म और भक्ति से जीवन बिताएं।
Aur hamem chitaataa hai, ki ham abhakti aur saansaarik abhilaashaaom se man pherakar is yug mem sanyam aur dharm aur bhakti se jeevan bitaaen.
Titus 2:12 in English
- King James Version (KJV)
- Teaching us that, denying ungodliness and worldly lusts, we should live soberly, righteously, and godly, in this present world;
- World English Bible (WEB)
- instructing us to the intent that, denying ungodliness and worldly lusts, we would live soberly, righteously, and godly in this present age;
- American Standard Version (ASV)
- instructing us, to the intent that, denying ungodliness and worldly lusts, we should live soberly and righteously and godly in this present world;
- Bible in Basic English (BBE)
- Training us so that, turning away from evil and the desires of this world, we may be living wisely and uprightly in the knowledge of God in this present life;
- Darby Translation (DBY)
- teaching us that, having denied impiety and worldly lusts, we should live soberly, and justly, and piously in the present course of things,
- Webster's Bible (WBS)
- Teaching us, that denying ungodliness, and worldly lusts, we should live soberly, righteously, and piously, in this present world;
- Young's Literal Translation (YLT)
- teaching us, that denying the impiety and the worldly desires, soberly and righteously and piously we may live in the present age,
Read in context
- 10चोरी चालाकी न करें; पर सब प्रकार से पूरे विश्वासी निकलें, कि वे सब बातों में हमारे उद्धारकर्ता परमेश्वर के उपदेश की शोभा दें।
- 11क्योंकि परमेश्वर का अनुग्रह प्रगट है, जो सब मनुष्यों के उद्धार का कारण है।
- 12और हमें चिताता है, कि हम अभक्ति और सांसारिक अभिलाषाओं से मन फेरकर इस युग में संयम और धर्म और भक्ति से जीवन बिताएं।
- 13और उस धन्य आशा की अर्थात् अपने महान परमेश्वर और उद्धारकर्ता यीशु मसीह की महिमा के प्रगट होने की बाट जोहते रहें।
- 14जिस ने अपने आप को हमारे लिये दे दिया, कि हमें हर प्रकार के अधर्म से छुड़ा ले, और शुद्ध करके अपने लिये एक ऐसी जाति बना ले जो भले भले कामों में सरगर्म हो।।
Cross references
- Ezekiel 36:27 यहेजकेल 36:27और मैं अपना आत्मा तुम्हारे भीतर देकर ऐसा करूंगा कि तुम मेरी विधियों पर चलोगे और मेरे नियमों को मानकर उनके अनुसार करोगे।
- Matthew 16:24 मत्ती 16:24तब यीशु ने अपने चेलों से कहा; यदि कोई मेरे पीछे आना चाहे, तो अपने आप का इन्कार करे और अपना क्रूस उठाए, और मेरे पीछे हो ले।
- Romans 6:19 रोमियों 6:19मैं तुम्हारी शारीरिक दुर्बलता के कारण मनुष्यों की रीति पर कहता हूं, जैसे तुम ने अपने अंगो को कुकर्म के लिये अशुद्धता और कुकर्म के दास करके सौंपा था, वैसे ही अब अपने अंगों को पवित्राता के लिये धर्म के दास करके सौंप दो।
- Psalm 4:3 भजन संहिता 4:3यह जान रखो कि यहोवा ने भक्त को अपने लिये अलग कर रखा है; जब मैं यहोवा को पुकारूंगा तब वह सुन लेगा।।
- 2 Peter 2:9 2 पतरस 2:9तो प्रभु के भक्तों को परीक्षा में से निकाल लेना और अधर्मियों को न्याय के दिन तक दण्ड की दशा में रखना भी जानता है।
- Ephesians 4:22–25 इफिसियों 4:22–25कि तुम अगले चालचलन के पुराने मनुष्यत्व को जो भरमानेवाली अभिलाषाओं के अनुसार भ्रष्ट होता जाता है, उतार डालो। और अपने मन के आत्मिक स्वभाव में नये बनते जाओ। और नये मनुष्यत्व को पहिन लो, जो परमेश्वर के अनुसार सत्य की धार्मिकता, और पवित्राता में सृजा गया है।। इस कारण झूठ बोलना छोड़कर हर एक अपने पड़ोसी से सच बोले, क्योंकि हम आपस में एक दूसरे के अंग हैं।
- 1 John 2:6 1 यूहन्ना 2:6सो कोई यह कहता है, कि मैं उस में बना रहता हूं, उसे चाहिए कि आप भी वैसा ही चले जैसा वह चलता था।
- 2 Peter 1:4–8 2 पतरस 1:4–8जिन के द्वारा उस ने हमें बहुमूल्य और बहुत ही बड़ी प्रतिज्ञाएं दी हैं: ताकि इन के द्वारा तुम उस सड़ाहट से छूटकर जो संसार में बुरी अभिलाषाओं से होती है, ईश्वरीय स्वभाव के समभागी हो जाओ। और इसी कारण तुम सब प्रकार का यत्न करके, अपने विश्वास पर सद्गुण, और सद्गुण पर समझ। और समझ पर संयम, और संयम पर धीरज, और धीरज पर भक्ति। और भक्ति पर भाईचारे की प्रीति, और भाईचारे की प्रीति पर प्रेम बढ़ाते जाओ। क्योंकि यदि ये बातें तुम में वर्तमान रहें, और बढ़ती जाएं, तो तुम्हें हमारे प्रभु यीशु मसीह के पहचानने में निकम्मे और निष्फल न होने देंगी।
- Luke 1:75 लूका 1:75उसके साम्हने पवित्राता और धार्मिकता से जीवन भर निडर रहकर उस की सेवा करते रहें।
- Isaiah 55:6–7 यशायाह 55:6–7जब जब यहोवा मिल सकता है तब तक उसकी खोज में रहो, जब तक वह निकट है तब तक उसे पुकारो; दुष्ट अपनी चालचलन और अनर्थकारी अपने सोच विचार छोड़कर यहोवा ही की ओर फिरे, वह उस पर दया करेगा, वह हमारे परमेश्वर की ओर फिरे और वह पूरी रीति से उसको क्षमा करेगा।
- 2 Timothy 3:12 2 तीमुथियुस 3:12पर जितने मसीह यीशु में भक्ति के साथ जीवन बिताना चाहते हैं वे सब सताए जाएंगे।
- Revelation 14:12 प्रकाशितवाक्य 14:12पवित्रा लोगों का धीरज इसी में है, जो परमेश्वर की आज्ञाओं को मानते, और यीशु पर विश्वास रखते हैं।।
Original words (Greek)
- Teaching · G3811παιδεύω paideúō
- us · G2248ἡμᾶς hēmâs
- that · G2443ἵνα hína
- denying · G720ἀρνέομαι arnéomai
- ungodliness · G763ἀσέβεια asébeia
- and · G2532καί kaí
- worldly · G2886κοσμικός kosmikós
- lusts · G1939ἐπιθυμία epithymía
- live · G2198ζάω záō
- soberly · G4996σωφρόνως sōphrónōs
- righteously · G1346δικαίως dikaíōs
- and · G2532καί kaí
- godly · G2153εὐσεβῶς eusebōs
- in · G1722ἐν en
- this · G3588ὁ ho
- present · G3568νῦν nŷn
- world · G165αἰών aiṓn