Zechariah · chapter 1 · verse 17
Zechariah 1:17 in Hindi
फिर यह भी पुकारकर कह कि सेनाओं का यहोवा यों कहता है, मेरे नगर फिर उत्तम वस्तुओं से भर जाएंगे, और यहोवा फिर सिरयोन को शान्ति देगा; और यरूशलेम को फिर अपना ठहराएगा।।
Phir yah bhee pukaarakar kah ki senaaom kaa yahovaa yom kahataa hai, mere nagar phir uttam vastuom se bhar jaaenge, aur yahovaa phir sirayon ko shaanti degaa; aur yarooshalem ko phir apanaa thaharaaegaa..
Zechariah 1:17 in English
- King James Version (KJV)
- Cry yet, saying, Thus saith the LORD of hosts; My cities through prosperity shall yet be spread abroad; and the LORD shall yet comfort Zion, and shall yet choose Jerusalem.
- World English Bible (WEB)
- “Proclaim further, saying, ‘The LORD of Armies says: “My cities will again overflow with prosperity, and the LORD will again comfort Zion, and will again choose Jerusalem.”’”
- American Standard Version (ASV)
- Cry yet again, saying, Thus saith Jehovah of hosts: My cities shall yet overflow with prosperity; and Jehovah shall yet comfort Zion, and shall yet choose Jerusalem.
- Bible in Basic English (BBE)
- And again let your voice be loud and say, This is what the Lord of armies has said: My towns will again be overflowing with good things, and again the Lord will give comfort to Zion and take Jerusalem for himself.
- Darby Translation (DBY)
- Cry further, saying, Thus saith Jehovah of hosts: My cities shall yet overflow with prosperity, and Jehovah shall yet comfort Zion, and shall yet choose Jerusalem.
- Webster's Bible (WBS)
- Cry yet, saying, Thus saith the LORD of hosts; My cities through prosperity shall yet be spread abroad; and the LORD shall yet comfort Zion, and shall yet choose Jerusalem.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Again call, saying: Thus said Jehovah of Hosts, Again do my cities overflow from good, And Jehovah hath again comforted Zion, And He hath fixed again on Jerusalem.'
Read in context
- 15और जो जातियां सुख से रहती हैं, उन से मैं क्रोधित हूं; क्योंकि मैं ने तो थोड़ा से क्रोध किया था, परन्तु उन्हों ने विपत्ति को बढ़ा दिया।
- 16इस कारण यहोवा यों कहता है, अब मैं दया करके यरूशलेम को लौट आया हूं; मेरा भवन उस में बनेगा, और यरूशलेम पर नापने की डोरी डाली जाएगी, सेनाओं के यहोवा की यही वाणी है।
- 17फिर यह भी पुकारकर कह कि सेनाओं का यहोवा यों कहता है, मेरे नगर फिर उत्तम वस्तुओं से भर जाएंगे, और यहोवा फिर सिरयोन को शान्ति देगा; और यरूशलेम को फिर अपना ठहराएगा।।
- 18फिर मैं ने जो आंखें उठाई, तो क्या देखा कि चार सींग हैं।
- 19तब जो दूत मुझ से बातें करता था, उस से मैं ने पूछा, ये क्या हैं? उस ने मुझ से कहा, ये वे ही सींग हैं, जिन्हों ने यहूदा और इस्राएल और यरूशलेम को तितर- बितर किया है।
Cross references
- Isaiah 51:3 यशायाह 51:3यहोवा ने सिरयोन को शान्ति दी है, उस ने उसके सब खण्डहरों को शान्ति दी है; वह उसके जंगल को अदन के समान और उसक निर्जल देश को यहोवा की बाटिका के समान बनाएगा; उस में हर्ष और आनन्द और धन्यवाद और भजन गाने का शब्द सुनाई पड़ेगा।।
- Zechariah 2:12 जकर्याह 2:12और तू जानेगी कि सेनाओं के यहोवा ने मुझे तेरे पास भेज दिया है। और यहोवा यहूदा को पवित्रा देश में अपना भाग कर लेगा, और यरूशलेम को फिर अपना ठहराएगा।।
- 2 Chronicles 6:6 2 इतिहास 6:6परन्तु मैं ने यरूशलेम को इसलिये चुना है, कि मेरा नाम वहां हो, और दाऊद को चुन लिया है कि वह मेरी प्रजा इस्राएल पर प्रधान हो।
- Isaiah 14:1 यशायाह 14:1यहोवा याकूब पर दया करेगा, और इस्राएल को फिर अपनाकर, उन्हीं के देश में बसाएगा, और परदेशी उन से मिल जाएंगे और अपने अपने को याकूब के घराने से मिला लेंगे।
- Jeremiah 32:43–44 यिर्मयाह 32:43–44कि यह उजाड़ हो गया है, इस में न तो मनुष्य रह गए हैं और न पशु, यह तो कसदियों के वश में पड़ चुका है, इसी में फिर से खेत मोल लिए जाएंगे, और बिन्यामीन के देश में, यरूशलेम के आस पास, और यहूदा देश के अर्थात पहाड़ी देश, नीचे के देश और दक्खिन देश के नगरों में लोग गवाह बुला कर खेत मोल लेंगे, और दस्तावेज़ में दस्तखत और मुहर करेंगे; क्योंकि मैं उनके दिनों को लौटा ले आऊंगा; यहोवा की यही वाणी है।
- Isaiah 54:8 यशायाह 54:8क्रोध के झकोरे में आकर मैं ने पल भर के लिये तुझ से मुंह छिपाया था, परन्तु अब अनन्त करूणा से मैं तुझ पर दया करूंगा, तेरे छुड़ाने वाले यहोवा का यही वचन है।
- Psalm 69:35 भजन संहिता 69:35क्योंकि परमेश्वर सिरयोन का उद्धार करेगा, और यहूदा के नगरों को फिर बसाएगा; और लोग फिर वहां बसकर उसके अधिकारी हो जाएंगे।
- Isaiah 61:4–6 यशायाह 61:4–6तब वे बहुत काल के उजड़े हुए स्थानों को फिर बसाएंगे, पूर्वकाल से पड़े हुए खण्डहरों में वे फिर घर बनाएंगे; उजड़े हुए नगरों को जो पीढ़ी पीढ़ी में उजड़े हुए हों वे फिर नये सिरे से बसाएंगे।। परदेशी आ खड़े होंगे और तुम्हारी भेड़- बकरियों को चराएंगे और विदेशी लोग तुम्हारे चरवाहे और दाख की बारी के माली होंगे; पर तुम यहोवा के याजक कहलाओगे, वे तुम को हमरो परमेश्वर के सेवक कहेंगे; और तुम अन्यजातियों की धन- सम्पत्ति को खाओगे, उनके विभव की वस्तुएं पाकर तुम बड़ाई करोगे।
- Zephaniah 3:15–17 सपन्याह 3:15–17यहोवा ने तेरा दण्ड दूर कर दिया और तेरा शत्रु भी दूर किया गया है। इस्राएल का राजा यहोवा तेरे बीच में है, इसलिये तू फिर विपत्ति न भोगेगी। उस समय यरूशलेम से यह कहा जाएगा, हे सिरयोन मत डर, तेरे हाथ ढीले न पड़ने पाएं। तेरा परमेश्वर यहोवा तेरे बीच में है, वह उद्धार करने में पराक्रमी है; वह तेरे कारण आनन्द से मगन होगा, वह अपने प्रेम के मारे चुपका रहेगा; फिर ऊंचे स्वर से गाता हुआ तेरे कारण मगन होगा।।
- Isaiah 44:26 यशायाह 44:26और अपने दास के वचन को पूरा करता और अपने दूतों की युक्ति को सुफल करता हूं; जो यरूशलेम के विषय कहता है, वह फिर बसाई जाएगी और यहूदा के नगरों के विषय, वे फिर बनाए जाएंगे और मैं उनके खण्डहरों को सुधारूंगा;
- Isaiah 66:13 यशायाह 66:13जिस प्रकार माता अपने पुत्र को शान्ति देती है, वैस ही मैं भी तुम्हें शान्ति दुंगा; तुम को यरूशलेम ही में शान्ति मिलेगी।
- Ezekiel 36:10–11 यहेजकेल 36:10–11और मैं तुम पर बहुत मनुष्य अर्थात् इस्राएल के सारे घराने को बसाऊंगा; और नगर फिर बसाए और खण्डहर फिर बनाएं जाएंगे। और मैं तुम पर मनुष्य और पशु दोनों को बहुत बढ़ाऊंगा; और वे बढ़ेंगे और फूलें- फलेंगे; और मैं तुम को प्राचीनकाल की नाई बसाऊंगा, और पहिले से अधिक तुम्हारी भलाई करूंगा। तब तुम जान लोगे कि मैं यहोवा हूँ।