1 Timothy · chapter 4 · verse 10
1 Timothy 4:10 in Hindi
क्योंकि हम परिश्रम और यत्न इसी लिये करते हैं, कि हमारी आशा उस जीवते परमेश्वर पर है; जो सब मनुष्यों का, और निज करके विश्वासियों का उद्धारकर्ता है।
Kyonki ham parishram aur yatn isee liye karate haim, ki hamaaree aashaa us jeevate parameshvar par hai; jo sab manushyom kaa, aur nij karake vishvaasiyom kaa uddhaarakartaa hai.
1 Timothy 4:10 in English
- King James Version (KJV)
- For therefore we both labour and suffer reproach, because we trust in the living God, who is the Saviour of all men, specially of those that believe.
- World English Bible (WEB)
- For to this end we both labor and suffer reproach, because we have set our trust in the living God, who is the Savior of all men, especially of those who believe.
- American Standard Version (ASV)
- For to this end we labor and strive, because we have our hope set on the living God, who is the Saviour of all men, specially of them that believe.
- Bible in Basic English (BBE)
- And this is the purpose of all our work and our fighting, because our hope is in the living God, who is the Saviour of all men, and specially of those who have faith.
- Darby Translation (DBY)
- for, for this we labour and suffer reproach, because we hope in a living God, who is preserver of all men, specially of those that believe.
- Webster's Bible (WBS)
- For therefore we both labor and suffer reproach, because we trust in the living God who is the Savior of all men, especially of those that believe.
- Young's Literal Translation (YLT)
- for for this we both labour and are reproached, because we hope on the living God, who is Saviour of all men — especially of those believing.
Read in context
- 8क्योंकि देह ही साधना से कम लाभ होता है, पर भक्ति सब बातों के लिये लाभदायक है, क्योंकि इस समय के और आनेवाले जीवन की भी प्रतिज्ञा इसी के लिये है।
- 9और यह बात सच और हर प्रकार से मानने के योग्य है।
- 10क्योंकि हम परिश्रम और यत्न इसी लिये करते हैं, कि हमारी आशा उस जीवते परमेश्वर पर है; जो सब मनुष्यों का, और निज करके विश्वासियों का उद्धारकर्ता है।
- 11इन बातों की आज्ञा कर, और सिखाता रह।
- 12कोई तेरी जवानी को तुच्छ न समझने पाए; पर वचन, और चाल चलन, और प्रेम, और विश्वास, और पवित्राता में विश्वासियों के लिये आदर्श बन जा।
Cross references
- 1 Timothy 2:4 1 तीमुथियुस 2:4वह यह चाहता है, कि सब मनुष्यों का उद्धार हो; और वे सत्य को भली भांति पहिचान लें।
- 1 John 2:2 1 यूहन्ना 2:2और वही हमारे पापों का प्रायश्चित्त है: और केवल हमारे ही नहीं, बरन सारे जगत के पापों का भी।
- John 1:29 यूहन्ना 1:29दूसरे दिन उस ने यीशु को अपनी ओर आते देखकर कहा, देखो, यह परमेश्वर का मेम्ना है, जो जगत के पाप उठा ले जाता है।
- 1 Timothy 2:6 1 तीमुथियुस 2:6जिस ने अपने आप को सब के छुटकारे के दाम में दे दिया; ताकि उस की गवाही ठीक समयों पर दी जाए।
- 1 John 4:14 1 यूहन्ना 4:14और हम ने देख भी लिया और गवाही देते हैं, कि पिता ने पुत्रा को जगत का उद्धारकर्ता करके भेजा है।
- John 4:42 यूहन्ना 4:42और उस स्त्री से कहा, अब हम तेरे कहने की से विश्वास नहीं करते; क्योंकि हम ने आप ही सुन लिया, और जानते हैं कि यही सचमुच में जगत का उद्धारकर्ता है।।
- John 3:15–17 यूहन्ना 3:15–17ताकि जो कोई विश्वास करे उस में अनन्त जीवन पाए।। क्योंकि परमेश्वर ने जगत से ऐसा प्रेम रखा कि उस ने अपना एकलौता पुत्रा दे दिया, ताकि जो कोई उस पर विश्वास करे, वह नाश न हो, परन्तु अनन्त जीवन पाए। परमेश्वर ने अपने पुत्रा को जगत में इसलिये नहीं भेजा, कि जगत पर दंड की आज्ञा दे परन्तु इसलिये कि जगत उसके द्वारा उद्धार पाए।
- Romans 15:12–13 रोमियों 15:12–13और फिर यशायाह कहता है, कि यिशै की एक जड़ प्रगट होगी, और अन्यजातियों का हाकिम होने के लिये एक उठेगा, उस पर अन्यजातियां आशा रखेंगी। सो परमेश्वर जो आशा का दाता है तुम्हें विश्वास करने में सब प्रकार के आनन्द और शान्ति से परिपूर्ण करे, कि पवित्राआत्मा की सामर्थ से तुम्हारी आशा बढ़ती जाए।।
- 1 John 5:10–13 1 यूहन्ना 5:10–13जो परमेश्वर के पुत्रा पर विश्वास करता है, वह अपने ही में गवाही रखता है; जिस ने परमेश्वर को प्रतीति नहीं की, उस ने उसे झूठा ठहराया; क्योंकि उस ने उस गवाही पर विश्वास नहीं किया, जो परमेश्वर ने अपने पुत्रा के विषय में दी है। और वह गवाही यह है, कि परमेश्वर ने हमें अनन्त जीवन दिया है: और यह जीवन उसके पुत्रा में है। जिस के पास पुत्रा है, उसके पास जीवन है; और जिस के पास परमेश्वर का पुत्रा नहीं, उसके पास जीवन भी नहीं है।। मैं ने तुम्हें, जो परमेश्वर के पुत्रा के नाम पर विश्वास करते हो, इसलिये लिखा है; कि तुम जानो, कि अनन्त जीवन तुम्हारा है।
- Psalm 84:12 भजन संहिता 84:12हे सेनाओं के यहोवा, क्या ही धन्य वह मनुष्य है, जो तुझ पर भरोसा रखता है!
- Psalm 107:6–43 भजन संहिता 107:6–43तब उन्हों ने संकट में यहोवा की दोहाई दी, और उस ने उनको सकेती से छुड़ाया; और उनको ठीक मार्ग पर चलाया, ताकि वे बसने के लिये किसी नगर को जा पहुंचे। लोग यहोवा की करूणा के कारण, और उन आश्चर्यकर्मों के कारण, जो वह मनुष्यों के लिये करता है, उसका धन्यवाद करें! क्योंकि वह अभिलाषी जीव को सन्तुष्ट करता है, और भूखे को उत्तम पदार्थों से तृप्त करता है।। जो अन्धियारे और मृत्यु की छाया में बैठे, और दु:ख में पड़े और बेड़ियों से जकड़े हुए थे, इसलिये कि वे ईश्वर के वचनों के विरूद्ध चले, और परमप्रधान की सम्मति को तुच्छ जाना। तब उसने उनको कष्ट के द्वारा दबाया; वे ठोकर खाकर गिर पड़े, और उनको कोई सहायक न मिला। तब उन्हों ने संकट में यहोवा की दोहाई दी, और उस न सकेती से उनका उद्धार किया; उस ने उनको अन्धियारे और मृत्यु की छाया में से निकाल लिया; और उनके बन्धनों को तोड़ डाला। लोग यहोवा की करूणा के कारण, और उन आश्चर्यकर्मों के कारण जो वह मनुष्यों के लिये करता है, उसका धन्यवाद करें! क्योंकि उस ने पीतल के फाटकों को तोड़ा, और लोहे के बेण्डों को टुकड़े टुकड़े किया।। मूढ़ अपनी कुचाल, और अधर्म के कामों के कारण अति दु:खित होते हैं। उनका जी सब भांति के भोजन से मिचलाता है, और वे मृत्यु के फाटक तक पहुंचते हैं। तब वे संकट में यहोवा की दोहाई देते हैं, और व सकेती से उनका उद्धार करता है; वह अपने वचन के द्वारा उनको चंगा करता और जिस गड़हे में वे पड़े हैं, उस से निकालता है। लोग यहोवा की करूणा के कारण और उन आश्चर्यकर्मों के कारण जो वह मनुष्यों के लिये करता है, उसका धन्यवाद करें! और वे धन्यवादबलि चढ़ाएं, और जयजयकार करते हुए, उसके कामों का वर्णन करें।। जो लोग जहाजों में समुद्र पर चलते हैं, और महासागर पर होकर व्योपार करते हैं; वे यहोवा के कामों को, और उन आश्चर्यकर्मों को जो वह गहिरे समुद्र में करता है, देखते हैं। क्योंकि वह आज्ञा देता है, वह प्रचण्ड बयार उठकर तरंगों को उठाती है। वे आकाश तक चढ़ जाते, फिर गहराई में उतर आते हैं; और क्लेश के मारे उनके जी में जी नहीं रहता; वे चक्कर खाते, और मतवाले की नाई लड़खड़ाते हैं, और उनकी सारी बुद्धि मारी जाती है। तब वे संकट में यहोवा की दोहाई देते हैं, और वह उनको सकेती से निकालता है। वह आंधी को थाम देता है और तरंगें बैठ जाती हैं। तब वे उनके बैठने से आनन्दित होते हैं, और वह उनको मन चाहे बन्दर स्थान में पहुंचा देता है। लोग यहोवा की करूणा के कारण, और वह उन आश्चर्यकर्मों के कारण जो वह मनुष्यों के लिये करता है, उसका धन्यवाद करें। और सभा में उसको सराहें, और पुरतियों के बैठक में उसकी स्तुति करें।। वह नदियों को जंगल बना डालता है, और जल के सोतों को सूखी भूमि कर देता है। वह फलवन्त भूमि को नोनी करता है, यह वहां के रहनेवालों की दुष्टता के कारण होता है। वह जंगल को जल का ताल, और निर्जल देश को जल के सोते कर देता है। और वहां वह भूखों को बसाता है, कि वे बसने के लिये नगर तैयार करें; और खेती करें, और दाख की बारियां लगाएं, और भांति भांति के फल उपजा लें। और वह उनको ऐसी आशीष देता है कि वे बहुत बढ़ जाते हैं, और उनके पशुओं को भी वह घटने नहीं देता।। फिर अन्धेर, विपत्ति और शोक के कारण, वे घटते और दब जाते हैं। और वह हाकिमों को अपमान से लादकर मार्ग रहित जंगल में भटकाता है; वह दरिद्रों को दु:ख से छुड़ाकर ऊंचे पर रखता है, और उनको भेड़ों के झुंड सा परिवार देता है। सीधे लोग देखकर आनन्दित होते हैं; और सब कुटिल लोग अपने मुंह बन्द करते हैं। जो कोई बुद्धिमान हो, वह इन बातों पर ध्यान करेगा; और यहोवा की करूणा के कामों पर ध्यान करेगा।।
- Isaiah 45:21–22 यशायाह 45:21–22तुम प्रचार करो और उनको लाओ; हां, वे आपस में सम्मति करें किस ने प्राचीनकाल से यह प्रगट किया? किस ने प्राचीनकाल में इसकी सूचना पहिले ही से दी? क्या मैं यहोवा ही ने यह नहीं किया? इसलिये मुझे छोड़ कोई और दूसरा परमेश्वर नहीं है, धर्मी और उद्धारकर्ता ईश्वर मुझे छोड़ और कोई नहीं है।। हे पृथ्वी के दूर दूर के देश के रहनेवालो, तुम मेरी ओर फिरो और उद्धार पाओ! क्योंकि मैं ही ईश्वर हूं और दूसरा कोई नहीं है।
Original words (Greek)
- For · G1063γάρ gár
- therefore · G5124τοῦτο toûto
- we · G2872κοπιάω kopiáō
- both · G2532καί kaí
- labour · G2872κοπιάω kopiáō
- and · G2532καί kaí
- reproach · G3679ὀνειδίζω oneidízō
- because · G3754ὅτι hóti
- trust · G1679ἐλπίζω elpízō
- in · G1909ἐπί epí
- living · G2198ζάω záō
- God · G2316θεός theós
- who · G3739ὅς hós
- is · G2076ἐστί estí
- Saviour · G4990σωτήρ sōtḗr
- all · G3956πᾶς pâs
- men · G444ἄνθρωπος ánthrōpos
- specially · G3122μάλιστα málista
- believe · G4103πιστός pistós