2 Chronicles · chapter 33 · verse 3
2 Chronicles 33:3 in Hindi
उस ने उन ऊंचे स्थानों को जिन्हें उसके पिता हिजकिरयाह ने तोड़ दिया था, फिर बनाया, और बाल नाम देवताओं के लिये वेदियां ओर अशेरा नाम मूरतें बनाई, और आकाश के सारे गण को दणडवत करता, और उनकी उपासना करता रहा।
Us ne un oonche sthaanom ko jinhem usake pitaa hijakirayaah ne tod diyaa thaa, phir banaayaa, aur baal naam devataaom ke liye vediyaam or asheraa naam mooratem banaaee, aur aakaash ke saare gan ko danadavat karataa, aur unakee upaasanaa karataa rahaa.
2 Chronicles 33:3 in English
- King James Version (KJV)
- For he built again the high places which Hezekiah his father had broken down, and he reared up altars for Baalim, and made groves, and worshipped all the host of heaven, and served them.
- World English Bible (WEB)
- For he built again the high places which Hezekiah his father had broken down; and he raised up altars for the Baals, made Asheroth, and worshiped all the army of the sky, and served them.
- American Standard Version (ASV)
- For he built again the high places which Hezekiah his father had broken down; and he reared up altars for the Baalim, and made Asheroth, and worshipped all the host of heaven, and served them.
- Bible in Basic English (BBE)
- For he put up again the high places which had been pulled down by his father Hezekiah; and he made altars for the Baals, and pillars of wood, and was a worshipper and servant of all the stars of heaven;
- Darby Translation (DBY)
- And he built again the high places that Hezekiah his father had broken down; and he reared up altars to the Baals, and made Asherahs, and worshipped all the host of heaven and served them.
- Webster's Bible (WBS)
- For he built again the high places which Hezekiah his father had broken down; and he reared up altars for Baalim, and made groves, and worshiped all the host of heaven, and served them.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and he turneth and buildeth the high places that Hezekiah his father hath broken down, and raiseth altars for Baalim, and maketh shrines, and boweth himself to all the host of the heavens, and serveth them.
Read in context
- 1जब मनश्शे राज्य करने लगा तब वह बारह वर्ष का था, और यरूशलेम में पचपन वर्ष तक राज्य करता रहा।
- 2उस ने वह किया, जो यहोवा की दृष्टि में बुरा था, अर्थात् उन जातियों के घिनौने कामों के अनुसार जिनको यहोवा ने इस्राएलियों के साम्हने से देश से तिकाल दिया था।
- 3उस ने उन ऊंचे स्थानों को जिन्हें उसके पिता हिजकिरयाह ने तोड़ दिया था, फिर बनाया, और बाल नाम देवताओं के लिये वेदियां ओर अशेरा नाम मूरतें बनाई, और आकाश के सारे गण को दणडवत करता, और उनकी उपासना करता रहा।
- 4और उस ने यहोवा के उस भवन मे वेदियां बनाई जिसके विषय यहोवा ने कहा था कि यरूशलेम में मेरा नाम सदा बना रहेगा।
- 5वरन यहोवा के भवन के दोनों आंगनों में भी उस ने आकाश के सारे गण के लिये वेदियां बनाई।
Cross references
- Deuteronomy 16:21 व्यवस्थाविवरण 16:21तू अपने परमेश्वर यहोवा की जो वेदी बनाऐगा उसके पास किसी प्रकार की लकड़ी की बनी हुई अशेरा का स्थापन न करना।
- Deuteronomy 17:3 व्यवस्थाविवरण 17:3अर्थात् मेरी आज्ञा का उल्लंघन करके पराए देवताओं की, वा सूर्य, वा चंद्रमा, वा आकाश के गण में से किसी की उपासना की हो, वा उसको दण्डवत किया हो,
- 2 Chronicles 31:1 2 इतिहास 31:1जब यह सब हो चुका, तब जितने इस्राएली अपस्थित थे, उन सभों ने यहूदा के नगरों में जाकर, सारे यहूदा और बिन्यामीन और एप्रेम और मनश्शे में कि लाठों को तोड़ दिया, अशेरों को काट डाला, और ऊंचे स्थानों और वेदियों को गिरा दिया; और उन्हों ने उन सब का अन्त कर दिया। तब सब इस्राएली अपने अपने नगर को लौटकर, अपनी अपनी निज भूमि में पहुंचे।
- 2 Chronicles 30:14 2 इतिहास 30:14और उन्हों ने उठकर, यरूशलेम की वेदियों और धूम जलाने के सब स्थानों को उठाकर किद्रोन नाले में फेंक दिया।
- 2 Kings 18:4 2 राजा 18:4उस ने ऊंचे स्थान गिरा दिए, लाठों को तोड़ दिया, अशेरा को काट डाला। और पीतल का जो सांप मूसा ने बनाया था, उसको उस ने इस कारण चूर चूर कर दिया, कि उन दिनों तक इस्राएली उसके लिये धूप जलाते थे; और उस ने उसका नाम नहुशतान रखा।
- Jeremiah 19:13 यिर्मयाह 19:13और यरूशलेम के घर और यहूदा के राजाओं के भवन, जिनकी छतों पर आकाश की सारी सेना के लिये धूप जलाया गया, और अन्य देवताओं के लिये तपावन दिया गया है, वे सब तोपेत के समान अशुद्ध हो जाएंगे।
- Ecclesiastes 9:18 सभोपदेशक 9:18लड़ाई के हथियारों से बुद्धि उत्तम है, परन्तु एक पापी बहुत भलाई नाश करता है।।
- Zephaniah 1:5 सपन्याह 1:5जो लोग अपने अपने घर की छत पर आकाश के गण को दण्डवत् करते हुए यहोवा की सेवा करने की शपथ खाते हैं;
- 2 Kings 23:5–6 2 राजा 23:5–6और जिन पुजारियों को यहूदा के राजाओं ने यहूदा के नगरों के ऊंचे स्थानों में और यरूशलेम के आस पास के स्थानों में धूप जलाने के लिये ठहराया था, उनको और जो बाल और सूर्य- चन्द्रमा, राशिचक्र और आकाश के कुल गण को धूप जलाते थे, उनको भी राजा ने दूर कर दिया। और वह अशेरा को यहोवा के भवन में से निकालकर यरूशलेम के बाहर किद्रोन नाले में लिवाले गया और वहीं उसको फूंक दिया, और पीसकर बुकनी कर दिया। तब वह बुकनी साधारण लोगों की कबरों पर फेंक दी।
- Jeremiah 17:2 यिर्मयाह 17:2उनकी वेदियां और अशेरा नाम देवियां जो हरे पेड़ों के पास और ऊंचे टीलों के ऊपर हैं, वे उनके लड़कों को भी स्मरण रहती हैं।
- 2 Chronicles 28:2–4 2 इतिहास 28:2–4परन्तु वह इस्राएल के राजाओं की सी चाल चला, और बाल देवताओं की मूर्तियां ढलवाकर बनाई; और हिन्नोम के बेटे की तराई में धूूप जलाया, और उन जातियों के घिनौने कामों के अनुसार जिन्हें यहोवा ने इस्राएलियों के साम्हने से देश से निकाल दिया था, अपने लड़केबालों को आग में होम कर दिया। और ऊंचे स्थानों पर, और पहाड़ियों पर, और सब हरे वृक्षों के तले वह बलि चढ़ाया और धूम जलाया करता था।
- 2 Kings 21:3 2 राजा 21:3उस ने उन ऊंचे स्थानों को जिनको उसके पिता हिजकिरयाह ने नाश किया था, फिर बनाया, और इस्राएल के राजा अहाब की नाई बाल के लिये वेदियां और एक अशेरा बनवाई, और आकाश के कुल गण को दणडवत और उनकी उपासना करता रहा।
Original words (Hebrew)
- built · H1129בָּנָה bânâh
- again · H7725שׁוּב shûwb
- places · H1116בָּמָה bâmâh
- Hezekiah · H3169יְחִזְקִיָּה Yᵉchizqîyâh
- father · H1אָב ʼâb
- down · H5422נָתַץ nâthats
- up · H6965קוּם qûwm
- altars · H4196מִזְבֵּחַ mizbêach
- Baalim · H1168בַּעַל Baʻal
- made · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- groves · H842אֲשֵׁרָה ʼăshêrâh
- worshipped · H7812שָׁחָה shâchâh
- host · H6635צָבָא tsâbâʼ
- heaven · H8064שָׁמַיִם shâmayim
- served · H5647עָבַד ʻâbad