2 Kings · chapter 12 · verse 4
2 Kings 12:4 in Hindi
और योआश ने याजकों से कहा, पवित्रा की हुई वस्तुओं का जितना रूपया यहोवा के भवन में पहुंचाया जाए, अर्थात् गिने हुए लोगों का रूपया और जितने रूपये के जो कोई योग्य ठहराया जाए, और जितना रूपया जिसकी इच्छा यहोवा के भवन में ले आने की हो,
Aur yoaash ne yaajakom se kahaa, pavitraa kee huee vastuom kaa jitanaa roopayaa yahovaa ke bhavan mem pahunchaayaa jaae, arthaat gine hue logom kaa roopayaa aur jitane roopaye ke jo koee yogy thaharaayaa jaae, aur jitanaa roopayaa jisakee ichchhaa yahovaa ke bhavan mem le aane kee ho,
2 Kings 12:4 in English
- King James Version (KJV)
- And Jehoash said to the priests, All the money of the dedicated things that is brought into the house of the LORD, [even] the money of every one that passeth [the account], the money that every man is set at, [and] all the money that cometh into any man’s heart to bring into the house of the LORD,
- World English Bible (WEB)
- Jehoash said to the priests, “All the money of the holy things that is brought into the LORD’s house, in current money, the money of the people for whom each man is evaluated, and all the money that it comes into any man’s heart to bring into the LORD’s house,
- American Standard Version (ASV)
- And Jehoash said to the priests, All the money of the hallowed things that is brought into the house of Jehovah, in current money, the money of the persons for whom each man is rated, and all the money that it cometh into any man’s heart to bring into the house of Jehovah,
- Bible in Basic English (BBE)
- And Jehoash said to the priests, All the money of the holy things, which comes into the house of the Lord, (the amount fixed for every man's payment,) and all the money given by any man freely from the impulse of his heart,
- Darby Translation (DBY)
- And Jehoash said to the priests, All the money of the hallowed things that is brought into the house of Jehovah, the money of every one that passes [the account], the money at which every man is valued, [and] all the money that comes into any man's heart to bring into the house of Jehovah,
- Webster's Bible (WBS)
- And Jehoash said to the priests, All the money of the dedicated things that is brought into the house of the LORD, [even] the money of every one that passeth [the account] , the money that every man is set at, [and] all the money that cometh into any man's heart to bring into the house of the LORD,
- Young's Literal Translation (YLT)
- And Jehoash saith unto the priests, 'All the money of the sanctified things that is brought in to the house of Jehovah, the money of him who is passing over, each the money of his valuation, all the money that it goeth up on the heart of a man to bring in to the house of Jehovah,
Read in context
- 2और जब तक यहोयादा याजक योआश को शिक्षा देता रहा, तब तक वह वही काम करता रहा जो यहोवा की दृष्टि में ठीक है।
- 3तौभी ऊंचे स्थान गिराए न गए; प्रजा के लोग तब भी ऊंचे स्थान पर बलि चढ़ाते और धूप जलाते रहे।
- 4और योआश ने याजकों से कहा, पवित्रा की हुई वस्तुओं का जितना रूपया यहोवा के भवन में पहुंचाया जाए, अर्थात् गिने हुए लोगों का रूपया और जितने रूपये के जो कोई योग्य ठहराया जाए, और जितना रूपया जिसकी इच्छा यहोवा के भवन में ले आने की हो,
- 5इन सब को याजक लोग अपनी जान पहचान के लोगों से लिया करें और भवन में जो कुछ टूटा फूटा हो उसको सुधार दें।
- 6तौभी याजकों ने भवन में जो टूटा फूटा था, उसे योआश राजा के तेईसवें वर्ष तक नहीं सुधारा था।
Cross references
- 2 Kings 22:4 2 राजा 22:4कि जो चान्दी यहोवा के भवन में लाई गई है, और द्वारपालों ने प्रजा से इकट्ठी की है,
- Exodus 30:12–16 निर्गमन 30:12–16जब तू इस्त्राएलियों की गिनती लेने लगे, तब वे गिनने के समय जिनकी गिनती हुई हो अपने अपने प्राणों के लिये यहोवा को प्रायश्चित्त दें, जिस से जब तू उनकी गिनती कर रहा हो उस समय कोई विपत्ति उन पर न आ पड़े। जितने लोग गिने जाएं वे पवित्रस्थान के शेकेल के लिये आधा शेकेल दें, यह शेकेल बीस गेरा का होता है, यहोवा की भेंट आधा शेकेल हो। बीस वर्ष के वा उससे अधिक अवस्था के जितने गिने जाएं उन में से एक एक जन यहोवा की भेंट दे। जब तुम्हारे प्राणों के प्रायश्चित्त के निमित्त यहोवा की भेंट दी जाए, तब न तो धनी लोग आधे शेकेल से अधिक दें, और न कंगाल लोग उससे कम दें। और तू इस्त्राएलियों से प्रायश्चित्त का रूपया ले कर मिलाप वाले तम्बू के काम में लगाना; जिस से वह यहोवा के सम्मुख इस्त्राएलियों के स्मरणार्थ चिन्ह ठहरे, और उनके प्राणों का प्रायश्चित्त भी हो॥
- Exodus 35:5 निर्गमन 35:5तुम्हारे पास से यहोवा के लिये भेंट ली जाए, अर्थात् जितने अपनी इच्छा से देना चाहें वे यहोवा की भेंट करके ये वस्तुएं ले आएं; अर्थात् सोना, रूपा, पीतल;
- Exodus 35:29 निर्गमन 35:29जिस जिस वस्तु के बनाने की आज्ञा यहोवा ने मूसा के द्वारा दी थी उसके लिये जो कुछ आवश्यक था, उसे वे सब पुरूष और स्त्रियां ले आई, जिनके हृदय में ऐसी इच्छा उत्पन्न हुई थी। इस प्रकार इस्त्राएली यहोवा के लिये अपनी ही इच्छा से भेंट ले आए।।
- 1 Chronicles 29:3–9 1 इतिहास 29:3–9फिर मेरा मन अपने परमेश्वर के भवन में लगा है, इस कारण जो कुछ मैं ने पवित्र भवन के लिये इकट्ठा किया है, उस सब से अधिक मैं अपना निज धन भी जो सोना चान्दी के रूप में मेरे पास है, अपने परमेश्वर के भवन के लिये दे देता हूँ। अर्थात तीन हजार किक्कार ओपीर का सोना, और सात हजार किक्कार तपाई हुई चान्दी, जिस से कोठरियों की भीतें मढ़ी जाएं। और सोने की वस्तुओं के लिये सोना, और चान्दी की वस्तुओं के लिये चान्दी, और कारीगरों से बनाने वाले सब प्रकार के काम के लिये मैं उसे देता हूँ। और कौन अपनी इच्छा से यहोवा के लिये अपने को अर्पण कर देता है? तब पितरों के घरानों के प्रधानों और इस्राएल के गोत्रों के हाकिमों और सहस्रपतियों और शतपतियों और राजा के काम के अधिकारियों ने अपनी अपनी इच्छा से, परमेश्वर के भवन के काम के लिये पांच हजार किक्कार और दस हजार दर्कनोन सोना, दस हजार किक्कार चान्दी, अठारह हजार किक्कार पीतल, और एक लाख किक्कार लोहा दे दिया। और जिनके पास मणि थे, उन्होंने उन्हें यहोवा के भवन के खजाने के लिये गेर्शोनी यहीएल के हाथ में दे दिया। तब प्रजा के लोग आनन्दित हुए, क्योंकि हाकिमों ने प्रसन्न हो कर खरे मन और अपनी अपनी इच्छा से यहोवा के लिये भेंट दी थी; और दाऊद राजा बहुत ही आनन्दित हुआ।
- Exodus 35:22 निर्गमन 35:22क्या स्त्री, क्या पुरूष, जितनों के मन में ऐसी इच्छा उत्पन्न हुई भी वे सब जुगनू, नथुनी, मुंदरी, और कंगन आदि सोने के गहने ले आने लगे, इस भंाति जितने मनुष्य यहोवा के लिये सोने की भेंट के देनेवाले थे वे सब उनको ले आए।
- Luke 21:4 लूका 21:4क्योंकि उन सब ने अपनी बढ़ती में से दान में कुछ डाला है, परन्तु इस ने अपनी घटी में से अपनी सारी जीविका डाल दी है।।
- Ezra 2:69 एज्रा 2:69उन्हों ने अपनी अपनी पूंजी के अनुसार इकसठ हजार दर्कमोन सोना और पांच हजार माने चान्दी और याजकों के योग्य एक सौ अंगरखे अपनी अपनी इच्छा से उस काम के खजाने में दे दिए।
- Ezra 8:25–28 एज्रा 8:25–28राजा और उसके मंत्रियों और उसके हाकिमों और जितने इस्राएली अपस्थित थे उन्हों ने हमारे परमेश्वर के भवन के लिये भेंट दिए थे, उन्हों तौलकर उनको दिया। अर्थात् मैं ने उनके हाथ में साढ़े छे सौ किक्कार चान्दी, सौ किक्कार चान्दी के पात्रा, सौ किक्कार सोना, हाजार दर्कमोन के सोने के बीस कटोरे, और सोने सरीखे अनमोल चोखे चमकनेवाले पीतल के दो पात्रा लौलकर दे दिये। और मैं ने उन से कहा, तुम तो यहोवा के लिये पवित्रा हो, और ये पात्रा भी पवित्रा हैं; और यह चान्दी और सोना भेंट का है, जो तुम्हारे पितरों के परमेश्वर यहोवा के लिये प्रसन्नता से दी गई।
- Ezra 7:16 एज्रा 7:16और जितना चान्दी- सोना कुल बाबेल प्रान्त में तुझे मिलेगा, और जो कुछ लोग और याजक अपनी इच्छा से अपने परमेश्वर के भवन के लिये जो यरूशलेम में हैं देंगे, उसको ले जाए।
- 2 Chronicles 24:9–10 2 इतिहास 24:9–10तब यहूदा और यरूशलेम में यह प्रचार किया गया कि जिस चन्दे का नियम परमेश्वर के दास मूसा ने जंगल में इस्राएल में चलाया था, उसके रूपए यहोवा के निमित्त ले आओ। तो सब हाकिम और प्रजा के सब लोग आनन्दित हो रूपए लाकर जब तक चन्दा पूरा न हुआ तब तक सन्दूक में डालते गए।
- Leviticus 27:12–27 लैव्यव्यवस्था 27:12–27तब याजक पशु के गुण अवगुण दोनों विचार कर उसका मोल ठहराए; और जितना याजक ठहराए उसका मोल उतना ही ठहरे। और यदि संकल्प करने वाला उसे किसी प्रकार से छुड़ाना चाहे, तो जो मोल याजक ने ठहराया हो उस में उसका पांचवां भाग और बढ़ाकर दे॥ फिर यदि कोई अपना घर यहोवा के लिये पवित्र ठहराकर संकल्प करे, तो याजक उसके गुण-अवगुण दोनों विचार कर उसका मोल ठहराए; और जितना याजक ठहराए उसका मोल उतना ही ठहरे। और यदि घर का पवित्र करनेवाला उसे छुड़ाना चाहे, तो जितना रूपया याजक ने उसका मोल ठहराया हो उस में वह पांचवां भाग और बढ़ाकर दे, तब वह घर उसी का रहेगा॥ फिर यदि कोई अपनी निज भूमि का कोई भाग यहोवा के लिये पवित्र ठहराना चाहे, तो उसका मोल इसके अनुसार ठहरे, कि उस में कितना बीज पड़ेगा; जितना भूमि में होमेर भर जौ पड़े उतनी का मोल पचास शेकेल ठहरे। यदि वह अपना खेत जुबली के वर्ष ही में पवित्र ठहराए, तो उसका दाम तेरे ठहराने के अनुसार ठहरे; और यदि वह अपना खेत जुबली के वर्ष के बाद पवित्र ठहराए, तो जितने वर्ष दूसरे जुबली के वर्ष के बाकी रहें उन्हीं के अनुसार याजक उसके लिये रूपये का हिसाब करे, तब जितना हिसाब में आए उतना याजक के ठहराने से कम हो। और यदि खेत को पवित्र ठहराने वाला उसे छुड़ाना चाहे, तो जो दाम याजक ने ठहराया हो उस में वह पांचवां भाग और बढ़ाकर दे, तब खेत उसी का रहेगा। और यदि वह खेत को छुड़ाना न चाहे, वा उसने उसको दूसरे के हाथ बेचा हो, तो खेत आगे को कभी न छुड़ाया जाए; परन्तु जब वह खेत जुबली के वर्ष में छूटे, तब पूरी रीति से अर्पण किए हुए खेत की नाईं यहोवा के लिये पवित्र ठहरे, अर्थात वह याजक ही की निज भूमि हो जाए। फिर यदि कोई अपना मोल लिया हुआ खेत, जो उसकी निज भूमि के खेतों में का न हो, यहोवा के लिये पवित्र ठहराए, तो याजक जुबली के वर्ष तक का हिसाब करके उस मनुष्य के लिये जितना ठहराए उतना ही वह यहोवा के लिये पवित्र जान कर उसी दिन दे दे। और जुबली के वर्ष में वह खेत उसी के अधिकार में जिस से वह मोल लिया गया हो फिर आ जाए, अर्थात जिसकी वह निज भूमि हो उसी की फिर हो जाए। और जिस जिस वस्तु का मोल याजक ठहराए उसका मोल पवित्रस्थान ही के शेकेल के हिसाब से ठहरे: शेकेल बीस गेरा का ठहरे॥ पर घरेलू पशुओं का पहिलौठा, जो यहोवा का पहिलौठा ठहरा है, उसको तो कोई पवित्र न ठहराए; चाहे वह बछड़ा हो, चाहे भेड़ वा बकरी का बच्चा, वह यहोवा ही का है। परन्तु यदि वह अशुद्ध पशु का हो, तो उसका पवित्र ठहराने वाला उसको याजक के ठहराए हुए मोल के अनुसार उसका पांचवां भाग और बढ़ाकर छुड़ा सकता है; और यदि वह न छुड़ाया जाए, तो याजक के ठहराए हुए मोल पर बेच दिया जाए॥
Original words (Hebrew)
- Jehoash · H3060יְהוֹאָשׁ Yᵉhôwʼâsh
- said · H559אָמַר ʼâmar
- priests · H3548כֹּהֵן kôhên
- money · H3701כֶּסֶף keçeph
- things · H6944קֹדֶשׁ qôdesh
- brought · H935בּוֹא bôwʼ
- house · H1004בַּיִת bayith
- money · H3701כֶּסֶף keçeph
- one · H376אִישׁ ʼîysh
- passeth · H5674עָבַר ʻâbar
- money · H3701כֶּסֶף keçeph
- man · H5315נֶפֶשׁ nephesh
- at · H6187עֵרֶךְ ʻêrek
- money · H3701כֶּסֶף keçeph
- cometh · H5927עָלָה ʻâlâh
- man’s · H376אִישׁ ʼîysh
- heart · H3820לֵב lêb
- bring · H935בּוֹא bôwʼ
- house · H1004בַּיִת bayith