2 Kings · chapter 19 · verse 22
2 Kings 19:22 in Hindi
तू ने जो नामधराई और निन्दा की है, वह किसकी की है? और तू ने जो बड़ा बोल बोला और घमणड किया है वह किसके विरूद्ध किया है? इस्राएल के पवित्रा के विरूद्ध तू ने किया है!
Too ne jo naamadharaaee aur nindaa kee hai, vah kisakee kee hai? Aur too ne jo badaa bol bolaa aur ghamanad kiyaa hai vah kisake virooddh kiyaa hai? Israael ke pavitraa ke virooddh too ne kiyaa hai!
2 Kings 19:22 in English
- King James Version (KJV)
- Whom hast thou reproached and blasphemed? and against whom hast thou exalted [thy] voice, and lifted up thine eyes on high? [even] against the Holy [One] of Israel.
- World English Bible (WEB)
- Whom have you defied and blasphemed? Against whom have you exalted your voice and lifted up your eyes on high? Against the Holy One of Israel!
- American Standard Version (ASV)
- Whom hast thou defied and blasphemed? and against whom hast thou exalted thy voice and lifted up thine eyes on high? [even] against the Holy One of Israel.
- Bible in Basic English (BBE)
- Against whom have you said evil and bitter things? against whom has your voice been loud and your eyes lifted up? even against the Holy One of Israel.
- Darby Translation (DBY)
- Whom hast thou reproached and blasphemed? and against whom hast thou exalted the voice? Against the Holy one of Israel hast thou lifted up thine eyes on high.
- Webster's Bible (WBS)
- Whom hast thou reproached and blasphemed? and against whom hast thou exalted [thy] voice, and lifted up thy eyes on high: [even] against the Holy [One] of Israel.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Whom hast thou reproached and reviled? And against whom lifted up a voice? Yea, thou dost lift up on high thine eyes — Against the Holy One of Israel!
Read in context
- 20तब आमोस के पुत्रा यशायाह ने हिजकिरयाह के पास यह कहला भेजा, कि इस्राएल का परमेश्वर यहोवा यों कहता है, कि जो प्रार्थना तू ने अश्शूर के राजा सन्हेरीब के विषय मुझ से की, उसे मैं ने सुना है।
- 21उसके विषय में यहोवा ने यह वचन कहा है, कि सिरयोन की कुमारी कन्या तुझे तुच्छ जानती और तुझे ठट्ठों में उड़ाती है, यरूशलेम की पुत्री, तुझ पर सिर हिलाती है।
- 22तू ने जो नामधराई और निन्दा की है, वह किसकी की है? और तू ने जो बड़ा बोल बोला और घमणड किया है वह किसके विरूद्ध किया है? इस्राएल के पवित्रा के विरूद्ध तू ने किया है!
- 23अपने दूतों के द्वारा तू ने प्रभु की निन्दा करके कहा है, कि वहुत से रथ लेकर मैं पर्वतों की चोटियों पर, वरन लबानोन के बीच तक चढ़ आया हूँ, और मैं उसके ऊंचे ऊंचे देवदारूओं और अच्छे अच्छे सनोवरों को काट डालूंगा; और उस में जो सब से ऊंचा टिकने का स्थान होगा उस में और उसके वन की फलदाई बारियों में प्रवेश करूंगा।
- 24मैं ने तो खुदवाकर परदेश का पानी पिया; और मिस्र की नहरों में पांव धरते ही उन्हें सुखा डालूंगा।
Cross references
- Isaiah 5:24 यशायाह 5:24इस कारण जैसे अग्नि की लौ से खूंटी भस्म होती है और सूखी घास जलकर बैठ जाती है, वैसे ही उनकी जड़ सड़ जाएगी और उनके फूल धूल होकर उड़ जाएंगे; क्योंकि उन्हों ने सेनाओं के यहोवा की व्यवस्था को निकम्मी जाना, और इस्राएल के पवित्रा के वचन को तुच्छ जाना है।
- Psalm 71:22 भजन संहिता 71:22हे मेरे परमेश्वर, मैं भी तेरी सच्चाई को धन्यवाद सारंगी बजाकर गाऊंगा; हे इस्राएल के पवित्रा मैं वीणा बजाकर तेरा भजन गाऊंगा।
- Jeremiah 51:5 यिर्मयाह 51:5क्योंकि, यद्यपि इस्राएल और यहूदा के देश, इस्राएल के पवित्रा के विरूद्व किए हुए पापों से भरपूर हो गए हैं, तौभी उनके परमेश्वर, सेनाओं के यहोवा ने उनको त्याग नहीं दिया।
- 2 Thessalonians 2:4 2 थिस्सलुनीकियों 2:4जो विरोध करता है, और हर एक से जो परमेश्वर, या पूज्य कहलाता है, अपने आप को बड़ा ठहराता है, यहां तक कि वह परमेश्वर के मन्दिर में बैठकर अपने आप को परमेश्वर प्रगट करता है।
- Isaiah 30:15 यशायाह 30:15प्रभु यहोवा, इस्राएल का पवित्रा यों कहता है, लौट आने और शान्त रहने में तुम्हारा उद्धार है; शान्त रहते और भरोसा रखने में तुम्हारी वीरता है। परन्तु तुम ने ऐसा नहीं किया,
- Isaiah 30:11–12 यशायाह 30:11–12मार्ग से मुड़ो, पथ से हटो, और इस्राएल के पवित्रा को हमारे साम्हने से दूर करो। इस कारण इस्राएल का पवित्रा यों कहता है, तुम लोग जो मेरे इस वचन को निकम्मा जानते और अन्धेर और कुटिलता पर भरोसा करके उन्हीं पर टेक लगाते हो;
- Daniel 5:20–23 दानिय्येल 5:20–23परन्तु जब उसका मन फूल उठा, और उसकी आत्मा कठोर हो गई, यहां तक कि वह अभिमान करने लगा, तब वह अपने राजसिंहासन पर से उतारा गया, और उसकी प्रतिष्ठा भंग की गई; वह मनुष्यों में से निकाला गया, और उसका मन पशुओं का सा, और उसका निवास जंगली गदहों के बीच हो गया; वह बैलों की नाईं घास चरता, और उसका शरीर आकाश की ओस से भीगा करता था, जब तक कि उस ने जान न लिया कि परमप्रधान परमशॆवर मनुष्यों के राज्य में प्रभुता करता है और जिसे चाहता उसी को उस पर अधिकारी ठहराता है। तौभी, हे बेलशस्सर, तू जो उसका पुत्रा है, और यह सब कुछ जानता था, तौभी तेरा मन नम्र न हुआ। वरन तू ने स्वर्ग के प्रभु के विरूद्ध सिर उठाकर उसके भवन के पात्रा मंगवाकर अपने साम्हने धरवा लिए, और अपने प्रधानों और रानियों और रखेलियों समेत तू ने उन में दाखमधु पिया; और चान्दी- सोने, पीतल, लोहे, काठ और पत्थर के देवता, जो न देखते न सुनते, न कुछ जानते हैं, उनकी तो स्तुति की, परन्तु परमेश्वर, जिसके हाथ में तेरा प्राण है, और जिसके वश में तेरा सब चलना फिरना है, उसका सन्मान तू ने नहीं किया।।
- Isaiah 10:15 यशायाह 10:15क्या कुल्हाड़ा उसक विरूद्ध जो उस से काटता हो डींग मारे, वा आरी उसके विरूद्ध जो उसे खींचता हो बड़ाई करे? क्या सोंटा अपने चलानेवाले को चलाए वा छड़ी उसे उठाए जो काठ नहीं है!
- 2 Kings 19:4 2 राजा 19:4कदाचित तेरा परमेश्वर यहोवा रबशाके की सब बातें सुने, जिसे उसके स्वामी अश्शूर के राजा ने जीवते परमेश्वर की निन्दा करने को भेजा है, और जो बातें तेरे परमेश्वर यहावा ने सुनी हैं उन्हें डपटे; इसलिये तू इन बचे हुओं के लिये जो रह गए हैं प्रार्थना कर।
- Exodus 9:17 निर्गमन 9:17क्या तू अब भी मेरी प्रजा के साम्हने अपने आप को बड़ा समझता है, और उन्हें जाने नहीं देता?
- Psalm 73:9 भजन संहिता 73:9वे डींग मारते हैं। वे मानों स्वर्ग में बैठे हुए बोलते हैं, और वे पृथ्वी में बोलते फिरते हैं।।
- Ezekiel 28:2–9 यहेजकेल 28:2–9हे मनुष्य के सन्तान, सोर के प्रधान से कह, परमेश्वर यहोवा यों कहता है कि तू ने मन में फूलकर यह कहा है, मैं ईश्वर हूँ, मैं समुद्र के बीच परमेश्वर के आसन पर बैठा हूँ, परन्तु, यद्यपि तू अपने आपको परमेश्वर सा दिखाता है, तौभी तू ईश्वर नहीं, मनुष्य ही है। तू दानिरयेल से अधिक बुद्धिमान तो है; कोई भेद तुझ से छिपा न होगा; तू ने अपनी बुद्धि और समझ के द्वारा धन प्राप्त किया, और अपने भण्डारों में सोना- चान्दी रखा है; तू ने बड़ी बुद्धि से लेन- देन किया जिस से तेरा धन बढ़ा, और धन के कारण तेरा मन फूल उठा है। इस कारण परमेश्वर यहोवा यों कहता है, तू जो अपना मन परमेश्वर सा दिखाता है, इसलिये देख, मैं तुझ पर ऐसे परदेशियों से चढ़ाई कराऊंगा, जो सब जातियों से अधिक बलात्कारी हैं; वे अपनी तलवारें तेरी बुद्धि की शोभा पर चलाएंगे और तेरी चमक- दमक को बिगाड़ेंगे। वे तुझे कबर में उतारेंगे, और तू समुद्र के बीच के मारे हुओं की रीति पर मर जाएगा। तब, क्या तू अपने घात करनेवाले के साम्हने कहता रहेगा कि तू परमेश्वर है? तूू अपने घायल करनेवाले के हाथ में ईश्वर नहीं, मनुष्य ही ठहरेगा।