Amos · chapter 8 · verse 12
Amos 8:12 in Hindi
और लोग यहोवा के वचन की खोज में समुद्र से समुद्र तब और उत्तर से पूरब तक मारे मारे फिरेंगे, परन्तु उसको न पाएंगे।।
Aur log yahovaa ke vachan kee khoj mem samudr se samudr tab aur uttar se poorab tak maare maare phirenge, parantu usako na paaenge..
Amos 8:12 in English
- King James Version (KJV)
- And they shall wander from sea to sea, and from the north even to the east, they shall run to and fro to seek the word of the LORD, and shall not find [it].
- World English Bible (WEB)
- They will wander from sea to sea, and from the north even to the east; they will run back and forth to seek the LORD’s word, and will not find it.
- American Standard Version (ASV)
- And they shall wander from sea to sea, and from the north even to the east; they shall run to and fro to seek the word of Jehovah, and shall not find it.
- Bible in Basic English (BBE)
- And they will go wandering from sea to sea, and from the north even to the east, running here and there in search of the word of the Lord, and they will not get it.
- Darby Translation (DBY)
- And they shall wander from sea to sea, and from the north to the east; they shall run to and fro to seek the word of Jehovah, and shall not find it.
- Webster's Bible (WBS)
- And they shall wander from sea to sea, and from the north even to the east, they shall run to and fro to seek the word of the LORD, and shall not find [it] .
- Young's Literal Translation (YLT)
- And they have wandered from sea unto sea, And from north even unto east, They go to and fro to seek the word of Jehovah, And they do not find.
Read in context
- 10मैं तुम्हारे पर्वों के उत्सव दूर करके विलाप कराऊंगा, और तुम्हारे सब गीतों को दूर करके विलाप के गीत गवाऊंगा; मैं तुम सब की कटि में टाट बंधाऊंगा, और तुम सब के सिरों को मुंड़ाऊंगा; और ऐसा विलाप कराऊंगा जैसा एकलौते के लिये होता है, और उसका अन्त कठिन दु:ख के दिन का सा होगा।।
- 11परमेश्वर यहोवा की यह वाणी है, देखो, ऐसे दिन आते हैं, जब मैं इस देश में महंगी करूंगा; उस में ने तो अन्न की भूख और न पानी की प्यास होगी, परन्तु यहोवा के वचनों के सुनने ही की भूख प्यास होगी।
- 12और लोग यहोवा के वचन की खोज में समुद्र से समुद्र तब और उत्तर से पूरब तक मारे मारे फिरेंगे, परन्तु उसको न पाएंगे।।
- 13उस समय सुन्दर कुमारियां और जवान पुरूष दोनों प्यास के मारे मूर्छा खाएंगे।
- 14जो लोग सामरिया के पाप मूल देवता की शपथ खाते हैं, और जो कहते हैं कि दान के देवता के जीवन की शपथ, और बेर्शेबा के पन्थ की शपथ, वे सब गिर पड़ेंगे, और फिर न उठेंगे।।
Cross references
- Romans 11:7–10 रोमियों 11:7–10सो परिणाम क्या हुआ? यह कि इस्त्राएली जिस की खोज में हैं, वह उन को नहीं मिला; परन्तु चुने हुओं को मिला और शेष लोग कठोर किए गए हैं। जैसा लिखा है, कि परमेश्वर ने उन्हें आज के दिन तक भारी नींद में डाल रखा है और ऐसी आंखें दी जो न देखें और ऐसे कान जो न सुनें। और दाऊद कहता है; उन का भोजन उन के लिये जाल, और फन्दा, और ठोकर, और दण्ड का कारण हो जाए। उन की आंखों पर अन्धेरा छा जाए ताकि न देखें, और तू सदा उन की पीठ को झुकाए रख।
- 2 Timothy 3:6–7 2 तीमुथियुस 3:6–7इन्हीं में से वे लोग हैं, जो घरों में दबे पांव घुस आते हैं और छिछौरी स्त्रियों को वश में कर लेते हैं, जो पापों से दबी और हर प्रकार की अभिलाषाओं के वश में हैं। और सदा सीखती तो रहती हैं पर सत्य की पहिचान तक कभी नहीं पहुंचतीं।
- Proverbs 14:6 नीतिवचन 14:6ठट्ठा करनेवाला बुद्धि को ढूंढ़ता, परन्तु नहीं पाता, परन्तु समझवाले को ज्ञान सहज से मिलता है।
- Matthew 12:30 मत्ती 12:30जो मेरे साथ नहीं, वह मेरे विरोध में है; और जो मेरे साथ नहीं बटोरता, वह बिथराता है।
- Daniel 12:4 दानिय्येल 12:4परन्तु हे दानिरयेल, तू इस पुस्तक पर मुहर करके इन वचनों को अन्त समय तक के लिये बन्द रख। और बहुत लोग पूछ- पाछ और ढूंढ- ढांढ करेंगे, और इस से ज्ञान बढ़ भी जाएगा।।
- Matthew 24:23–26 मत्ती 24:23–26उस समय यदि कोई तुम से कहे, कि देखो, मसीह यहां हैं! या वहां है तो प्रतीति न करना। क्योंकि झूठे मसीह और झूठे भविष्यद्वक्ता उठ खड़े होंगे, और बड़े चिन्ह और अद्भुत काम दिखाएंगे, कि यदि हो सके तो चुने हुओं को भी भरमा दें। देखो, मैं ने पहिले से तुम से यह सब कुछ कह दिया है। इसलिये यदि वे तुम से कहें, देखो, वह जंगल में है, तो बाहर न निकल जाना; देखो, वह को ठिरयों में हैं, तो प्रतीति न करना।
- Romans 9:31–33 रोमियों 9:31–33परन्तु इस्त्राएली; जो धर्म की व्यवस्था की खोज करते हुए उस व्यवस्था तक नहीं पहुंचे। किस लिये? इसलिये कि वे विश्वास से नहीं, परन्तु मानों कर्मों से उस की खोज करते थे: उन्हों ने उस ठोकर के पत्थर पर ठोकर खाई। जैसा लिखा है; देखो मैं सिरयोन में एक ठेस लगने का पत्थर, और ठोकर खाने की चटान रखता हूं; और जो उस पर विश्वास करेगा, वह लज्जित न होगा।।