Deuteronomy · chapter 11 · verse 16
Deuteronomy 11:16 in Hindi
इसलिये अपने विषय में सावधान रहो, ऐसा न हो कि तुम्हारे मन धोखा खाएं, और तुम बहककर दूसरे देवताओं की पूजा करने लगो और उनको दण्डवत् करने लगो,
Isaliye apane vishay mem saavadhaan raho, aisaa na ho ki tumhaare man dhokhaa khaaem, aur tum bahakakar doosare devataaom kee poojaa karane lago aur unako dandavat karane lago,
Deuteronomy 11:16 in English
- King James Version (KJV)
- Take heed to yourselves, that your heart be not deceived, and ye turn aside, and serve other gods, and worship them;
- World English Bible (WEB)
- Be careful, lest your heart be deceived, and you turn away to serve other gods and worship them;
- American Standard Version (ASV)
- Take heed to yourselves, lest your heart be deceived, and ye turn aside, and serve other gods, and worship them;
- Bible in Basic English (BBE)
- But take care that your hearts are not turned to false ways so that you become servants and worshippers of other gods;
- Darby Translation (DBY)
- Take heed to yourselves, that your heart be not deceived, and ye turn aside and serve other gods, and bow down to them,
- Webster's Bible (WBS)
- Take heed to yourselves, that your heart be not deceived, and ye turn aside, and serve other gods, and worship them;
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'Take heed to yourselves, lest your heart be enticed, and ye have turned aside, and served other gods, and bowed yourselves to them,
Read in context
- 14तो मैं तुम्हारे देश में बरसात के आदि और अन्त दोनों समयों की वर्षा को अपने अपने समय पर बरसाऊंगा, जिस से तू अपना अन्न, नया दाखमधु, और टटका तेल संचय कर सकेगा।
- 15और मै तेरे पशुओं के लिये तेरे मैदान में घास उपजाऊंगा, और तू पेट भर खाएगा और सन्तुष्ट रहेगा।
- 16इसलिये अपने विषय में सावधान रहो, ऐसा न हो कि तुम्हारे मन धोखा खाएं, और तुम बहककर दूसरे देवताओं की पूजा करने लगो और उनको दण्डवत् करने लगो,
- 17और यहोवा का कोप तुम पर भड़के, और वह आकाश की वर्षा बन्द कर दे, और भूमि अपनी उपज न दे, और तुम उस उत्तम देश में से जो यहोवा तुम्हें देता है शीघ्र नष्ट हो जाओ।
- 18इसलिये तुम मेरे ये वचन अपने अपने मन और प्राण में धारण किए रहना, और चिन्हानी के लिये अपने हाथों पर बान्धना, और वे तुम्हारी आंखों के मध्य में टीके का काम दें।
Cross references
- Job 31:27 अय्यूब 31:27मैं मन ही मन मोहित हो गया होता, और अपने मुंह से अपना हाथ चूम लिया होता;
- Hebrews 3:12 इब्रानियों 3:12हे भाइयो, चौकस रहो, कि तुम में ऐसा बुरा और अविश्वासी न मन हो, जो जीवते परमेश्वर से दूर हट जाए।
- Hebrews 2:1 इब्रानियों 2:1इस कारण चाहिए, कि हम उन बातों पर जो हम ने सुनी हैं और भी मन लगाएं, ऐसा न हो कि बहक कर उन से दूर चले जाएं।
- Deuteronomy 29:18 व्यवस्थाविवरण 29:18इसलिये ऐसा न हो, कि तुम लोगों में ऐसा कोई पुरूष, वा स्त्री, वा कुल, वा गोत्रा के लोग हों जिनका मन आज हमारे परमेश्वर यहोवा से फिर जाए, और वे जाकर उन जातियों के देवताओं की उपासना करें; फिर ऐसा न हो कि तुम्हारे मध्य ऐसी कोई जड़ हो, जिस से विष वा कडुआ बीज उगा हो,
- James 1:26 याकूब 1:26यदि कोई अपने आप को भक्त समझे, और अपनी जीभ पर लगाम न दे, पर अपने हृदय को धोखा दे, तो उस की भक्ति व्यर्थ है।
- Deuteronomy 8:19 व्यवस्थाविवरण 8:19यदि तू अपने परमेश्वर यहोवा को भूलकर दूसरे देवताओं के पीछे हो लेगा, और उसकी उपासना और उनको दण्डवत् करेगा, तो मैं आज तुम को चिता देता हूं कि तुम नि:सन्देह नष्ट हो जाओगे।
- Luke 21:34 लूका 21:34इसलिये सावधान रहो, ऐसा न हो कि तुम्हारे मन खुमार और मतवालेपन, और इस जीवन की चिन्ताओं से सुस्त हो जाएं, और वह दिन तुम पर फन्दे की नाई अचानक आ पड़े।
- 1 John 5:21 1 यूहन्ना 5:21हे बालको, अपने आप को मुरतों से बचाए रखो।।
- Deuteronomy 4:23 व्यवस्थाविवरण 4:23इसलिये अपने विषय में तुम सावधान रहो, कहीं ऐसा न हो कि तुम उस वाचा को भूलकर, जो तुम्हारे परमेश्वर यहोवा ने तुम से बान्धी है, किसी और वस्तु की मूर्त्ति खोदकर बनाओ, जिसे तुम्हारे परमेश्वर यहोवा ने तुम को मना किया है।
- Deuteronomy 30:17 व्यवस्थाविवरण 30:17परन्तु यदि तेरा मन भटक जाए, और तू न सुने, और भटककर पराए देवताओं को दण्डवत करे और उनकी उपासना करने लगे,
- Isaiah 44:20 यशायाह 44:20वह राख खाता है; भरमाई हुई बुद्धि के कारण वह भटकाया गया है और वह न अपने को बचा सकता और न यह कह सकता है, क्या मेरे दहिने हाथ में मिथ्या नहीं?
- Hebrews 12:15 इब्रानियों 12:15और ध्यान से देखते रहो, ऐसा न हो, कि कोई परमेश्वर के अनुग्रह से वंचित रह जाए, या कोई कड़वी जड़ फूटकर कष्ट दे, और उसके द्वारा बहुत से लोग अशुद्ध हो जाएं।