Deuteronomy · chapter 33 · verse 19
Deuteronomy 33:19 in Hindi
वे देश देश के लोगों को पहाड़ पर बुलाएंगे; वे वहां धर्मयज्ञ करेंगे; क्योंकि वे समुद्र का धन, और बालू के छिपे हुए अनमोल पदार्थ से लाभ उठाएंगे।।
Ve desh desh ke logom ko pahaad par bulaaenge; ve vahaam dharmayajny karenge; kyonki ve samudr kaa dhan, aur baaloo ke chhipe hue anamol padaarth se laabh uthaaenge..
Deuteronomy 33:19 in English
- King James Version (KJV)
- They shall call the people unto the mountain; there they shall offer sacrifices of righteousness: for they shall suck [of] the abundance of the seas, and [of] treasures hid in the sand.
- World English Bible (WEB)
- They will call the peoples to the mountain. There they will offer sacrifices of righteousness, for they will draw out the abundance of the seas, the hidden treasures of the sand.”
- American Standard Version (ASV)
- They shall call the peoples unto the mountain; There shall they offer sacrifices of righteousness: For they shall suck the abundance of the seas, And the hidden treasures of the sand.
- Bible in Basic English (BBE)
- They will send out the word for the people to come to the mountain, taking there the offerings of righteousness: for the store of the seas will be theirs, and the secret wealth of the sand.
- Darby Translation (DBY)
- They shall invite [the] peoples to the mountain; There they shall offer sacrifices of righteousness; For they will suck the abundance of the seas, And the hidden treasures of the sand.
- Webster's Bible (WBS)
- They shall call the people to the mountain; there they shall offer sacrifices of righteousness: for they shall suck [of] the abundance of the seas, and [of] treasures hid in the sand.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Peoples [to] the mountain they call, There they sacrifice righteous sacrifices; For the abundance of the seas they suck, And hidden things hidden in the sand.
Read in context
- 17वह प्रतापी है, मानो गया का पहिलौठा है, और उसके सींग बनैले बैल के से हैं; उन से वह देश देश के लोगों को, वरन पृथ्वी के छोर तक के सब मनुष्यों को ढकेलेगा; वे एप्रैम के लाखों लाख, और मनश्शे के हजारों हजार हैं।।
- 18फिर जबूलून के विषय में उस ने कहा, हे जबूलून, तू बाहर निकलते समय, और हे इस्साकार, तू अपने डेरों में आनन्द करे।।
- 19वे देश देश के लोगों को पहाड़ पर बुलाएंगे; वे वहां धर्मयज्ञ करेंगे; क्योंकि वे समुद्र का धन, और बालू के छिपे हुए अनमोल पदार्थ से लाभ उठाएंगे।।
- 20फिर गाद के विषय में उस ने कहा, धन्य वह है जो गाद को बढ़ाता है! गाद तो सिंहनी के समान रहता है, और बांह को, वरन सिर के चांद तक को फाड़ डालता है।।
- 21और उस ने पहिला अंश तो अपने लिये चुन लिया, क्योंकि वहां रईस के योग्य भाग रखा हुआ था; तब उस ने प्रजा के मुख्य मुख्य पुरूषों के संग आकर यहोवा का ठहराया हुआ धर्म, और इस्राएल के साथ होकर उसके नियम का प्रतिपालन किया।।
Cross references
- Isaiah 60:5 यशायाह 60:5तब तू इसे देखेगी और तेरा मुख चमकेगा, तेरा हृदय थरथराएगा और आनन्द से भर जाएगा; क्योंकि समुद्र का सारा धन और अन्यजातियों की धन- सम्पति तुझ को मिलेगी।
- Isaiah 2:3 यशायाह 2:3और बहुत देशों के लागे आएंगे, और आपस में कहेंगे: आओ, हम यहोवा के पर्वत पर चढ़कर, याकूब के परमेश्वर के भवन में जाएं; तब वह हमको अपने मार्ग सिखाएगा, और हम उसके पथों पर चलेंगे। क्योंकि यहोवा की व्यवस्था सिरयोन से, और उसका वचन यरूशलेम से निकलेगा।
- Psalm 4:5 भजन संहिता 4:5धर्म के बलिदान चढ़ाओ, और यहोवा पर भरोसा रखो।।
- Psalm 51:16–17 भजन संहिता 51:16–17क्योकि तू मेलबलि में प्रसन्न नहीं होता, नहीं तो मैं देता; होमबलि से भी तू प्रसन्न नहीं होता। टूटा मन परमेश्वर के योग्य बलिदान है; हे परमेश्वर, तू टूटे और पिसे हुए मन को तुच्छ नहीं जानता।।
- Psalm 50:13–15 भजन संहिता 50:13–15क्या मैं बैल का मांस खाऊं, वा बकरों का लोहू पीऊं? परमेश्वर को धन्यवाद ही का बलिदान चढ़ा, और परमप्रधान के लिये अपनी मन्नतें पूरी कर; और संकट के दिन मुझे पुकार; मैं तुझे छुड़ाऊंगा, और तू मेरी महिमा करने पाएगा।।
- Exodus 15:17 निर्गमन 15:17तू उन्हें पहुचाकर अपने निज भागवाले पहाड़ पर बसाएगा, यह वही स्थान है, हे यहोवा जिसे तू ने अपने निवास के लिये बनाया, और वही पवित्रास्थान है जिसे, हे प्रभु, तू ने आप स्थिर किया है।।
- Hebrews 13:15–16 इब्रानियों 13:15–16इसलिये हम उसके द्वारा स्तुतिरूपी बलिदान, अर्थात् उन होठों का फल जो उसके नाम का अंगीकार करते हैं, परमेश्वर के लिये सर्वदा चढ़ाया करें। पर भलाई करना, और उदारता न भूलो; क्योंकि परमेश्वर ऐसे बलिदानों से प्रसन्न होता है।
- 1 Peter 2:5 1 पतरस 2:5तुम भी आप जीवते पत्थरों की नाई आत्मिक घर बनते जाते हो, जिस से याजकों का पवित्रा समाज बनकर, ऐसे आत्मिक बलिदान चढ़ाओ, जो यीशु मसीह के द्वारा परमेश्वर को ग्राह्य हो।
- Micah 4:2 मीका 4:2और बहुत जातियों के लाग जाएंगे, और आपस में कहेंगे, आओ, हम यहोवा के पर्वत पर चढ़कर, याकूब के परमेश्वर के भवन में जाएं; तब वह हम को अपने मार्ग सिखाएगा, और हम उसके पथों पर चलेंगे। क्योंकि यहोवा की व्यवस्था सिरयोन से, और उसका वचन यरूशलेम से निकलेगा।
- Deuteronomy 32:13 व्यवस्थाविवरण 32:13उस ने उसको पृथ्वी के ऊंचे ऊंचे स्थानों पर सवार कराया, और उसको खेतों की उपज खिलाई; उस ने उसे चट्टान में से मधु और चकमक की चट्ठान में से तेल चुसाया।।
- Psalm 107:22 भजन संहिता 107:22और वे धन्यवादबलि चढ़ाएं, और जयजयकार करते हुए, उसके कामों का वर्णन करें।।
- Jeremiah 50:4–5 यिर्मयाह 50:4–5यहोवा की यह वाणी है, कि उन दिनों में इस्राएली और यहूदा एक संग आएंगे, वे रोते हुए अपने परमेश्वर यहोवा को ढूंढ़ने के लिये चले आएंगे। वे सिरयोन की ओर मुंह किए हुए उसका मार्ग पूछते और आपस में यह कहते आएंगे, कि आओ हम यहोवा से मेल कर लें, उसके साथ ऐसी वाचा बान्धे जो कभी भूली न जाए, परन्तु सदा स्थिर रहे।
Original words (Hebrew)
- call · H7121קָרָא qârâʼ
- people · H5971עַם ʻam
- mountain · H2022הַר har
- offer · H2076זָבַח zâbach
- sacrifices · H2077זֶבַח zebach
- righteousness · H6664צֶדֶק tsedeq
- suck · H3243יָנַק yânaq
- abundance · H8228שֶׁפַע shephaʻ
- seas · H3220יָם yâm
- treasures · H8226שָׂפַן sâphan
- hid · H2934טָמַן ṭâman
- sand · H2344חוֹל chôwl