Ezekiel · chapter 14 · verse 16
Ezekiel 14:16 in Hindi
तो चाहे उसे में वे तीन पुरूष हों, तौभी प्रभु यहोवा की यह वाणी है, मेरे जीवन की सौगन्ध, न वे पुत्रों को ओर न पुत्रियों को बचा सकेंगे; वे ही अकेले बचेंगे; परन्तु देश उजाड़ हो जाएगा।
To chaahe use mem ve teen puroosh hom, taubhee prabhu yahovaa kee yah vaanee hai, mere jeevan kee saugandh, na ve putrom ko or na putriyom ko bachaa sakenge; ve hee akele bachenge; parantu desh ujaad ho jaaegaa.
Ezekiel 14:16 in English
- King James Version (KJV)
- [Though] these three men [were] in it, [as] I live, saith the Lord GOD, they shall deliver neither sons nor daughters; they only shall be delivered, but the land shall be desolate.
- World English Bible (WEB)
- though these three men were in it, as I live,” says the Lord GOD, “they would deliver neither sons nor daughters. They only would be delivered, but the land would be desolate.
- American Standard Version (ASV)
- though these three men were in it, as I live, saith the Lord Jehovah, they should deliver neither sons nor daughters; they only should be delivered, but the land should be desolate.
- Bible in Basic English (BBE)
- Even if these three men were in it, by my life, says the Lord, they would not keep safe their sons or daughters, but only themselves, and the land would be made waste.
- Darby Translation (DBY)
- — though these three men should be in it, [as] I live, saith the Lord Jehovah, they should deliver neither sons nor daughters: they only should be delivered, and the land should be a desolation.
- Webster's Bible (WBS)
- [Though] these three men [were] in it, [as] I live, saith the Lord GOD, they shall deliver neither sons nor daughters; they only shall be delivered, but the land shall be desolate.
- Young's Literal Translation (YLT)
- these three men in its midst: I live — an affirmation of the Lord Jehovah — neither sons nor daughters do they deliver; they alone are delivered, and the land is a desolation.
Read in context
- 14तब चाहे उस में नूह, दानिरयेल और अरयूब ये तीनों पुरूष हों, तौभी वे अपने धर्म के द्वारा केवल अपने ही प्राणों को बचा सकेंगे; प्रभु यहोवा की यही वाणी हे।
- 15यदि मैं किसी देश में दुष्ट जन्तु भेजूं जो उसको निर्जन करके उजाड़ कर डालें, और जन्तुओं के कारण कोई उस में होकर न जाएं,
- 16तो चाहे उसे में वे तीन पुरूष हों, तौभी प्रभु यहोवा की यह वाणी है, मेरे जीवन की सौगन्ध, न वे पुत्रों को ओर न पुत्रियों को बचा सकेंगे; वे ही अकेले बचेंगे; परन्तु देश उजाड़ हो जाएगा।
- 17और यदि मैं उस देश पर तलवार खीचकर कहूं, हे तलवार उस देश में चल; और इस रीति मैं उस में से मनुष्य और पशु नाश करूं,
- 18तब चाहे उस में वे तीन पुरूष भी हों, तौभी प्रभु यहोवा की यह वाणी है, मेरे जीवन की सौगन्ध, न तो वे पुत्रों को और न पुत्रियों को बचा सकेंगे, वे ही अकेले बचेंगे।
Cross references
- Genesis 19:29 उत्पत्ति 19:29और ऐसा हुआ, कि जब परमेश्वर ने उस तराई के नगरों को, जिन में लूत रहता था, उलट पुलट कर नाश किया, तब उस ने इब्राहीम को याद करके लूत को उस घटना से बचा लिया।
- Genesis 18:23–33 उत्पत्ति 18:23–33तब इब्राहीम उसके समीप जाकर कहने लगा, क्या सचमुच दुष्ट के संग धर्मी को भी नाश करेगा? कदाचित् उस नगर में पचास धर्मी हों: तो क्या तू सचमुच उस स्थान को नाश करेगा और उन पचास धर्मियों के कारण जो उस में हो न छोड़ेगा? इस प्रकार का काम करना तुझ से दूर रहे कि दुष्ट के संग धर्मी को भी मार डाले और धर्मी और दुष्ट दोनों की एक ही दशा हो। यहोवा ने कहा यदि मुझे सदोम में पचास धर्मी मिलें, तो उनके कारण उस सारे स्थान को छोडूंगा। फिर इब्राहीम ने कहा, हे प्रभु, सुन मैं तो मिट्टी और राख हूं; तौभी मैं ने इतनी ढिठाई की कि तुझ से बातें करूं। कदाचित् उन पचास धर्मियों मे पांच घट जाए: तो क्या तू पांच ही के घटने के कारण उस सारे नगर का नाश करेगा? उस ने कहा, यदि मुझे उस में पैंतालीस भी मिलें, तौभी उसका नाश न करूंगा। फिर उस ने उस से यह भी कहा, कदाचित् वहां चालीस मिलें। उस ने कहा, तो मैं चालीस के कारण भी ऐसा ने करूंगा। फिर उस ने कहा, हे प्रभु, क्रोध न कर, तो मैं कुछ और कहूं: कदाचित् वहां तीस मिलें। उस ने कहा यदि मुझे वहां तीस भी मिलें, तौभी ऐसा न करूंगा। फिर उस ने कहा, हे प्रभु, सुन, मैं ने इतनी ढिठाई तो की है कि तुझ से बातें करूं: कदाचित् उस में बीस मिलें। उस ने कहा, मैं बीस के कारण भी उसका नाश न करूंगा। फिर उस ने कहा, हे प्रभु, क्रोध न कर, मैं एक ही बार और कहूंगा: कदाचित् उस में दस मिलें। उस ने कहा, तो मैं दस के कारण भी उसका नाश न करूंगा। जब यहोवा इब्राहीम से बातें कर चुका, तब चला गया: और इब्राहीम अपने घर को लौट गया।।
- Ezekiel 18:20 यहेजकेल 18:20जो प्राणी पाप करे वही मरेगा, न तो पुत्रा पिता के अधर्म का भार उठाएगा और न पिता पुत्रा का; धम को अपने ही धर्म का फल, और दुष्ट को अपनी ही दुष्टता का फल मिलेगा।
- Ezekiel 14:20 यहेजकेल 14:20तो चाहे नूह, दानिरयेल और अरयूब भी उस में हों, तौभी, प्रभु यहोवा की यह वाणी है, मेरे जीवन की सौगन्ध, वे न पुत्रों को और न पुत्रियों को बचा सकेंगे, अपने धर्म के द्वारा वे केवल अपने ही प्राणों को बचा सकेंगे।
- Acts 27:24 प्रेरितों के काम 27:24हे पौलुस, मत डर; तुझे कैसर के साम्हने खड़ा होना अवश्य है: और देख, परमेश्वर ने सब को जो तेरे साथ यात्रा करते हैं, तुझे दिया है।
- Numbers 14:28–29 गिनती 14:28–29सो उन से कह, कि यहोवा की यह वाणी है, कि मेरे जीवन की शपथ जो बातें तुम ने मेरे सुनते कही हैं, नि:सन्देह मैं उसी के अनुसार तुम्हारे साथ व्यवहार करूंगा। तुम्हारी लोथें इसी जंगल में पड़ी रहेंगी; और तुम सब में से बीस वर्ष की वा उस से अधिक अवस्था के जितने गिने गए थे, और मुझ पर बुड़बुड़ाते थे,
- Hebrews 11:7 इब्रानियों 11:7विश्वास ही से नूह ने उन बातों के विषय में जो उस समय दिखाई न पड़ती थीं, चितौनी पाकर भक्ति के साथ अपने घराने के बचाव के लिये जहाज बनाया, और उसके द्वारा उस ने संसार को दोषी ठहराया; और उस धर्म का वारिस हुआ, जो विश्वास से होता है।
- Matthew 18:19–20 मत्ती 18:19–20फिर मैं तुम से कहता हूं, यदि तुम में से दो जन पृथ्वी पर किसी बात के लिये जिसे वे मांगें, एक मन के हों, तो वह मेरे पिता की ओर से स्वर्ग में है उन के लिये हो जाएगी। क्योंकि जहां दो या तीन मेरे नाम पर इकट्ठे होते हैं वहां मैं उन के बीच में होता हूं।।
- Ezekiel 14:18 यहेजकेल 14:18तब चाहे उस में वे तीन पुरूष भी हों, तौभी प्रभु यहोवा की यह वाणी है, मेरे जीवन की सौगन्ध, न तो वे पुत्रों को और न पुत्रियों को बचा सकेंगे, वे ही अकेले बचेंगे।
- James 5:16 याकूब 5:16इसलिये तुम आपस में एक दूसरे के साम्हने अपने अपने पापों को मान लो; और एक दूसरे के लिये प्रार्थना करो, जिस से चंगे हो जाओ; धर्मी जन की प्रार्थना के प्रभाव से बहुत कुछ हो सकता है।
- Job 22:20 अय्यूब 22:20जो हमारे विरूद्ध उठे थे, निेसन्देह मिट गए और उनका बड़ा धन आग का कौर हो गया है।
- Ezekiel 33:11 यहेजकेल 33:11सो तू ने उन से यह कह, परमेश्वर यहोवा की यह वाणी है, मेरे जीवन की सौगन्ध, मैं दुष्ट के मरने से कुछ भी प्रसन्न नहीं होता, परन्तु इस से कि दुष्ट अपने मार्ग से फिर कर जीवित रहे; हे इस्राएल के घराने, तुम अपने अपने बुरे मार्ग से फिर जाओ; तुम क्यों मरो?
Original words (Hebrew)
- three · H7969שָׁלוֹשׁ shâlôwsh
- men · H582אֱנוֹשׁ ʼĕnôwsh
- it · H8432תָּוֶךְ tâvek
- live · H2416חַי chay
- saith · H5002נְאֻם nᵉʼum
- Lord · H136אֲדֹנָי ʼĂdônây
- deliver · H5337נָצַל nâtsal
- sons · H1121בֵּן bên
- daughters · H1323בַּת bath
- delivered · H5337נָצַל nâtsal
- land · H776אֶרֶץ ʼerets
- desolate · H8077שְׁמָמָה shᵉmâmâh