Ezekiel · chapter 3 · verse 11
Ezekiel 3:11 in Hindi
और उन बंधुओं के पास जाकर, जो तेरे जाति भाई हैं, उन से बातें करना और कहना, कि प्रभु यहोवा यों कहता है; चाहे वे सुनें, व न सुनें।
Aur un bandhuom ke paas jaakar, jo tere jaati bhaaee haim, un se baatem karanaa aur kahanaa, ki prabhu yahovaa yom kahataa hai; chaahe ve sunem, va na sunen.
Ezekiel 3:11 in English
- King James Version (KJV)
- And go, get thee to them of the captivity, unto the children of thy people, and speak unto them, and tell them, Thus saith the Lord GOD; whether they will hear, or whether they will forbear.
- World English Bible (WEB)
- Go to them of the captivity, to the children of your people, and speak to them, and tell them, ‘This is what the Lord GOD says,’ whether they will hear, or whether they will refuse.”
- American Standard Version (ASV)
- And go, get thee to them of the captivity, unto the children of thy people, and speak unto them, and tell them, Thus saith the Lord Jehovah; whether they will hear, or whether they will forbear.
- Bible in Basic English (BBE)
- And go now to those who have been taken away as prisoners, to the children of your people, and say to them, This is what the Lord has said; if they give ear or if they do not.
- Darby Translation (DBY)
- and go, get thee to them of the captivity, unto the children of thy people, and speak unto them, and tell them, Thus saith the Lord Jehovah, — whether they will hear or whether they will forbear.
- Webster's Bible (WBS)
- And depart, go to them of the captivity, to the children of thy people, and speak to them, and tell them, Thus saith the Lord GOD; whether they will hear, or whether they will forbear.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and go, enter in unto the Removed, unto the sons of thy people, and thou hast spoken unto them, and hast said unto them: Thus said the Lord Jehovah: whether they hear, or whether they forbear.'
Read in context
- 9मैं तेरे माथे को हीरे के तुल्य कड़ा कर दोता हूँ जो चकमक पत्थ्र से भी कड़ा होता है; सो तू उन से न डरना, और न उनके मुंह देखकर तेरा मन कच्चा हो; क्योंकि वे बलवई घराने के हैं।
- 10फिर उस ने मुझ से कहा, हे मनुष्य के सन्तान,:कितने वचन मैं तुझ से कहूँ, वे सब हृदय में रख और कानों से सुन।
- 11और उन बंधुओं के पास जाकर, जो तेरे जाति भाई हैं, उन से बातें करना और कहना, कि प्रभु यहोवा यों कहता है; चाहे वे सुनें, व न सुनें।
- 12तब आत्मा ने मुझे उठाया, और मैं ने अपने पीछे बड़ी घड़घड़ाहट के साथ एक शब्द सुना, कि यहोवा के भवन से उसका तेज धन्य है।
- 13और उसके साथ ही उन जीवधारियों के पंखों का शब्द, जो एक दूसरे से लगते थे, और उनके संग के पहियों का शब्द और एक बड़ी ही घड़घड़ाहट सुन पड़ी।
Cross references
- Ezekiel 2:7 यहेजकेल 2:7सो चाहे वे सुनें या न सुनें; तौभी तू मेरे वचन उन से कहना, वे तो बड़े बलवई हैं।
- Ezekiel 33:2 यहेजकेल 33:2हे मनुष्य के सन्तान, अपने लोगों से कह, जब मैं किसी देश पर तलवार चलाने लगूं, और उस देश के लोग किसी को अपना पहरुआ कर के ठहराएं,
- Ezekiel 2:5 यहेजकेल 2:5और तू उन से कहना, प्रभु यहोवा यों कहता हे, इस से वे, जो बलवा करनेवाले घराने के हैं, चाहे वे सुनें व न सुनें, तौभी वे इतना जान लेंगे कि हमारे बीच एक भविष्यद्वक्ता प्रगट हुआ है।
- Ezekiel 3:27 यहेजकेल 3:27परन्तु जब जब मैं तुझ से बातें करूं, तब तब तेरे मुंह को खोलूंगा, और तू उन से ऐसा कहना, कि प्रभु यहोवा यों कहता है, जो सुनता है वह सुन ले और जो नहीं सुनता वह न सुने, वे तो बलवई घराने के हैं ही।
- Ezekiel 33:17 यहेजकेल 33:17तौभी तुम्हारे लोग कहते हैं, प्रभु की चाल ठीक नहीं; परन्तु उन्हीं की चाल ठीक नहीं है।
- Ezekiel 33:12 यहेजकेल 33:12और हे मनुष्य के सन्तान, अपने लोगों से यह कह, जब धमीं जन अपराध करे तब उसका धर्म उसे बचा न सकेगा; और दुष्ट की दुष्टता भी जो हो, जब वह उस से फिर जाए, तो उसके कारण वह न गिरेगा; और धमीं जन जब वह पाप करे, तब अपने धर्म के कारण जीवित न रहेगा।
- Ezekiel 33:30 यहेजकेल 33:30और हे मनुष्य के सन्तान, तेरे लोग भीतों के पास और घरों के द्वारों में तेरे विषय में बातें करते और एक दूसरे से कहते हैं, आओ, सुनो, कि यहोवा की ओर से कौन सा वचन निकलता है।
- Exodus 32:7 निर्गमन 32:7तब यहोवा ने मूसा से कहा, नीचे उतर जा, क्योंकि तेरी प्रजा के लोग, जिन्हें तू मि देश से निकाल ले आया है, सो बिगड़ गए हैं;
- Ezekiel 37:18 यहेजकेल 37:18और जब तेरे लोग तुझ से पूछें, क्या तू हमें न बताएगा कि इन से तेरा क्या अभिप्राय है?
- Acts 20:26–27 प्रेरितों के काम 20:26–27इसलिये मैं आज के दिन तुम से गवाही देकर कहता हूं, कि मैं सब के लोहू से निर्दोष हूं। क्योंकि मैं परमेश्वर की सारी मनसा को तुम्हें पूरी रीति से बनाने से न झिझका।
- Ezekiel 3:15 यहेजकेल 3:15और मैं उन बंधुओं के पास आया जो कबार नदी के तीर पर तेलाबीब में रहते थे। और वहां मैं सात दिन तक उनके बीच व्याकुल होकर बैठा रहा।
- Ezekiel 11:24–25 यहेजकेल 11:24–25फिर आत्मा ने मुझे उठाया, और परमेश्वर के आत्मा की शक्ति से दर्शन में मुझे कसदियों के देश में बंधुुओं के पास पहुंचा दिया। और जो दर्शन मैं ने पाया था वह लोप हो गया। तब जितनी बातें यहोवा ने मुझे दिखाई थीं, वे मैं ने बंधुओं को बता दीं।