Genesis · chapter 16 · verse 9
Genesis 16:9 in Hindi
यहोवा के दूत ने उस से कहा, अपनी स्वामिनी के पास लौट जा और उसके वश में रह।
Yahovaa ke doot ne us se kahaa, apanee svaaminee ke paas laut jaa aur usake vash mem rah.
Genesis 16:9 in English
- King James Version (KJV)
- And the angel of the LORD said unto her, Return to thy mistress, and submit thyself under her hands.
- World English Bible (WEB)
- The LORD’s angel said to her, “Return to your mistress, and submit yourself under her hands.”
- American Standard Version (ASV)
- And the angel of Jehovah said unto her, Return to thy mistress, and submit thyself under her hands.
- Bible in Basic English (BBE)
- And the angel said to her, Go back, and put yourself under her authority.
- Darby Translation (DBY)
- And the Angel of Jehovah said to her, Return to thy mistress, and submit thyself under her hands.
- Webster's Bible (WBS)
- And the angel of the LORD said to her, Return to thy mistress, and submit thyself under her hands.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And the messenger of Jehovah saith to her, 'Turn back unto thy mistress, and humble thyself under her hands;'
Read in context
- 7तब यहोवा के दूत ने उसके जंगल में शूर के मार्ग पर जल के एक सोते के पास पाकर कहा,
- 8हे सारै की लौंडी हाजिरा, तू कहां से आती और कहां को जाती है? उस ने कहा, मैं अपनी स्वामिनी सारै के साम्हने से भग आई हूं।
- 9यहोवा के दूत ने उस से कहा, अपनी स्वामिनी के पास लौट जा और उसके वश में रह।
- 10और यहोवा के दूत ने उस से कहा, मैं तेरे वंश को बहुत बढ़ाऊंगा, यहां तक कि बहुतायत के कारण उसकी गणना न हो सकेगी।
- 11और यहोवा के दूत ने उस से कहा, देख तू गर्भवती है, और पुत्रा जनेगी, सो उसका नाम इश्माएल रखना; क्योंकि यहोवा ने तेरे दु:ख का हाल सुन लिया है।
Cross references
- Titus 2:9 तीतुस 2:9दासों को समझा, कि अपने अपने स्वामी के आधीन रहें, और सब बातों में उन्हें प्रसन्न रखें, और उलटकर जवाब न दें।
- 1 Peter 5:5–6 1 पतरस 5:5–6हे नवयुवकों, तुम भी प्राचीनों के आधीन रहो, बरन तुम सब के सब एक दूसरे की सेवा के लिये दीनता से कमर बान्धे रहो, क्योंकि परमेश्वर अभिमानियों का साम्हना करता है, परन्तु दीनों पर अनुग्रह करता है। इसलिये परमेश्वर के बलवन्त हाथ के नीचे दीनता से रहो, जिस से वह तुम्हें उचित समय पर बढ़ाए।
- Ecclesiastes 10:4 सभोपदेशक 10:4यदि हाकिम का क्रोध तुझ पर भड़के, तो अपना स्थान न छोड़ना, क्योंकि धीरज धरने से बड़े बड़े पाप रूकते हैं।।
- 1 Peter 2:18–25 1 पतरस 2:18–25हे सेवकों, हर प्रकार के भय के साथ अपने स्वामियों के आधीन रहो, न केवल भलों और नम्रों के, पर कुटिलों के भी। क्योंकि यदि कोई परमेश्वर का विचार करके अन्याय से दुख उठाता हुआ क्लेश सहता है, तो यह सुहावना है। क्योंकि यदि तुम ने अपराध करके घूसे खाए और धीरज धरा, तो उस में क्या बड़ाई की बात है? पर यदि भला काम करके दुख उठाते हो और धीरज धरते हो, तो यह परमेश्वर को भाता है। और तुम इसी के लिये बुलाए भी गए हो क्योंकि मसीह भी तुम्हारे लिये दुख उठाकर, तुम्हें एक आदर्श दे गया है, कि तुम भी उसके चिन्ह पर चलो। न तो उस ने पाप किया, और न उसके मुंह से छल की कोई बात निकली। वह गाली सुनकर गाली नहीं देता था, और दुख उठाकर किसी को भी धमकी नहीं देता था, पर अपने आप को सच्चे न्यायी के हाथ में सौपता था। वह आप ही हमारे पापों को अपनी देह पर लिए हुए क्रूस पर चढ़ गया जिस से हम पापों के लिये मर करके धार्मिकता के लिये जीवन बिताएं: उसी के मार खाने से तुम चंगे हुए। क्योंकि तुम पहिले भटकी हुई भेड़ों की नाईं थे, पर अब अपने प्राणों के रखवाले और अध्यक्ष के पास फिर आ गए हो।
- Ephesians 6:5–6 इफिसियों 6:5–6हे दासो, जो लोग शरीर के अनुसार तुम्हारे स्वामी हैं, अपने मन की सीधाई से डरते, और कांपते हुए, जैसे मसीह की, वैसे ही उन की भी आज्ञा मानो। और मनुष्यों को प्रसन्न करनेवालों की नाई दिखाने के लिये सेवा न करो, पर मसीह के दासों की नाई मन से परमेश्वर की इच्छा पर चलो।
- Ephesians 5:21 इफिसियों 5:21और मसीह के भय से एक दूसरे के आधीन रहो।।