Isaiah · chapter 1 · verse 2
Isaiah 1:2 in Hindi
हे स्वर्ग सुन, और हे पृथ्वी कान लगा; क्योंकि यहोवा कहता है: मैं ने बालबच्चों का पालन पोषण किया, और उनको बढ़ाया भी, परन्तु उन्हों ने मुझ से बलवा किया।
He svarg sun, aur he pruthvee kaan lagaa; kyonki yahovaa kahataa hai: maim ne baalabachchom kaa paalan poshan kiyaa, aur unako badhaayaa bhee, parantu unhom ne mujh se balavaa kiyaa.
Isaiah 1:2 in English
- King James Version (KJV)
- Hear, O heavens, and give ear, O earth: for the LORD hath spoken, I have nourished and brought up children, and they have rebelled against me.
- World English Bible (WEB)
- Hear, heavens, and listen, earth; for the LORD has spoken: “I have nourished and brought up children and they have rebelled against me.
- American Standard Version (ASV)
- Hear, O heavens, and give ear, O earth; for Jehovah hath spoken: I have nourished and brought up children, and they have rebelled against me.
- Bible in Basic English (BBE)
- Give ear, O heavens, and you, O earth, to the word which the Lord has said: I have taken care of my children till they became men, but their hearts have been turned away from me.
- Darby Translation (DBY)
- Hear, [ye] heavens, and give ear, [thou] earth! for Jehovah hath spoken: I have nourished and brought up children; and they have rebelled against me.
- Webster's Bible (WBS)
- Hear, O heavens, and give ear, O earth: for the LORD hath spoken, I have nourished and brought up children, and they have rebelled against me.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Hear, O heavens, and give ear, O earth, For Jehovah hath spoken: Sons I have nourished and brought up, And they — they transgressed against Me.
Read in context
- 1आमोस के पुत्रा यशायाह का दर्शन, जिसको उस ने यहूदा और यरूशलेम के विषय में उज्जियाह, योताम, आहाज, और हिजकिरयाह नाम यहूदा के राजाओं के दिनों में पाया।
- 2हे स्वर्ग सुन, और हे पृथ्वी कान लगा; क्योंकि यहोवा कहता है: मैं ने बालबच्चों का पालन पोषण किया, और उनको बढ़ाया भी, परन्तु उन्हों ने मुझ से बलवा किया।
- 3बैल तो अपने मालिक को और गदहा अपने स्वामी की चरनी को पहिचानता है, परन्तु इस्राएल मुझें नहीं जानता, मेरी प्रजा विचार नहीं करती।।
- 4हाय, यह जाति पाप से कैसी भरी है! यह समाज अधर्म से कैसा लदा हुआ है! इस वंश के लोग कैसे कुकर्मी हैं, ये लड़केबाले कैसे बिगड़े हुए हैं! उन्हों ने यहोवा को छोड़ दिया, उन्हों ने इस्राएल के पवित्रा को तुच्छ जाना है! वे पराए बनकर दूर हो गए हैं।।
Cross references
- Deuteronomy 32:1 व्यवस्थाविवरण 32:1हे आकाश, कान लगा, कि मैं बोलूं; और हे पृथ्वी, मेरे मुंह की बातें सुन।।
- Deuteronomy 30:19 व्यवस्थाविवरण 30:19मैं आज आकाश और पृथ्वी दोनों को तुम्हारे साम्हने इस बात की साक्षी बनाता हूं, कि मैं ने जीवन और मरण, आशीष और शाप को तुम्हारे आगे रखा है; इसलिये तू जीवन ही को अपना ले, कि तू और तेरा वंश दोनों जीवित रहें;
- Micah 1:2 मीका 1:2हे जाति- जाति के सब लोगों, सुनो! हे पृथ्वी तू उस सब समेत जो तुझ में है, ध्यान दे! और प्रभु यहोवा तुम्हारे विरूद्ध, वरन परमेश्वर अपने पवित्रा मन्दिर में से तुम पर साक्षी दे।
- Deuteronomy 4:26 व्यवस्थाविवरण 4:26तो मैं आज आकाश और पृथ्वी को तुम्हारे विरूद्ध साक्षी करके कहता हूं, कि जिस देश के अधिकारी होने के लिये तुम यरदन पार जाने पर हो उस में तुम जल्दी बिल्कुल नाश हो जाओगे; और बहुत दिन रहने न पाओगे, किन्तु पूरी रीति से नष्ट हो जाओगे।
- Psalm 50:4 भजन संहिता 50:4वह अपनी प्रजा का न्याय करने के लिये ऊपर से आकाश को और पृथ्वी को भी पुकारेगा:
- Malachi 1:6 मलाकी 1:6पुत्रा पिता का, और दास स्वामी का आदर करता है। यदि मैं पिता हूं, तो मेरा आदर मानना कहां है? और यदि मैं स्वामी हूं, तो मेरा भय मानना कहां? सेनाओं का यहोवा, तुम याजकों से भी जो मेरे नाम का अपमान करते हो यही बात पूछता है। परन्तु तुम पूछते हो, हम ने किस बात में तेरे नाम का अपमान किया है? तुम मेरी वेदी पर अशुद्ध भोजन चढ़ाते हो।
- Micah 6:1–2 मीका 6:1–2जो बात यहोवा कहता है, उसे सुनो: उठकर, पहाड़ों के साम्हने वादविवाद कर, और टीले भी तेरी सुनने पाएं। हे पहाड़ों, और हे पृथ्वी की अटल नेव, यहोवा का वादविवाद सुनो, क्योंकि यहोवा का अपनी प्रजा के साथ मुक मा है, और वह इस्राएल से वादविवाद करता है।।
- Amos 3:1 आमोस 3:1हे इस्राएलियो, यह वचन सुनो जो यहोवा ने तुम्हारे विषय में अर्थात् उस सारे कुल के विषय में कहा है जिस मैं मि देश से लाया हूं:
- Micah 3:8 मीका 3:8परन्तु मैं तो यहोवा की आत्मा से शक्ति, न्याय और पराक्रम पाकर परिपूर्ण हूं कि मैं याकूब को उसका अपराध और इस्राएल को उसका पाप जता सकूं।
- Isaiah 63:9–10 यशायाह 63:9–10उनके सारे संकट में उस ने भी कष्ट उठाया, और उसके सम्मुख रहनेवाले दूत ने उनका उद्धार किया; प्रेम और कोमलता से उस ने आप की उनको छुड़ाया; उस ने उन्हें उठाया और प्राचीनकाल से सदा उन्हें लिए फिरा। तौभी उन्हों ने बलवा किया और उसके पवित्रा आत्मा को खेदित किया; इस कारण वह पलटकर उनका शत्रु हो गया, और स्वयं उन से लड़ने लगा।
- Isaiah 65:2 यशायाह 65:2मैं एक हठीली जाति के लोगों की ओर दिन भर हाथ फैलाए रहा, जो अपनी युक्तियों के अनुसार बुरे मार्गों में चलते हैं।
- Isaiah 30:9 यशायाह 30:9क्योंकि वे बलवा करनेवाले लोग और झूठ बोलनेवाले लड़के हैं जो यहोवा की शिक्षा को सुनना नहीं चाहते।