Isaiah · chapter 65 · verse 2
Isaiah 65:2 in Hindi
मैं एक हठीली जाति के लोगों की ओर दिन भर हाथ फैलाए रहा, जो अपनी युक्तियों के अनुसार बुरे मार्गों में चलते हैं।
Maim ek hatheelee jaati ke logom kee or din bhar haath phailaae rahaa, jo apanee yuktiyom ke anusaar bure maargom mem chalate hain.
Isaiah 65:2 in English
- King James Version (KJV)
- I have spread out my hands all the day unto a rebellious people, which walketh in a way [that was] not good, after their own thoughts;
- World English Bible (WEB)
- I have spread out my hands all day to a rebellious people, who walk in a way that is not good, after their own thoughts;
- American Standard Version (ASV)
- I have spread out my hands all the day unto a rebellious people, that walk in a way that is not good, after their own thoughts;
- Bible in Basic English (BBE)
- All day my hands have been stretched out to an uncontrolled people, who go in an evil way, after the purposes of their hearts;
- Darby Translation (DBY)
- I have stretched out my hands all the day unto a rebellious people, who walk in a way not good, after their own thoughts;
- Webster's Bible (WBS)
- I have spread out my hands all the day to a rebellious people, which walketh in a way [that is] not good, after their own thoughts;
- Young's Literal Translation (YLT)
- I have spread out My hands all the day Unto an apostate people, Who are going in the way not good after their own thoughts.
Read in context
- 1जो मुझ को पूछते भी न थे वे मेरे खोजी हैं; जो मुझे ढूंढ़ते भी न थे उन्हों ने मुझे पा लिया, और जो जाति मेरी नहीं कहलाई थी, उस से भी मैं कहता हूं, देख, मैं उपस्थित हूं।
- 2मैं एक हठीली जाति के लोगों की ओर दिन भर हाथ फैलाए रहा, जो अपनी युक्तियों के अनुसार बुरे मार्गों में चलते हैं।
- 3ऐसे लो, जो मेरे साम्हने ही बारियों में बलि चढ़ा चढ़ाकर और ईंटों पर धूप जला जलाकर, मुझे लगातार क्रोध दिलाते हैं।
- 4ये कब्र के बीच बैठते और छिपे हुए स्थानों में रात बिताते; जो सूअर का मांस खाते, और घृणित वस्तुओं का रस अपने बर्तनों में रखते;
Cross references
- Romans 10:21 रोमियों 10:21परन्तु इस्त्राएल के विषय में वह यह कहता है कि मैं सारे दिन अपने हाथ एक आज्ञा न माननेवाली और विवाद करनेवाली प्रजा की ओर पसारे रहा।।
- Proverbs 1:24 नीतिवचन 1:24मैं ने तो पुकारा परन्तु तुम ने इनकार किया, और मैं ने हाथ फैलाया, परन्तु किसी ने ध्यान न दिया,
- Jeremiah 4:14 यिर्मयाह 4:14हे यरूशलेम, अपना हृदय बुराई से धो, कि, तुम्हारा उठ्ठार हो जाए। तुम कब तक व्यर्थ कल्पनाएं करते रहोगे?
- Psalm 81:11–12 भजन संहिता 81:11–12परन्तु मेरी प्रजा ने मेरी न सुनी; इस्त्राएल ने मुझ को न चाहा। इसलिये मैं ने उसको उसके मन के हठ पर छोड़ दिया, कि वह अपनी ही युक्तियों के अनुसार चले।
- Isaiah 1:2 यशायाह 1:2हे स्वर्ग सुन, और हे पृथ्वी कान लगा; क्योंकि यहोवा कहता है: मैं ने बालबच्चों का पालन पोषण किया, और उनको बढ़ाया भी, परन्तु उन्हों ने मुझ से बलवा किया।
- Jeremiah 5:23 यिर्मयाह 5:23पर इस प्रजा का हठीला और बलवा करनेवाला मन है; इन्हों ने बलवा किया और दूर हो गए हैं।
- Jeremiah 7:24 यिर्मयाह 7:24पर उन्हों ने मेरी न सुनी और न मेरी बातों पर कान लगाया; वे अपनी ही युक्तियों और अपने बुरे मन के हठ पर चलते रहे और पीछे हट गए पर आगे न बढ़े।
- Isaiah 63:10 यशायाह 63:10तौभी उन्हों ने बलवा किया और उसके पवित्रा आत्मा को खेदित किया; इस कारण वह पलटकर उनका शत्रु हो गया, और स्वयं उन से लड़ने लगा।
- Romans 2:5 रोमियों 2:5पर अपनी कठोरता और हठीले मन के अनुसार उसके क्रोध के दिन के लिये, जिस में परमेश्वर का सच्चा न्याय प्रगट होगा, अपने निमित्त क्रोध कमा रहा है।
- Acts 7:51–52 प्रेरितों के काम 7:51–52जैसा तुम्हारे बाप दादे करते थे, वैसे ही तुम भी करते हो। भविष्यद्वक्ताओं में से किस को तुम्हारे बाप दादों ने नहीं सताया, और उन्होंने उस धर्मी के आगमन का पूर्वकाल से सन्देश देने वालों को मार डाला, और अब तुम भी उसके पकड़वाने वाले और मार डालने वाले हुए।
- Luke 19:41–42 लूका 19:41–42जब वह निकट आया तो नगर को देखकर उस पर रोया। और कहा, क्या ही भला होता, कि तू; हां, तू ही, इसी दिन में कुशल की बातें जानता, परन्तु अब वे तेरी आंखों से छिप गई हैं।
- Matthew 23:37 मत्ती 23:37हे यरूशलेम, हे यरूशलेम; तू जो भविष्यद्वक्ताओं को मार डालता है, और जो तेरे पास भेजे गए, उन्हें पत्थरवाह करता है, कितनी ही बार मैं ने चाहा कि जैसे मुर्गी अपने बच्चों को अपने पंखों के नीचे इकट्ठे करती है, वैसे ही मैं भी तेरे बालकों को इकट्ठे कर लूं, परन्तु तुम ने न चाहा।