Isaiah · chapter 10 · verse 2
Isaiah 10:2 in Hindi
कि वे कंगालों का न्याय बिगाड़ें और मेरी प्रजा के दी लोगों का हक मारें, कि वे विधवाओं को लूटें और अनाथों का माल अपना लें!
Ki ve kangaalom kaa nyaay bigaadem aur meree prajaa ke dee logom kaa hak maarem, ki ve vidhavaaom ko lootem aur anaathom kaa maal apanaa lem!
Isaiah 10:2 in English
- King James Version (KJV)
- To turn aside the needy from judgment, and to take away the right from the poor of my people, that widows may be their prey, and [that] they may rob the fatherless!
- World English Bible (WEB)
- to deprive the needy of justice, and to rob the poor among my people of their rights, that widows may be their plunder, and that they may make the fatherless their prey!
- American Standard Version (ASV)
- to turn aside the needy from justice, and to rob the poor of my people of their right, that widows may be their spoil, and that they may make the fatherless their prey!
- Bible in Basic English (BBE)
- Who do wrong to the poor in their cause, and take away the right of the crushed among my people, so that they may have the property of widows, and get under their power those who have no father.
- Darby Translation (DBY)
- to turn away the poor from judgment, and to take away the right from the afflicted of my people; that widows may be their prey, and that they may rob the fatherless!
- Webster's Bible (WBS)
- To turn aside the needy from judgment, and to take away the right from the poor of my people, that widows may be their prey, and [that] they may rob the fatherless!
- Young's Literal Translation (YLT)
- To turn aside from judgment the poor, And to take violently away the judgment Of the afflicted of My people, That widows may be their prey, That the fatherless they may spoil.
Read in context
- 1हाय उन पर जो दुष्टता से न्याय करते, और उन पर जो उत्पात करने की आज्ञा लिख देते हैं,
- 2कि वे कंगालों का न्याय बिगाड़ें और मेरी प्रजा के दी लोगों का हक मारें, कि वे विधवाओं को लूटें और अनाथों का माल अपना लें!
- 3तुम दण्ड के दिन और उस आपत्ति के दिन जो दूर से आएगी क्या करोगे? तुम सहायता के लिये किसके पास भाग कर जाओगे?
- 4और तुम अपने विभव को कहां रख्.ा छोड़ोगे? वे केवल बंधुओं के पैरों के पास गिर पड़ेंगे और मरे हुओं के नीचे दबे पड़े रहेंगे। इतने पर भी उसका क्रोध शान्त नहीं हुआ और उसका हाथ अब तक बढ़ा हुआ है।।
Cross references
- Malachi 3:5 मलाकी 3:5तब मैं न्याय करने को तुम्हारे निकट आऊंगा; और टोन्हों, और व्यभिचारियों, और झूठी किरिया खानेवालों के विरूद्ध, और जो मजदूर की मजदूरी को दबाते, और विधवा और अनाथों पर अन्धेर करते, और परदेशी का न्याय बिगाड़ते, और मेरा भय नहीं मानते, उन सभों के विरूद्ध मैं तुरन्त साक्षी दूंगा, सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।।
- Isaiah 3:14 यशायाह 3:14यहोवा अपनी प्रजा के वृद्ध और हाकिमों के साथ यह विवाद करता है, तुम ही ने बारी की दाख खा डाली है, और दीन लोगों का धन लूटकर तुम ने अपने घरों में रखा है।
- Ezekiel 22:7 यहेजकेल 22:7तुझ में माता- पिता तुच्छ जाने गए हैं; तेरे बीच परदेशी पर अन्धेर किया गया; और अनाथ और विधवा तुझ में पीसी गई हैं।
- Isaiah 1:23 यशायाह 1:23तेरे हाकिम हठीले और चोरों से मिले हैं। वे सब के सब घूस खानेवाले और भेंट के लालची हैं। वे अनाथ का न्याय नहीं करते, और न विधवा का मुक मा अपने पास आने देते हैं।
- Isaiah 29:21 यशायाह 29:21और जो सभा में उलहना देते उनके लिये फंदा लगाते, और धर्म को व्यर्थ बात के द्वारा बिगाड़ देते हैं, वे सब मिट जाएंगे।।
- Isaiah 5:23 यशायाह 5:23जो घूस लेकर दुष्टों को निर्दोष, और निर्दोषों को दोषी ठहराते हैं!
- Amos 5:11–12 आमोस 5:11–12तुम जो कंगालों को लताड़ा करते, और भेंट कहकर उस से अन्न हर लेते हो, इसलिये जो घर तुम ने गढ़े हुए पत्थरों के बनाए हैं, उन में रहने न पाओगे; और जो मनभावनी दाख की बारियां तुम ने लगाई हैं, उनका दाखमधु न पीने पाओगे। क्योंकि मैं जानता हूं कि तुम्हारे पाप भारी हैं। तुम धर्मी को सताते और घूस लेते, और फाटक में दरिद्रों का न्याय बिगाड़ते हो।
- Jeremiah 7:6 यिर्मयाह 7:6परदेशी और अनाथ और विधवा पर अन्धेर न करो; इस स्थान में निदष की हत्या न करो, और दूसरे देवताओं के पीछे न चलो जिस से तुम्हारी हानि होती है,
- Isaiah 5:7 यशायाह 5:7क्योंकि सेनाओं के यहोवा की दाख की बारी इस्राएल का घराना, और उसका मनभाऊ पौधा यहूदा के लोग है; और उस ने उन में न्याय की आशा की परन्तु अन्याय देख पड़ा; उस ने धर्म की आशा की, परन्तु उसे चिल्लाहट ही सुन पड़ी!
- Matthew 23:13 मत्ती 23:13हे कपटी शास्त्रियों और फरीसियों तुम पर हाय! तुम मनुष्यों के विरोध में स्वर्ग के राज्य का द्वार बन्द करते हो, न तो आप ही उस में प्रवेश करते हो और न उस में प्रवेश करनेवालों को प्रवेश करने देते हो।।
- Lamentations 3:35 विलापगीत 3:35किसी पुरूष का हक़ परमप्रधान के साम्हने मारना,
- Amos 2:7 आमोस 2:7वे कंगालों के सिर पर की धूलि का भी लालच करते, और नम्र लोगों को मार्ग से हटा देते हैं; और बाप- बेटा दोनों एक ही कुमारी के पास जाते हैं, जिस से मेरे पवित्रा नाम को अपवित्रा ठहराएं।