Isaiah · chapter 14 · verse 6
Isaiah 14:6 in Hindi
जिस से वे मनुष्यों को लगातार रोष से मारते रहते थे, और जाति जाति पर क्रोध से प्रभुता करते और लगातार उनके पीछे पड़े रहते थे।
Jis se ve manushyom ko lagaataar rosh se maarate rahate the, aur jaati jaati par krodh se prabhutaa karate aur lagaataar unake peechhe pade rahate the.
Isaiah 14:6 in English
- King James Version (KJV)
- He who smote the people in wrath with a continual stroke, he that ruled the nations in anger, is persecuted, [and] none hindereth.
- World English Bible (WEB)
- who struck the peoples in wrath with a continual stroke, who ruled the nations in anger, with a persecution that no one restrained.
- American Standard Version (ASV)
- that smote the peoples in wrath with a continual stroke, that ruled the nations in anger, with a persecution that none restrained.
- Bible in Basic English (BBE)
- He whose rod was on the peoples with an unending wrath, ruling the nations in passion, with an uncontrolled rule.
- Darby Translation (DBY)
- He that smote the peoples in wrath with a relentless stroke, he that ruled the nations in anger, is persecuted unsparingly.
- Webster's Bible (WBS)
- He who smote the people in wrath with a continual stroke, he that ruled the nations in anger, is persecuted, [and] none hindereth.
- Young's Literal Translation (YLT)
- He who is smiting peoples in wrath, A smiting without intermission, He who is ruling in anger nations, Pursuing without restraint!
Read in context
- 4उस दिन तू बाबुल के राजा पर ताना मारकर कहेगा कि परिश्रम करानेवाला कैसा नाश हो गया है, सुनहले मन्दिरों से भरी नगरी कैसी नाश हो गई है!
- 5यहोवा ने दुष्टों के सोंटे को और अन्याय से शासन करनेवालों के लठ को तोड़ दिया है,
- 6जिस से वे मनुष्यों को लगातार रोष से मारते रहते थे, और जाति जाति पर क्रोध से प्रभुता करते और लगातार उनके पीछे पड़े रहते थे।
- 7अब सारी पृथ्वी को विश्राम मिला है, वह चैन से है; लोग ऊंचे स्वर से गा उठे हैं।
- 8सनौवर और लबानोन के देवदार भी तुझ पर आनन्द करके कहते हैं, जब से तू गिराया गया तब से कोई हमें काटने को नहीं आया।
Cross references
- Daniel 7:19–21 दानिय्येल 7:19–21तब मेरे मन में यह इच्छा हुई की उस चौथे जन्तु का भेद भी जान लूं जो और तीनों से भिन्न और अति भयंकर था और जिसके दांत लोहे के और नख पीतल के थे; वह सब कुछ खा डालता, और चूर चूर करता, और बचे हुए को पैरों से रौंद डालता था। फिर उसके सिर में के दस सींगों का भेद, और जिस नये सींग के निकलने से तीन सींग गिर गए, अर्थात् जिस सींग की आंखें और बड़ा बोल बोलनेवाला मुंह और सब और सींगों से अधिक भयंकर था, उसका भी भेद जानने की मुझे इच्छा हुई। और मैं ने देखा था कि वह सींग पवित्रा लोगों के संग लड़ाई करके उन पर उस समय तक प्रबल भी हो गया,
- Jeremiah 50:31 यिर्मयाह 50:31प्रभु सेनाओं के यहोवा की यह वाणी है, हे अभिमानी, मैं तेरे विरूद्व हूँ; तेरे दण्ड पाने का दिन आ गया है।
- Revelation 18:8–10 प्रकाशितवाक्य 18:8–10इस कारण एक ही दिन में उस पर विपत्तियां आ पड़ेंगी, अर्थात् मृत्यु, और शोक, और अकाल; और वह आग में भस्म कर दी जाएगी, क्योंकि उसका न्यायी प्रभु परमेश्वर शक्तिमान है। और पृथ्वी के राजा जिन्हों ने उसके साथ व्यभिचार, और सुख- विलास किया, जब उसके जलने का धुआं देखेंगे, तो उसके लिये रोएंगे, और छाती पीटेंगे। और उस की पीड़ा के डर के मारे दूर खड़े होकर कहेंगे, हे बड़े नगर, बाबुल! हे दृढ़ नगर, हाय! हाय! घड़ी ही भर में तुझे दण्ड मिल गया है।
- Revelation 17:16–17 प्रकाशितवाक्य 17:16–17और जो दस सींग तू ने देखे, वे और पशु उस वेश्या से बैर रखेंगे, और उसे लाचार और नंगी कर देंगे; और उसका मांस खा जाएंगे, और उसे आग में जला देंगे। क्योंकि परमेश्वर उन के मन में यह डालेगा, कि वे उस की मनसा पूरी करें; और जब तक परमेश्वर के वचन पूरे न हो लें, तब तक एक मन होकर अपना अपना राज्य पशु को दे दें।
- James 2:13 याकूब 2:13क्योंकि जिस ने दया नहीं की, उसका न्याय बिना दया के होगा: दया न्याय पर जयवन्त होती है।।
- Jeremiah 25:9 यिर्मयाह 25:9जसलिये सुनो, मैं उत्तर में रहनेवाले सब कुलों को बुलाऊंगा, और अपने दास बाबुल के राजा नबूकदनेस्सर को बुलवा भेजूंगा; और उन सभों को इस देश और इसके निवासियों के विरूद्ध और इसके आस पास की सब जातियों के विरूद्ध भी ले आऊंगा; और इन सब देशों का मैं सत्यानाश करके उन्हें ऐसा उजाड़ दूंगा कि लोग इन्हें देखकर ताली बजाएंगे; वरन ये सदा उजड़े ही रहेंगे, यहोवा की यही वाणी है।
- Proverbs 21:30 नीतिवचन 21:30यहोवा के विरूद्ध न तो कुछ बुद्धि, और न कुछ समझ, न कोई युक्ति चलती है।
- Jeremiah 25:26 यिर्मयाह 25:26और क्या निकट क्या दूर के उत्तर दिशा के सब राजाओं को एक संग पिलाया, निदान धरती भर में रहनेवाले जगत के राज्यों के सब लोगों को मैं ने पिलाया। और इन सब के पीछे शेषक के राजा को भी पीना पड़ेगा।
- Isaiah 21:1–10 यशायाह 21:1–10समुद्र के पास के जंगल के विषय भारी वचन। जैसे दक्खिनी प्रचण्ड बवण्डर चला आता है, वह जंगल से अर्थात् डरावने देश से निकट आ रहा है। कष्ट की बातों का मुझे दर्शन दिखाया गया है; विश्वासघाती विश्वासघात करता है, और नाशक नाश करता है। हे एलाम, चढ़ाई कर, हे मादै, घेर ले; उसका सब कराहना मैं बन्द करता हूं। इस कारण मेरी कटि में कठिन पीड़ा है; मुझ को मानो जच्चा पीडें हो रही है; मैं ऐसे संकट में पडत्र गया हूं कि कुछ सुनाई नहीं देता, मैं एसा घबरा गया हूं कि कुछ दिखाई नहीं दंता। मेरा हृदय धड़कता है, मैं अत्यन्त भयभीत हूं, जिस सांझ की मैं बाट जोहता था उसे उस ने मेरी थरथराहट का कारण कर दिया है। भोजन की तैयारी हो रही है, पहरूए बैठाए जा रहे हैं, खाना- पीना हो रहा है। हे हाकिमो, उठो, ढाल में तेल मलो! क्योंकि प्रभु ने मुझ से यों कहा है, जाकर एक पहरूआ खड़ा कर दे, और वह जो कुछ देखे उसे बताए। जब वह सवार देखे जो दो- दो करके आते हों, और गदहों और ऊंटों के सवार, तब बहुत ही ध्यान देकर सुने। और उस ने सिंह के से शब्द से पुकारा, हे प्रभु मैं दिन भर खड़ा पहरा देता रहा और मैं ने पूरी रातें पहरे पर काटा। और क्या देखता हूं कि मनुष्यों का दल और दो- दो करके सवा चले आ रहे हैं! और वह बोल उठा, गिर पड़ा, बाबुल गिर पड़ा; और उसके देवताओं के सब खुदी हुई मूरतें भूमि पर चकनाचूर कर डाली गई हैं। हे मेरे दाएं हुए, और मेरे खलिहान के अन्न, जो बातें मैं ने इस्राएल के परमेश्वर सेनाओं के यहोवा से सुनी है, उनको मैं ने तुम्हें जता दिया है।
- Isaiah 46:10–11 यशायाह 46:10–11मै तो अन्त की बात आदि से और प्राचीनकाल से उस बात को बताता आया हूं जो अब तक नहीं हुई। मैं कहता हूं, मेरी युक्ति स्थिर रहेगी और मैं अपनी इच्छा को पूरी करूंगा। मैं पूर्व से एक उकाब पक्षी को अर्थात् दूर देश से अपनी युक्ति के पूरा करनेवाले पुरूष को बुलाता हूं। मैं ही ने यह बात कही है और उसे पूरी भी करूंगा; मैं ने यह विचार बान्घा है और उसे सुफल भी करूंगा।
- Isaiah 13:14–18 यशायाह 13:14–18और वे खदेड़े हुए हरिण, वा बिन चरवाहे की भेड़ों की नाईं अपने अपने लोगों की ओर फिरेंगे, और अपने अपने देश को भाग जाएंगे। जो कोई मिले सो बेधा जाएगा, और जो कोई पकड़ा जाए, वह तलवार से मार डाला जाएगा। उनके बाल- बच्चे उनके साम्हने पटक दिए जाएंगे; और उनके घर लूटे जाएंगे, और उनकी स्त्रियां भ्रष्ट की जाएंगी।। देखो, मैं उनके विरूद्ध मादी लोगों को उभारूंगा जो न तो चान्दी का कुछ विचार करेंगे और न सोने का लालच करेंगे। वे तीरों से जवानों को मारेंगे, और बच्चों पर कुछ दया न करेंगे, वे लड़कों पर कुछ तरस न खाएंगे।
- Job 9:13 अय्यूब 9:13ईश्वर अपना क्रोध ठंडा नहीं करता। अभिमानी के सहायकों को उसके पांव तले झुकना पड़ता है।