James · chapter 5 · verse 8
James 5:8 in Hindi
तुम भी धीरज धरो, और अपने हृदय को दृढ़ करो, क्योंकि प्रभु का शुभागमन निकट है।
Tum bhee dheeraj dharo, aur apane hruday ko drudh karo, kyonki prabhu kaa shubhaagaman nikat hai.
James 5:8 in English
- King James Version (KJV)
- Be ye also patient; stablish your hearts: for the coming of the Lord draweth nigh.
- World English Bible (WEB)
- You also be patient. Establish your hearts, for the coming of the Lord is at hand.
- American Standard Version (ASV)
- Be ye also patient; establish your hearts: for the coming of the Lord is at hand.
- Bible in Basic English (BBE)
- Be as calm in your waiting; let your hearts be strong: because the coming of the Lord is near.
- Darby Translation (DBY)
- Ye also have patience: stablish your hearts, for the coming of the Lord is drawn nigh.
- Webster's Bible (WBS)
- Be ye also patient; establish your hearts; for the coming of the Lord draweth nigh.
- Young's Literal Translation (YLT)
- be patient, ye also; establish your hearts, because the presence of the Lord hath drawn nigh;
Read in context
- 6तुम ने धर्मी को दोषी ठहरा कर मार डाला; वह तुम्हारा साम्हना नहीं करता॥
- 7सो हे भाइयों, प्रभु के आगमन तक धीरज धरो, देखो, गृहस्थ पृथ्वी के बहुमूल्य फल की आशा रखता हुआ प्रथम और अन्तिम वर्षा होने तक धीरज धरता है।
- 8तुम भी धीरज धरो, और अपने हृदय को दृढ़ करो, क्योंकि प्रभु का शुभागमन निकट है।
- 9हे भाइयों, एक दूसरे पर दोष न लगाओ ताकि तुम दोषी न ठहरो, देखो, हाकिम द्वार पर खड़ा है।
- 10हे भाइयो, जिन भविष्यद्वक्ताओं ने प्रभु के नाम से बातें की, उन्हें दुख उठाने और धीरज धरने का एक आदर्श समझो।
Cross references
- James 5:9 याकूब 5:9हे भाइयों, एक दूसरे पर दोष न लगाओ ताकि तुम दोषी न ठहरो, देखो, हाकिम द्वार पर खड़ा है।
- Galatians 5:22 गलातियों 5:22पर आत्मा का फल प्रेम, आनन्द, मेल, धीरज,
- Psalm 37:7 भजन संहिता 37:7यहोवा के साम्हने चुपचाप रह, और धीरज से उसका आस्त्रा रख; उस मनुष्य के कारण न कुढ़, जिसके काम सुफल होते हैं, और वह कुरी युक्तियों को निकालता है!
- 1 Peter 4:7 1 पतरस 4:7सब बातों का अन्त तुरन्त होनेवाला है; इसलिये संयमी होकर प्रार्थना के लिये सचेत रहो।
- Psalm 27:14 भजन संहिता 27:14यहोवा की बाट जोहता रह; हियाव बान्ध और तेरा हृदय दृढ़ रहे; हां, यहोवा ही की बाट जोहता रह!
- Philippians 4:5 फिलिप्पियों 4:5तुम्हारी कोमलता सब मनुष्यों पर प्रगट हो: प्रभु निकट है।
- 1 Thessalonians 3:13 1 थिस्सलुनीकियों 3:13ताकि वह तुम्हारे मनों को ऐसा स्थिर करे, कि जब हमारा प्रभु यीशु अपने सब पवित्रा लोगों के साथ आए, तो वे हमारे परमेश्वर और पिता के साम्हने पवित्राता में निर्दोष ठहरें।।
- Micah 7:7 मीका 7:7परन्तु मैं यहोवा की ओर ताकता रहूंगा, मैं अपने उद्धारकर्ता परमेश्वर की बाट जोहता रहूंगा; मेरा परमेश्वर मेरी सुनेगा।।
- Revelation 22:20 प्रकाशितवाक्य 22:20जो इन बातों की गवाही देता है, वह यह कहता है, हां शीघ्र आनेवाला हूं। आमीन। हे प्रभु यीशु आ।।
- Lamentations 3:25–26 विलापगीत 3:25–26जो यहोवा की बाट जोहते और उसके पास जाते हैं, उनके लिये यहोवा भला है। यहोवा से उठ्ठार पाने की आशा रखकर चुपचाप रहना भला है।
- Hebrews 10:25–37 इब्रानियों 10:25–37और एक दूसरे के साथ इकट्ठा होना ने छोड़ें, जैसे कि कितनों की रीति है, पर एक दूसरे को समझाते रहें; और ज्यों ज्यों उस दिन को निकट आते देखो, त्यों त्यों और भी अधिक यह किया करो।। क्योंकि सच्चाई की पहिचान प्राप्त करने के बाद यदि हम जान बूझकर पाप करते रहें, तो पापों के लिये फिर कोई बलिदान बाकी नहीं। हां, दण्ड का एक भयानक बाट जोहना और आग का ज्वलन बाकी है जो विरोधियों को भस्म कर देगा। जब कि मूसा की व्यवस्था का न माननेवाला दो या तीन जनों की गवाही पर, बिना दया के मार डाला जाता है। तो सोच लो कि वह कितने और भी भारी दण्ड के योग्य ठहरेगा, जिस ने परमेश्वर के पुत्रा को पांवों से रौंदा, और वाचा के लोहू को जिस के द्वारा वह पवित्रा ठहराया गया था, अपवित्रा जाना हैं, और अनुग्रह की आत्मा का अपमान किया। क्योंकि हम उसे जानते हैं, जिस ने कहा, कि पलटा लेना मेरा काम है, मैं ही बदला दूंगा: और फिर यह, कि प्रभु अपने लोगों का न्याय करेगा। जीवते परमेश्वर के हाथों में पड़ना भयानक बात है।। परन्तु उन पहिले दिनों को स्मरण करो, जिन में तुम ज्योति पाकर दुखों के बड़े झमेले में स्थिर रहे। कुछ तो यों, कि तुम निन्दा, और क्लेश सहते हुए तमाशा बने, और कुछ यों, कि तुम उन के साझी हुए जिन की दुर्दशा की जाती थीं। क्योंकि तुम कैदियों के दुख में भी दुखी हुए, और अपनी संपत्ति भी आनन्द से लुटने दी; यह जानकर, कि तुम्हारे पास एक और भी उत्तम और सर्वदा ठहरनेवाली संपत्ति है। सो अपना हियाव न छोड़ो क्योंकि उसका प्रतिफल बड़ा है। क्योंकि तुम्हें धीरज धरना अवश्य है, ताकि परमेश्वर की इच्छा को पूरी करके तुम प्रतिज्ञा का फल पाओ। क्योंकि अब बहुत ही थोड़ा समय रह गया है जब कि आनेवाला आएगा, और देर न करेगा।
- Romans 8:25 रोमियों 8:25परन्तु जिस वस्तु को हम नहीं देखते, यदि उस की आशा रखते हैं, तो धीरज से उस की बाट जाहते भी हैं।।