Jeremiah · chapter 52 · verse 32
Jeremiah 52:32 in Hindi
और उस से मधुर मधुर वचन कहकर, जो राजा उसके साथ बाबुल में बंधुए थे, उनके सिंहासनों से उसके सिंहासन को अधीक ऊंचा किया।
Aur us se madhur madhur vachan kahakar, jo raajaa usake saath baabul mem bandhue the, unake sinhaasanom se usake sinhaasan ko adheek oonchaa kiyaa.
Jeremiah 52:32 in English
- King James Version (KJV)
- And spake kindly unto him, and set his throne above the throne of the kings that [were] with him in Babylon,
- World English Bible (WEB)
- He spoke kindly to him, and set his throne above the throne of the kings who were with him in Babylon,
- American Standard Version (ASV)
- and he spake kindly to him, and set his throne above the throne of the kings that were with him in Babylon,
- Bible in Basic English (BBE)
- And he said kind words to him and put his seat higher than the seats of the other kings who were with him in Babylon.
- Darby Translation (DBY)
- and he spoke kindly unto him, and set his seat above the seat of the kings that were with him in Babylon.
- Webster's Bible (WBS)
- And spoke kindly to him, and set his throne above the throne of the kings that [were] with him in Babylon,
- Young's Literal Translation (YLT)
- and speaketh with him good things, and setteth his throne above the throne of the kings who [are] with him in Babylon,
Read in context
- 30फिर नबूकदनेस्सर के राज्य के तेईसवें वर्ष में जल्लादों का प्रधान नबूजरदान सात सौ पैंतालीस यहूदी जनों को बंधुए करके ले गया; सब प्राणी मिलकर चार हाजार छेसौ हुए।
- 31फिर यहूदा के राजा यहोयाकीन की बंधुआई के सैंतीसवें वर्ष में अर्थात् जिस वर्ष बाबुल का राजा एबीलमरोदक राजगद्दी पर विराजमान हुआ, उसी के बारहवें महीने के पचीसवें दिन को उस ने यहूदा के राजा यहोयाकीन को बन्दीगृह से निकालकर बड़ा पद दिया;
- 32और उस से मधुर मधुर वचन कहकर, जो राजा उसके साथ बाबुल में बंधुए थे, उनके सिंहासनों से उसके सिंहासन को अधीक ऊंचा किया।
- 33और उसके बन्दीगृह के वस्त्रा बदल दिए; और वह जीवन भर नित्य राजा के सम्मुख भोजन करता रहा;
- 34और प्रति दिन के खर्च के लिये बाबुल के राजा के यहां से उसको नित्य कुछ मिलने का प्रबन्ध हुआ। यह प्रबन्ध उसकी मृत्यु के दिन तक उसके जीवन भर लगातार बना रहा।
Cross references
- Proverbs 12:25 नीतिवचन 12:25उदास मन दब जाता है, परन्तु भली बात से वह आनन्दित होता है।
- Daniel 2:37 दानिय्येल 2:37हे राजा, तू तो महाराजाधिराज है, क्योंकि स्वर्ग के परमेश्वर ने तुझ को राज्य, सामर्थ, शक्ति और महिमा दी है,
- Daniel 5:18–19 दानिय्येल 5:18–19हे राजा, परमप्रधान परमेश्वर ने तेरे पिता नबूकदनेस्सर को राज्य, बड़ाई, प्रतिष्ठा और प्रताप दिया था; और उस बड़ाई के कारण जो उस ने उसको दी थी, देश- देश और जाति जाति के सब लोग, और भिन्न- भिन्न भाषा बोलनेवाले उसके साम्हने कांपते और थरथराते थे, जिसे वह चाहता उसे वह घात करता था, और जिसको वह चाहता उसे वह जीवित रखता था जिसे वह चाहता उसे वह ऊंचा पद देता था, और जिसको वह चाहता उसे वह गिरा देता था।
- Jeremiah 27:6–11 यिर्मयाह 27:6–11अब मैं ने ये सब देश, अपने दास बाबुल के राजा नबूकदनेस्सर को आप ही दे दिए हैं; और मैदान के जीवजन्तुओं को भी मैं ने उसे दिया है कि वे उसके आधीन रहें। ये सब जातियां उसके और उसके बाद उसके बेटे और पोते के आधीन उस समय तक रहेंगी जब तक उसके भी देश का दिन न आए; तब बहुत सी जातियां और बड़े बड़े राजा उस से भी अपनी सेवा करवाएंगे। सो जो जाति वा राज्य बाबुल के राजा नबूकदनेस्सर के आधीन न हो और उसका जूआ अपनी गर्दन पर न ले ले, उस जाति को मैं तलवार, महंगी और मरी का दण्ड उस समय तक देता रहूंगा जब तक उसको उसके हाथ के द्वारा मिटा न दूं यहोवा की यही वाणी है। इसलिये तुम लोग अपने भविष्यद्वक्ताओं और भावी कहनेवालों और टोनहों और तांत्रिकों की ओर चित्त मत लगाओ जो तुम से कहते हैं कि तुम को बाबुल के राजा के आधीन नहीं होना पड़ेगा। क्योंकि वे तुम से झूठी भविष्यद्वाणी करते हैं, जिस से तुम अपने अपने देश से दूर हो जाओ और मैं आप तुम को दूर करके नष्ट कर दूं। परन्तु जो जाति बाबुल के राजा का जूआ अपनी गर्दन पर लेकर उसके आधीन रहेगी उसको मैं उसी के देश में रहने दूंगा; और वह उस में खेती करती हुई बसी रहेगी, यहोवा की यही वाणी है।