Joel · chapter 1 · verse 19
Joel 1:19 in Hindi
हे यहोवा, मैं तेरी दोहाई देता हूं, क्योंकि जंगल की चराइयां आग का कौर हो गईं, और मैदान के सब वृक्ष ज्वाला से जल गए।
He yahovaa, maim teree dohaaee detaa hoom, kyonki jangal kee charaaiyaam aag kaa kaur ho gaeem, aur maidaan ke sab vruksh jvaalaa se jal gae.
Joel 1:19 in English
- King James Version (KJV)
- O LORD, to thee will I cry: for the fire hath devoured the pastures of the wilderness, and the flame hath burned all the trees of the field.
- World English Bible (WEB)
- LORD, I cry to you, for the fire has devoured the pastures of the wilderness, and the flame has burned all the trees of the field.
- American Standard Version (ASV)
- O Jehovah, to thee do I cry; for the fire hath devoured the pastures of the wilderness, and the flame hath burned all the trees of the field.
- Bible in Basic English (BBE)
- O Lord, my cry goes up to you: for fire has put an end to the grass-lands of the waste, and all the trees of the field are burned with its flame.
- Darby Translation (DBY)
- To thee, Jehovah, do I cry; for the fire hath devoured the pastures of the wilderness, and the flame hath burned up all the trees of the field.
- Webster's Bible (WBS)
- O LORD, to thee will I cry: for the fire hath devoured the pastures of the wilderness, and the flame hath burned all the trees of the field.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Unto Thee, O Jehovah, I do call, For fire hath consumed comely places of a wilderness, And a flame hath set on fire all trees of the field.
Read in context
- 17बीज ढेलों के नीचे झुलस गए, भण्डार सूने पड़े हैं; खत्ते गिर पड़े हैं, क्योंकि खेती मारी गई।
- 18पशु कैसे कराहते हैं? झुण्ड के झुण्ड गाय- बैल विकल हैं, क्योंकि उनके लिये चराई नहीं रही; और झुण्ड के झुण्ड भेड़- बकरियां पाप का फल भोग रही हैं।।
- 19हे यहोवा, मैं तेरी दोहाई देता हूं, क्योंकि जंगल की चराइयां आग का कौर हो गईं, और मैदान के सब वृक्ष ज्वाला से जल गए।
- 20वन- पशु भी तेरे लिये हांफते हैं, क्योंकि जल के सोते सूख गए, और जंगल की चराइयां आग का कौर हो गईं।।
Cross references
- Psalm 50:15 भजन संहिता 50:15और संकट के दिन मुझे पुकार; मैं तुझे छुड़ाऊंगा, और तू मेरी महिमा करने पाएगा।।
- Jeremiah 9:10 यिर्मयाह 9:10मैं पहाड़ों के लिये रो उठूंगा और शोक का गीत गाऊंगा, और जंगल की चराइयों के लिये विलाप का गीत गाऊंगा, क्योंकि वे ऐसे जल गए हैं कि कोई उन में से होकर नहीं चलता, और उन में ढोर का शब्द भी नहीं सुनाई पड़ता; पशु- पक्षी सब भाग गए हैं।
- Amos 7:4 आमोस 7:4परमेश्वर यहोवा ने मुझे यह दिखाया: और क्या देखता हूं कि परमेश्वर यहोवा ने आग के द्वारा मुक मा लड़ने को पुकारा, और उस आग से महासागर सूख गया, और देश भी भस्म हुआ चाहता था।
- Micah 7:7 मीका 7:7परन्तु मैं यहोवा की ओर ताकता रहूंगा, मैं अपने उद्धारकर्ता परमेश्वर की बाट जोहता रहूंगा; मेरा परमेश्वर मेरी सुनेगा।।
- Joel 2:3 योएल 2:3उसके आगे आगे तो आग भस्म करती जाएगी, और उसके पीछे पीछे लौ जलती जाएगी। उसके आगे की भूमि तो एदेन की बारी के समान होगी, परन्तु उसके पीछे की भूमि उजाड़ मरूस्थल बन जाएगी, और उस से कुछ न बचेगा।।
- Habakkuk 3:17–18 हबक्कूक 3:17–18क्योंकि चाहे अंजीर के वृक्षों में फूल न लगें, और न दाखलताओं में फल लगें, जलपाई के वृक्ष से केवल धोखा पाया जाए और खेतों में अन्न न उपजे, भेड़शालाओं में भेड़- बकरियां न रहें, और न थानों में गाय बैल हों, तौभी मैं यहोवा के कारण आनन्दित और मगन रहूंगा, और अपने उद्धारकर्त्ता परमेश्वर के द्वारा अति प्रसन्न रहूंगा।।
- Psalm 91:15 भजन संहिता 91:15जब वह मुझ को पुकारे, तब मैं उसकी सुनूंगा; संकट में मैं उसके संग रहूंगा, मैं उसको बचाकर उसकी महिमा बढ़ाऊंगा।
- Luke 18:7 लूका 18:7सो क्या परमेश्र अपने चुने हुओं का न्याय न चुकाएगा, जो रात- दिन उस की दुहाई देते रहते; और क्या वह उन के विषय में देन करेगा?
- Luke 18:1 लूका 18:1फिर उस ने इस के विषय में कि नित्य प्रार्थना करना और हियाव न छोड़ना चाहिए उन से यह दृष्टान्त कहा।
- Philippians 4:6–7 फिलिप्पियों 4:6–7किसी भी बात की चिन्ता मत करो: परन्तु हर एक बात में तुम्हारे निवेदन, प्रार्थना और बिनती के द्वारा धन्यवाद के साथ परमेश्वर के सम्मुख अपस्थित किए जाएं। तब परमेश्वर की शान्ति, जो समझ से बिलकुल परे है, तुम्हारे हृदय और तुम्हारे विचारों को मसीह यीशु में सुरक्षित रखेगी।।