Luke · chapter 10 · verse 27
Luke 10:27 in Hindi
उस ने उत्तर दिया, कि तू प्रभु अपने परमेश्वर से अपने सारे मन और अपने सारे प्राण और अपनी सारी शक्ति और अपनी सारी बुद्धि के साथ प्रेम रख; और अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रख।
Us ne uttar diyaa, ki too prabhu apane parameshvar se apane saare man aur apane saare praan aur apanee saaree shakti aur apanee saaree buddhi ke saath prem rakh; aur apane padosee se apane samaan prem rakh.
Luke 10:27 in English
- King James Version (KJV)
- And he answering said, Thou shalt love the Lord thy God with all thy heart, and with all thy soul, and with all thy strength, and with all thy mind; and thy neighbour as thyself.
- World English Bible (WEB)
- He answered, “You shall love the Lord your God with all your heart, with all your soul, with all your strength, and with all your mind; and your neighbor as yourself.”
- American Standard Version (ASV)
- And he answering said, Thou shalt love the Lord thy God with all thy heart, and with all thy soul, and with all thy strength, and with all thy mind; and thy neighbor as thyself.
- Bible in Basic English (BBE)
- And he, answering, said, Have love for the Lord your God with all your heart and with all your soul and with all your strength and with all your mind; and for your neighbour as for yourself.
- Darby Translation (DBY)
- But he answering said, Thou shalt love the Lord thy God with all thy heart, and with all thy soul, and with all thy strength, and with all thine understanding; and thy neighbour as thyself.
- Webster's Bible (WBS)
- And he answering said, Thou shalt love the Lord thy God with all thy heart, and with all thy soul, and with all thy strength, and with all thy mind; and thy neighbor as thyself.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And he answering said, 'Thou shalt love the Lord thy God out of all thy heart, and out of all thy soul, and out of all thy strength, and out of all thy understanding, and thy neighbour as thyself.'
Read in context
- 25और देखो, एक व्यवस्थापक उठा; और यह कहकर, उस की परीक्षा करने लगा; कि हे गुरू, अनन्त जीवन का वारिस होने के लिये मैं क्या करूं?
- 26उस ने उस से कहा; कि व्यवस्था में क्या लिखा है? तू कैसे पढ़ता है?
- 27उस ने उत्तर दिया, कि तू प्रभु अपने परमेश्वर से अपने सारे मन और अपने सारे प्राण और अपनी सारी शक्ति और अपनी सारी बुद्धि के साथ प्रेम रख; और अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रख।
- 28उस ने उस से कहा, तू ने ठीक उत्तर दिया है, यही कर: तो तू जीवित रहेगा।
- 29परन्तु उस ने अपनी तईं धर्मी ठहराने की इच्छा से यीशु से पूछा, तो मेरा पड़ोसी कौन है?
Cross references
- Mark 12:30–31 मरकुस 12:30–31और तू प्रभु अपने परमेश्वर से अपने सारे मन से और अपने सारे प्राण से, और अपनी सारी बुद्धि से, और अपनी सारी शक्ति से प्रेम रखना। और दूसरी यह है, कि तू अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रखना: इस से बड़ी और कोई आज्ञा नहीं।
- Matthew 22:37–40 मत्ती 22:37–40उस ने उस से कहा, तू परमेश्वर अपने प्रभु से अपने सारे मन और अपने सारे प्राण और अपनी सारी बुद्धि के साथ प्रेम रख। बड़ी और मुख्य आज्ञा तो यही है। और उसी के समान यह दूसरी भी है, कि तू अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रख। ये ही दो आज्ञाएं सारी व्यवस्था और भविष्यद्वक्ताओं का आधार है।।
- Deuteronomy 6:5 व्यवस्थाविवरण 6:5तू अपने परमेश्वर यहोवा से अपने सारे मन, और सारे जीव, और सारी शक्ति के साथ प्रेम रखना।
- Romans 13:9 रोमियों 13:9क्योंकि यह कि व्यभिचार न करना, हत्या न करना; चोरी न करना; लालच न करना; और इन को छोड़ और कोई भी आज्ञा हो तो सब का सारांश इस बात में पाया जाता है, कि अपने पड़ोसी से अपने समान प्र्रेम रख।
- Leviticus 19:18 लैव्यव्यवस्था 19:18पलटा न लेना, और न अपने जाति भाइयों से बैर रखना, परन्तु एक दूसरे से अपने समान प्रेम रखना; मैं यहोवा हूं।
- Deuteronomy 30:6 व्यवस्थाविवरण 30:6और तेरा परमेश्वर यहोवा तेरे और तेरे वंश के मन का खतना करेगा, कि तू अपने परमेश्वर यहोवा से अपने सारे मन और सारे प्राण के साथ प्रेम करे, जिस से तू जीवित रहे।
- James 2:8 याकूब 2:8तौभी यदि तुम पवित्रा शास्त्रा के इस वचन के अनुसार, कि तू अपने पड़ोसी से अपने समान प्रेम रख, सचमुच उस राज्य व्यवस्था को पूरी करते हो, तो अच्छा करते हो।
- Deuteronomy 10:12 व्यवस्थाविवरण 10:12और अब, हे इस्राएल, तेरा परमेश्वर यहोवा तुझ से इसके सिवाय और क्या चाहता है, कि तू अपने परमेश्वर यहोवा का भय मानें, और उसके सारे मार्गों पर चले, उस से प्रेम रखे, और अपने पूरे मन और अपने सारे प्राण से उसकी सेवा करे,
- Mark 12:33–34 मरकुस 12:33–34और उस से सारे मन और सारी बुद्धि और सारे प्राण और सारी शक्ति के साथ प्रेम रखना और पड़ोसी से अपने समान प्रेम रखना, सारे होमों और बलिदानों से बढ़कर है। जब यीशु ने देखा कि उस ने समझ से उत्तर दिया, तो उस से कहा; तू परमेश्वर के राज्य से दूर नहीं: और किसी को फिर उस से कुछ पूछने का साहस न हुआ।।
- 1 John 3:18 1 यूहन्ना 3:18हे बालको, हम वचन और जीभ ही से नहीं, पर काम और सत्य के द्वारा भी प्रेम करें।
- Galatians 5:13 गलातियों 5:13हे भाइयों, तुम स्वतंत्रा होने के लिये बुलाए गए हो परन्तु ऐसा न हो, कि यह स्वतंत्राता शारीरिक कामों के लिये अवसर बने, बरन प्र्रेम से एक दूसरे के दास बनो।
- Hebrews 8:10 इब्रानियों 8:10फिर प्रभु कहता है, कि जो वाचा मैं उन दिनों के बाद इस्त्राएल के घराने के साथ बान्धूंगा, वह यह है, कि मैं अपनी व्यवस्था को उन के मनों में डालूंगा, और उसे उन के हृदय पर लिखूंगा, और मैं उन का परमेश्वर ठहरूंगा, और वे मेरे लोग ठहरेंगे।
Original words (Greek)
- And · G1161δέ dé
- he · G2036ἔπω épō
- answering · G611ἀποκρίνομαι apokrínomai
- said · G2036ἔπω épō
- love · G25ἀγαπάω agapáō
- Lord · G2962κύριος kýrios
- thy · G4675σοῦ soû
- God · G2316θεός theós
- with · G1537ἐκ ek
- all · G3650ὅλος hólos
- thy · G4675σοῦ soû
- heart · G2588καρδία kardía
- and · G2532καί kaí
- with · G1537ἐκ ek
- all · G3650ὅλος hólos
- thy · G4675σοῦ soû
- soul · G5590ψυχή psychḗ
- and · G2532καί kaí
- with · G1537ἐκ ek
- all · G3650ὅλος hólos
- thy · G4675σοῦ soû
- strength · G2479ἰσχύς ischýs
- and · G2532καί kaí
- with · G1537ἐκ ek
- all · G3650ὅλος hólos
- thy · G4675σοῦ soû
- mind · G1271διάνοια diánoia
- and · G2532καί kaí
- thy · G4675σοῦ soû
- neighbour · G4139πλησίον plēsíon
- as · G5613ὡς hōs
- thyself · G4572σεαυτοῦ seautoû