Luke · chapter 11 · verse 10
Luke 11:10 in Hindi
क्योंकि जो कोई मांगता है, उसे मिलता है; और जो ढूंढ़ता है, वह पाता है; और जो खटखटाता है, उसके लिये खोला जाएगा।
Kyonki jo koee maangataa hai, use milataa hai; aur jo dhoondhataa hai, vah paataa hai; aur jo khatakhataataa hai, usake liye kholaa jaaegaa.
Luke 11:10 in English
- King James Version (KJV)
- For every one that asketh receiveth; and he that seeketh findeth; and to him that knocketh it shall be opened.
- World English Bible (WEB)
- For everyone who asks receives. He who seeks finds. To him who knocks it will be opened.
- American Standard Version (ASV)
- For every one that asketh receiveth; and he that seeketh findeth; and to him that knocketh it shall be opened.
- Bible in Basic English (BBE)
- For to everyone who makes a request, it will be given; and he who is searching will get his desire; and to him who gives the sign, the door will be open.
- Darby Translation (DBY)
- For every one that asks receives; and he that seeks finds; and to him that knocks it will be opened.
- Webster's Bible (WBS)
- For every one that asketh, receiveth; and he that seeketh, findeth; and to him that knocketh, the door shall be opened.
- Young's Literal Translation (YLT)
- for every one who is asking doth receive; and he who is seeking doth find; and to him who is knocking it shall be opened.
Read in context
- 8मैं तुम से कहता हूं, यदि उसका मित्रा होने पर भी उसे उठकर न दे, तौभी उसके लज्जा छोड़कर मांगने के कारण उसे जितनी आवश्यकता हो उतनी उठकर देगा।
- 9और मैं तुम से कहता हूं; कि मांगो, तो तुम्हें दिया जाएगा; ढूंढ़ों तो तुम पाओगे; खटखटाओ, तो तुम्हारे लिये खोला जाएगा।
- 10क्योंकि जो कोई मांगता है, उसे मिलता है; और जो ढूंढ़ता है, वह पाता है; और जो खटखटाता है, उसके लिये खोला जाएगा।
- 11तुम में से ऐसा कौन पिता होगा, कि जब उसका पुत्रा रोटी मांगे, तो उसे पत्थर दे: या मछली मांगे, तो मछली के बदले उसे सांप दे?
- 12या अण्डा मांगे तो उसे बिच्छू दे?
Cross references
- James 4:3 याकूब 4:3तुम मांगते हो और पाते नहीं, इसलिये कि बुरी इच्छा से मांगते हो, ताकि अपने भोग विलास में उड़ा दो।
- Lamentations 3:18 विलापगीत 3:18इसलिऐ मैं ने कहा, मेरा बल नाश हुआ, और मेरी आश जो यहोवा पर थी, वह टूट गई है।
- Lamentations 3:54–58 विलापगीत 3:54–58मेरे सिर पर से जल बह गया, मैं ने कहा, मैं अब नाश हो गया। हे यहोवा, गहिरे गड़हे में से मैं ने तुझ से प्रार्थना की; तू ने मेरी सुनी कि जो दोहाई देकर मैं चिल्लाता हूँ उस से कान न फेर ले! जब मैं ने तुझे पुकारा, तब तू ने मुझ से कहा, मत डर! हे यहोवा, तू ने मेरा मुक़ मा लड़कर मेरा प्राण बचा लिया है।
- Psalm 31:22 भजन संहिता 31:22मैं ने तो घबराकर कहा था कि मैं यहोवा की दृष्टि से दूर हो गया। तौभी जब मैं ने तेरी दोहाई दी, तब तू ने मेरी गिड़गिड़ाहट को सुन लिया।।
- Jonah 2:2–8 योना 2:2–8मैं ने संकट में पड़े हुए यहोवा की दोहाई दी, और उस ने मेरी सुन ली है; अधोलोक के उदर में से मैं चिल्ला उठा, और तू ने मेरी सुन ली। तू ने मुझे गहिरे सागर में समुद्र की थाह तक डाल दिया; और मैं धाराओं के बीच में पड़ा था, तेरी भड़काई हुई सब तरंग और लहरें मेरे ऊपर से बह गईं। तब मैं ने कहा, मैं तेरे साम्हने से निकाल दिया गया हूं; तौभी तेरे पवित्रा मन्दिर की ओर फिर ताकूंगा। मैं जल से यहां तक घिरा हुआ था कि मेरे प्राण निकले जाते थे; गहिरा सागर मेरे चारों ओर था, और मेरे सिर में सिवार लिपटा हुआ था। मैं पहाड़ों की जड़ तक पहुंच गया था; मैं सदा के लिये भूमि में बन्द हो गया था; तौभी हे मेरे परमेश्वर यहोवा, तू ने मेरे प्राणों को गड़हे में से उठाया है। जब मैं मूर्छा खाने लगा, तब मैं ने यहोवा को स्मरण किया; और मेरी प्रार्थना तेरे पास वरन तेरे पवित्रा मन्दिर में पहुंच गई। जो लोग धोखे की व्यर्थ वस्तुओं पर मन लगाते हैं, वे अपने करूणानिधान को छोड़ देते हैं।
- Luke 18:1 लूका 18:1फिर उस ने इस के विषय में कि नित्य प्रार्थना करना और हियाव न छोड़ना चाहिए उन से यह दृष्टान्त कहा।
- James 5:11 याकूब 5:11देखो, हम धीरज धरने वालों को धन्य कहते हैं: तुम ने अय्यूब के धीरज के विषय में तो सुना ही है, और प्रभु की ओर से जो उसका प्रतिफल हुआ उसे भी जान लिया है, जिस से प्रभु की अत्यन्त करूणा और दया प्रगट होती है।
- Lamentations 3:8 विलापगीत 3:8मैं चिल्ला चिल्लाके दोहाई देता हूँ, तौभी वह मेरी प्रार्थता नहीं सुनता;