Mark · chapter 11 · verse 17
Mark 11:17 in Hindi
और उपदेश करके उन से कहा, क्या यह नहीं लिखा है, कि मेरा घर सब जातियों के लिये प्रार्थना का घर कहलाएगा? पर तुम ने इसे डाकुओं की खोह बना दी है।
Aur upadesh karake un se kahaa, kyaa yah naheem likhaa hai, ki meraa ghar sab jaatiyom ke liye praarthanaa kaa ghar kahalaaegaa? Par tum ne ise daakuom kee khoh banaa dee hai.
Mark 11:17 in English
- King James Version (KJV)
- And he taught, saying unto them, Is it not written, My house shall be called of all nations the house of prayer? but ye have made it a den of thieves.
- World English Bible (WEB)
- He taught, saying to them, “Isn’t it written, ‘My house will be called a house of prayer for all the nations’? But you have made it a den of robbers!”
- American Standard Version (ASV)
- And he taught, and said unto them, Is it not written, My house shall be called a house of prayer for all the nations? but ye have made it a den of robbers.
- Bible in Basic English (BBE)
- And he gave them teaching, and said to them, Is it not in the Writings, My house is to be named a house of prayer for all the nations? but you have made it a hole of thieves.
- Darby Translation (DBY)
- And he taught saying to them, Is it not written, My house shall be called a house of prayer for all the nations? but ye have made it a den of robbers.
- Webster's Bible (WBS)
- And he taught, saying to them, Is it not written, My house shall be called by all nations the house of prayer? but ye have made it a den of thieves.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and he was teaching, saying to them, 'Hath it not been written — My house a house of prayer shall be called for all the nations, and ye did make it a den of robbers?'
Read in context
- 15फिर वे यरूशलेम में आए, और वह मन्दिर में गया; और वहां जो लेन- देन कर रहे थे उन्हें बाहर निकालने लगा, और सर्राफों के पीढ़े और कबूतर के बेचनेवालों की चौकियां उलट दीं।
- 16और मन्दिर में से होकर किसी को बरतन लेकर आने जाने न दिया।
- 17और उपदेश करके उन से कहा, क्या यह नहीं लिखा है, कि मेरा घर सब जातियों के लिये प्रार्थना का घर कहलाएगा? पर तुम ने इसे डाकुओं की खोह बना दी है।
- 18यह सुनकर महायाजक और शास्त्री उसके नाश करने का अवसर ढूंढ़ने लगे; क्योंकि उस से डरते थे, इसलिये कि सब लोग उसके उपदेश से चकित होते थे।।
- 19और प्रति दिन सांझ होते ही वह नगर से बाहर जाया करता था।
Cross references
- Isaiah 56:7 यशायाह 56:7उनको मैं अपने पवित्रा पर्वत पर ले आकर अपने प्रार्थना के भवन में आनन्दित करूंगा; उनके होमबलि और मेलबलि मेरी वेदी पर ग्रहण किए जाएंगे; क्योंकि मेरा भवन सब देशों के लोगों के लिये प्रार्थना का घर कहलाएगा।
- Jeremiah 7:11 यिर्मयाह 7:11क्या यह भवन जो मेरा कहलाता है, तुम्हारी दृष्टि में डाकुओं की गुफ़ा हो गया है? मैं ने स्वयं यह देखा है, यहोवा की यह वाणी है।
- Luke 19:46 लूका 19:46और उन से कहा, लिखा है; कि मेरा घर प्रार्थना का घर होगा: परन्तु तुम ने उसे डाकुओं की खोह बना दिया है।।
- John 2:16 यूहन्ना 2:16और कबूतर बेचनेवालों से कहा; इन्हें यहां से ले जाओ: मेरे पिता के भवन को व्योपार का घर मत बनाओ।
- 1 Kings 8:41–48 1 राजा 8:41–48फिर परदेशी भी जो तेरी प्रजा इस्राएल का न हो, जब वह तेरा नाम सुनकर, दूर देश से आए, वह तो तेरे बड़े ताम और बलवन्त हाथ और बढ़ाई हुई भुजा का समाचार पाए; इसलिये जब ऐसा कोई आकर इस भवन की ओर प्रार्थना करें, तब तू अपने स्वग य निवासस्थान में से सुन, और जिस बात के लिये ऐसा परदेशी तुझे पुकारे, उसी के अनुसार व्यवहार करना जिस से पृथ्वी के सब देशों के लोग तेरा नाम जानकर तेरी प्रजा इस्राएल की नाई तेरा भय मानें, और निश्चय जानें, कि यह भवन जिसे मैं ने बनाया है, वह तेरा ही कहलाता है। जब तेरी प्रजा के लोग जहां कहीं तू उन्हें भेजे, वहां अपने शत्रुओं से लड़ाई करने को निकल जाएं, और इस नगर की ओर जिसे तू ने चुना है, और इस भवन की ओर जिसे मैं ने तेरे नाम पर बनाया है, यहोवा से प्रार्थना करें, तब तू स्वर्ग में से उनकी प्रार्थना और गिड़गिड़ाहट सुनकर उनका न्याय कर। निष्पाप तो कोई मनुष्य नहीं है: यदि ये भी तेरे विरूद्ध पाप करें, और तू उन पर कोप करके उन्हें श.ाुओं के हाथ कर दे, और वे उनको बन्धुआ करके अपने देश को चाहे वह दूर हो, चाहे निकट ले जवएं, तो यदि वे बन्धुआई के देश में सोच विचार करें, और फिरकर अपने बन्धुआ करनेवालों के देश में तुझ से गिड़गिड़ाकर कहें कि हम ने पाप किया, और कुटिलता ओर दुष्टता की है; और यदि वे अपने उन शत्रुओं के देश में जो उन्हें बन्धुआ करके ले गए हों, अपने सम्पूर्ण मन और सम्पूर्ण प्राण से तेरी ओर फिरें और अपने इस देश की ओर जो तू ने उनके पुरूखाओं को दिया था, और इस नगर की ओर जिसे तू ने चुना है, और इस भवन की ओर जिसे मैं ने तेरे नाम का बनाया है, तुझ से प्रार्थना करें,
- Isaiah 60:7 यशायाह 60:7केदार की सब भेड़- बकरियां इकट्ठी होकर तेरी हो जाएंगी, नबायोत के मेढ़े तेरी सेवा टहल के काम में आएंगे; मेरी वेदी पर वे ग्रहण किए जाएंगे और मैं अपने शोभायमान भवन को और भी प्रतापी कर दूंगा।।
- Hosea 12:7 होशे 12:7वह व्योपारी है, और उसके हाथ में छल का तराजू है; अन्धेर करता ही उसको भाता है।