Mark · chapter 11 · verse 27
Mark 11:27 in Hindi
वे फिर यरूशलेम में आए, और जब वह मन्दिर में टहल रहा था तो महायाजक और शास्त्री और पुरनिए उसके पास आकर पूछने लगे।
Ve phir yarooshalem mem aae, aur jab vah mandir mem tahal rahaa thaa to mahaayaajak aur shaastree aur puranie usake paas aakar poochhane lage.
Mark 11:27 in English
- King James Version (KJV)
- And they come again to Jerusalem: and as he was walking in the temple, there come to him the chief priests, and the scribes, and the elders,
- World English Bible (WEB)
- They came again to Jerusalem, and as he was walking in the temple, the chief priests, the scribes, and the elders came to him,
- American Standard Version (ASV)
- And they come again to Jerusalem: and as he was walking in the temple, there come to him the chief priests, and the scribes, and the elders;
- Bible in Basic English (BBE)
- And they came again to Jerusalem: and while he was walking in the Temple, there came to him the chief priests and the scribes and those in authority:
- Darby Translation (DBY)
- And they come again to Jerusalem. And as he walked about in the temple, the chief priests and the scribes and the elders come to him,
- Webster's Bible (WBS)
- And they come again to Jerusalem: and as he was walking in the temple, there come to him the chief priests, and the scribes, and the elders,
- Young's Literal Translation (YLT)
- And they come again to Jerusalem, and in the temple, as he is walking, there come unto him the chief priests, and the scribes, and the elders,
Read in context
- 25और जब कभी तुम खड़े हुए प्रार्थना करते हो, तो यदि तुम्हारे मन में किसी की और से कुछ विरोध, हो तो क्षमा करो: इसलिये कि तुम्हारा स्वर्गीय पिता भी तुम्हारे अपराध क्षमा करे।।
- 26और यदि तुम क्षमा न करो तो तुम्हारा पिता भी जो स्वर्ग में है, तुम्हारा अपराध क्षमा न करेगा।
- 27वे फिर यरूशलेम में आए, और जब वह मन्दिर में टहल रहा था तो महायाजक और शास्त्री और पुरनिए उसके पास आकर पूछने लगे।
- 28कि तू ये काम किस अधिकार से करता है? और यह अधिकार तुझे किस ने दिया है कि तू ये काम करे?
- 29यीशु ने उस से कहा: मैं भी तुम से एक बात पूछता हूं; मुझे उत्तर दो: तो मैं तुम्हें बताऊंगा कि ये काम किस अधिकार से करता हूं।
Cross references
- Luke 20:1–8 लूका 20:1–8एक दिन ऐसा हुआ कि जब वह मन्दिर में लोगों को उपदेश देता और सुसमाचार सुना रहा था, तो महायाजक और शास्त्री, पुरनियों के साथ पास आकर खड़े हुए। और कहने लगे, कि हमें बता, तू इन कामों को किस अधिकार से करता है, और वह कौन है, जिस ने तुझे यह अधिकार दिया है? उस ने उन को उत्तर दिया, कि मैं भी तुम में से एक बात पूछता हूं; मुझे बताओ। यूहन्ना का बपतिस्मा स्वर्ग की ओर से था या मनुष्यों की ओर से था? तब वे आपस में कहने लगे, कि यदि हम कहें स्वर्ग की ओर से, तो वह कहेगा; फिर तुम ने उस की प्रतीति क्यों न की? और यदि हम कहें, मनुष्यों की ओर से, तो सब लोग हमें पत्थरवाह करेंगे, क्योंकि वे सचमुच जानते हैं, कि यूहन्ना भविष्यद्वकता था। सो उन्हों ने उत्तर दिया, हम नहीं जानते, कि वह किस की ओर से था। यीशु ने उन से कहा, तो मैं भी तुम को नहीं बताता, कि मैं ये काम किस अधिकार से करता हूं।
- Matthew 21:23–27 मत्ती 21:23–27वह मन्दिर में जाकर उपदेश कर रहा था, कि महायाजकों और लोगों के पुरनियों ने उसके पास आकर पूछा, तू ये काम किस के अधिकार से करता है? और तुझे यह अधिकार किस ने दिया है? यीशु ने उन को उत्तर दिया, कि मैं भी तुम से एक बात पूछता हूं; यदि वह मुझे बताओगे, तो मैं भी तुम्हें बताऊंगा; कि ये काम किस अधिकार से करता हूं। यूहन्ना का बपतिस्मा कहां से था? स्वर्ग की ओर से या मनुष्यों की ओर से था? तब वे आपस में विवाद करने लगे, कि यदि हम कहें स्वर्ग की ओर से, तो वह हमे से कहेगा, फिर तुम ने उस की प्रतीति क्यों न की? और यदि कहें मनुष्यों की ओर से तो हमें भीड़ का डर है; क्योंकि वे सब युहन्ना को भविष्यद्वक्ता जानते हैं। सो उन्हों ने यीशु को उत्तर दिया, कि हम नहीं जानते; उस ने भी उन से कहा, तो मैं भी तुम्हें नहीं बताता, कि ये काम किस अधिकार से करता हूं।
- Acts 4:27–28 प्रेरितों के काम 4:27–28क्योंकि सचमुच तेरे सेवक यीशु के विरोध में, जिस तू ने अभिषेक किया, हेरोदेस और पुन्तियुस पीलातुस भी अन्य जातियों और इस्त्राएलियों के साथ इस नगर में इकट्ठे हुए। कि जो कुछ पहिले से तेरी सामर्थ और मति से ठहरा था वही करें।
- Psalm 2:1–5 भजन संहिता 2:1–5जाति जाति के लोग क्यों हुल्लड़ मचाते हैं, और देश देश के लोग व्यर्थ बातें क्यों सोच रहे हैं? यहोवा के और उसके अभिषिक्त के विरूद्ध पृथ्वी के राजा मिलकर, और हाकिम आपस में सम्मति करके कहते हैं, कि आओ, हम उनके बन्धन तोड़ डालें, और उनकी रस्सियों को अपने ऊपर से उतार फेंके।। वह जो स्वर्ग में विराजमान है, हंसेगा, प्रभु उनको ठट्ठों में उड़ाएगा। तब वह उन से क्रोध करके बातें करेगा, और क्रोध में कहकर उन्हें घबरा देगा, कि
- John 10:23 यूहन्ना 10:23और यीशु मन्दिर में सुलैमान के ओसारे में टहल रहा था।
- Mark 14:1 मरकुस 14:1दो दिन के बाद फसह और अखमीरी रोटी का पर्व्व होनेवाला था: और महायाजक और शास्त्री इस बात की खोज में थे कि उसे क्योंकर छल से पकड़ कर मार डालें।
- John 18:20 यूहन्ना 18:20यीशु ने उस को उत्तर दिया, कि मैं ने जागत से खोलकर बातें की; मैं ने सभाओं और आराधनालय में जहां सब यहूदी इकट्ठे हुआ करते हैं सदा उपदेश किया और गुप्त में कुछ भी नहीं कहा।
- Acts 4:5–8 प्रेरितों के काम 4:5–8दूसरे दिन ऐसा हुआ कि उन के सरदार और पुरनिये और शास्त्री। और महायाजक हन्ना और कैफा और यूहन्ना और सिकन्दर और जितने महायाजक के घराने के थे, सब यरूशलेम में इकट्ठे हुए। और उन्हें बीच में खड़ा करके पूछने लगे, कि तुम ने यह काम किस सामर्थ से और किस नाम से किया है? तब पतरस ने पवित्रा आत्मा से परिपूर्ण होकर उन से कहा।
- Malachi 3:1 मलाकी 3:1देखो, मैं अपने दूत को भेजता हूं, और वह मार्ग को मेरे आगे सुधारेगा, और प्रभु, जिसे तुम ढूंढ़ते हो, वह अचानक अपने मन्दिर में आ जाएगा; हां वाचा का वह दूत, जिसे तुम चाहते हो, सुनो, वह आता है, सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।
Original words (Greek)
- And · G2532καί kaí
- come · G2064ἔρχομαι érchomai
- again · G3825πάλιν pálin
- to · G1519εἰς eis
- Jerusalem · G2414Ἱεροσόλυμα Hierosólyma
- and · G2532καί kaí
- he · G846αὐτός autós
- walking · G4043περιπατέω peripatéō
- in · G1722ἐν en
- temple · G2411ἱερόν hierón
- come · G2064ἔρχομαι érchomai
- to · G4314πρός prós
- him · G846αὐτός autós
- priests · G749ἀρχιερεύς archiereús
- and · G2532καί kaí
- scribes · G1122γραμματεύς grammateús
- and · G2532καί kaí
- elders · G4245πρεσβύτερος presbýteros