Mark · chapter 14 · verse 43
Mark 14:43 in Hindi
वह यह कह ही रहा था, कि यहूदा जो बारहों में से था, अपने साथ महायाजकों और शास्त्रियों और पुरनियों की ओर से एक बड़ी भीड़ तलवारें और लाठियां लिए हुए तुरन्त आ पहुंची।
Vah yah kah hee rahaa thaa, ki yahoodaa jo baarahom mem se thaa, apane saath mahaayaajakom aur shaastriyom aur puraniyom kee or se ek badee bheed talavaarem aur laathiyaam lie hue turant aa pahunchee.
Mark 14:43 in English
- King James Version (KJV)
- And immediately, while he yet spake, cometh Judas, one of the twelve, and with him a great multitude with swords and staves, from the chief priests and the scribes and the elders.
- World English Bible (WEB)
- Immediately, while he was still speaking, Judas, one of the twelve, came—and with him a multitude with swords and clubs, from the chief priests, the scribes, and the elders.
- American Standard Version (ASV)
- And straightway, while he yet spake, cometh Judas, one of the twelve, and with him a multitude with swords and staves, from the chief priests and the scribes and the elders.
- Bible in Basic English (BBE)
- And straight away, while he was still talking, Judas, one of the twelve, came, and with him a great band with swords and sticks, from the chief priests and the scribes and those in authority.
- Darby Translation (DBY)
- And immediately, while he was yet speaking, Judas comes up, [being] one of the twelve, and with him a great crowd, with swords and sticks, from the chief priests and the scribes and the elders.
- Webster's Bible (WBS)
- And immediately while he was yet speaking, cometh Judas, one of the twelve, and with him a great multitude with swords and staffs, from the chief priests, and the scribes, and the elders.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And immediately — while he is yet speaking — cometh near Judas, one of the twelve, and with him a great multitude, with swords and sticks, from the chief priests, and the scribes, and the elders;
Read in context
- 41फिर तीसरी बार आकर उन से कहा; अब सोते रहो और विश्राम करो, बस, घड़ी आ पहुंची; देखो मनुष्य का पुत्रा पापियों के हाथ पकड़वाया जाता है।
- 42उठो, चलें: देखो, मेरा पकड़वानेवाला निकट आ पहुंचा है।।
- 43वह यह कह ही रहा था, कि यहूदा जो बारहों में से था, अपने साथ महायाजकों और शास्त्रियों और पुरनियों की ओर से एक बड़ी भीड़ तलवारें और लाठियां लिए हुए तुरन्त आ पहुंची।
- 44और उसके पकड़नेवाले ने उन्हें यह पता दिया था, कि जिस को मैं चूमूं वही है, उसे पकड़कर यतन से ले जाना।
- 45और वह आया, और तुरन्त उसके पास जाकर कहा; हे रब्बी और उस को बहुत चूमा।
Cross references
- Luke 22:47–53 लूका 22:47–53वह यह कह ही रहा था, कि देखो एक भीड़ आई, और उन बारहों में से एक जिस का नाम यहूदा था उनके आगे आगे आ रहा था, वह यीशु के पास आया, कि उसका चूमा ले। यीशु ने उस से कहा, हे यहूदा, क्या तू चूमा लेकर मनुष्य के पुत्रा को पकड़वाता है? उसके साथियों ने जब देखा कि क्या होनेवाला है, तो क्हा; हे प्रभु, क्या हम तलवार चलाएं? और उन में से एक ने महायाजक के दास पर चलाकर उसका दहिना कान उड़ा दिया। इस पर यीशु ने कहा; अब बस करो: और उसका कान छूकर उसे अच्छा किया। तब यीशु ने महायाजकों; और मन्दिर के पहरूओं के सरदरों और पुरनियों से, जो उस पर चढ़ आए थे, कहा; क्या तुम मुझे डाकू जानकर तलवारें और लाठियां लिए हुए निकले हो? जब मैं मन्दिर में हर दिन तुम्हारे साथ था, तो तुम ने मुझ पर हाथ न डाला; पर यह तुम्हारी घड़ी है, और अन्धकार का अधिकार है।।
- John 18:3–11 यूहन्ना 18:3–11तब यहूदा पलटन को और महायाजकों और फरीसियों की ओर से प्यादों को लेकर दीपकों और मशालों और हथियारों को लिए हुए वहां आया। तब यीशु उन सब बातों को जो उस पर आनेवाली थीं, जानकर निकला, और उन से कहने लगा, किसे ढूंढ़ते हो? उन्हों ने उसको उत्तर दिया, यीशु नासरी को: यीशु ने उन से कहा, मैं ही हूं: और उसका पकड़वानेवाला यहूदा भी उन के साथ खड़ा था। उसके यह कहते ही, कि मैं हूं, वे पीछे हटकर भूमि पर गिर पड़े। तब उस ने फिर उन से पूछा, तुम किस को ढूंढ़ते हो। वे बोले, यीशु नासरी को। यीशु ने उत्तर दिया, मैं तो तुम से कह चुका हूं कि मैं ही हूं, यदि मुझे ढूंढ़ते हो तो इन्हें जाने दो। यइ इसलिये हुआ, कि वह वचन पूरा हो, जो उस ने कहा था कि जिन्हें तू ने मुझे दिया, उन में से मैं ने एक को भी न खोया। शमौन पतरस ने तलवार, जो उसके पास थी, खींची और महायाजक के दास पर चलाकर, उसका दहिना कान उड़ा दिया, उस दास का नाम मलखुस था। तब यीशु ने पतरस से कहा, अपनी तलवार काठी में रख: जो कटोरा पिता ने मुझे दिया है क्या मैं उसे न पीऊं?
- Matthew 26:47–56 मत्ती 26:47–56वह यह कह ही रहा था, कि देखो यहूदा जो बारहों में से एक था, आया, और उसके साथ महायाजकों और लोगों के पुरनियों की ओर से बड़ी भीड़, तलवारें और लाठियां लिए हुए आई। उसके पकड़वानेवाले ने उन्हें यह पता दिया था कि जिस को मैं चूम लूं वही है; उसे पकड़ लेना। और तुरन्त यीशु के पास आकर कहा; हे रब्बी नमस्कार; और उस को बहुत चूमा। यीशु ने उस से कहा; हे मित्रा, जिस काम के लिये तू आया है, उसे कर ले। तब उन्हों ने पास आकर यीशु पर हाथ डाले, और उसे पकड़ लिया। और देखो, यीशु के साथियों में से एक ने हाथ बढ़ाकर अपनी तलवार खींच ली और महायाजक के दास पर चलाकर उस का कान उड़ा दिया। तब यीशु ने उस से कहा; अपनी तलवार काठी में रख ले क्योंकि जो तलवार चलाते हैं, वे सब तलवार से नाश किए जाएंगे। क्या तू नहीं समझता, कि मैं अपने पिता से बिनती कर सकता हूं, और वह स्वर्गदूतों की बारह पलटन से अधिक मेरे पास अभी उपस्थित कर देगा? परन्तु पवित्रा शास्त्रा की बातें कि ऐसा ही होना अवश्य है, क्योंकर पूरी होंगी? उसी घड़ी यीशु ने भीड़ से कहा; क्या तुम तलवारें और लाठियां लेकर मुझे डाकू के समान पकड़ने के लिये निकले हो? मैं हर दिन मन्दिर में बैठकर उपदेश दिया करता था, और तुम ने मुझे नहीं पकड़ा। परन्तु यह सब इसलिये हुआ है, कि भविष्यद्वक्ताओं के वचन के पूरे हों: तब सब चेलें उसे छोड़कर भाग गए।।
- Psalm 2:1–2 भजन संहिता 2:1–2जाति जाति के लोग क्यों हुल्लड़ मचाते हैं, और देश देश के लोग व्यर्थ बातें क्यों सोच रहे हैं? यहोवा के और उसके अभिषिक्त के विरूद्ध पृथ्वी के राजा मिलकर, और हाकिम आपस में सम्मति करके कहते हैं, कि
- Psalm 22:11–13 भजन संहिता 22:11–13मुझ से दूर न हो क्योंकि संकट निकट है, और कोई सहायक नहीं। बहुत से सांढ़ों ने मुझे घेर लिया है, बाशान के बलवन्त सांढ़ मेरे चारों ओर मुझे घेरे हुए है। वह फाड़ने और गरजनेवाले सिंह की नाईं मुझ पर अपना मुंह पसारे हुए है।।
- Acts 1:16 प्रेरितों के काम 1:16हे भाइयों, अवश्य था कि पवित्र शास्त्र का वह लेख पूरा हो, जो पवित्र आत्मा ने दाऊद के मुख से यहूदा के विषय में जो यीशु के पकड़ने वालों का अगुवा था, पहिले से कही थीं।
- Psalm 3:1–2 भजन संहिता 3:1–2हे यहोवा मेरे सतानेवाले कितने बढ़ गए हैं! वह जो मेरे विरूद्ध उठते हैं बहुत हैं। बहुत से मेरे प्राण के विषय में कहते हैं, कि उसका बचाव परमेश्वर की आरे से नहीं हो सकता।
Original words (Greek)
- And · G2532καί kaí
- immediately · G2112εὐθέως euthéōs
- he · G846αὐτός autós
- yet · G2089ἔτι éti
- spake · G2980λαλέω laléō
- cometh · G3854παραγίνομαι paragínomai
- Judas · G2455Ἰούδας Ioúdas
- one · G1520εἷς heîs
- twelve · G1427δώδεκα dṓdeka
- and · G2532καί kaí
- with · G3326μετά metá
- him · G846αὐτός autós
- great · G4183πολύς polýs
- multitude · G3793ὄχλος óchlos
- with · G3326μετά metá
- swords · G3162μάχαιρα máchaira
- and · G2532καί kaí
- staves · G3586ξύλον xýlon
- from · G3844παρά pará
- priests · G749ἀρχιερεύς archiereús
- and · G2532καί kaí
- scribes · G1122γραμματεύς grammateús
- and · G2532καί kaí
- elders · G4245πρεσβύτερος presbýteros