Matthew · chapter 26 · verse 10
Matthew 26:10 in Hindi
यह जानकर यीशु ने उन से कहा, स्त्री को क्यों सताते हो? उस ने मेरे साथ भलाई की है।
Yah jaanakar yeeshu ne un se kahaa, stree ko kyom sataate ho? Us ne mere saath bhalaaee kee hai.
Matthew 26:10 in English
- King James Version (KJV)
- When Jesus understood [it], he said unto them, Why trouble ye the woman? for she hath wrought a good work upon me.
- World English Bible (WEB)
- However, knowing this, Jesus said to them, “Why do you trouble the woman? She has done a good work for me.
- American Standard Version (ASV)
- But Jesus perceiving it said unto them, Why trouble ye the woman? for she hath wrought a good work upon me.
- Bible in Basic English (BBE)
- But Jesus, seeing it, said to them, Why are you troubling the woman? she has done a kind act to me.
- Darby Translation (DBY)
- But Jesus knowing [it] said to them, Why do ye trouble the woman? for she has wrought a good work toward me.
- Webster's Bible (WBS)
- When Jesus understood [it] , he said to them, Why trouble ye the woman? for she hath wrought a good work upon me.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And Jesus having known, said to them, 'Why do ye give trouble to the woman? for a good work she wrought for me;
Read in context
- 8यह देखकर, उसके चेले रिसयाए और कहने लगे, इस का क्यों सत्यनाश किया गया?
- 9यह तो अच्छे दाम पर बिककर कंगालों को बांटा जा सकता था।
- 10यह जानकर यीशु ने उन से कहा, स्त्री को क्यों सताते हो? उस ने मेरे साथ भलाई की है।
- 11कंगाल तुम्हारे साथ सदा रहते हैं, परन्तु मैं तुम्हारे साथ सदैव न रहूंगा।
- 12उस ने मेरी देह पर जो यह इत्रा उण्डेला है, वह मेरे गाढ़े जाने के लिये किया है
Cross references
- Titus 3:8 तीतुस 3:8यह बात सच है, और मैं चाहता हूं, कि तू इन बातों के विषय में दृढ़ता से बोले इसलिये कि जिन्हों ने परमेश्वर की प्रतीति की है, वे भले- भले कामों मे लगे रहते का ध्यान रखें: ये बातें भली, और मनुष्यों के लाभ की हैं।
- Hebrews 13:21 इब्रानियों 13:21तुम्हें हर एक भली बात में सिद्ध करे, जिस से तुम उस की इच्छा पूरी करो, और जो कुछ उस को भाता है, उसे यीशु मसीह के द्वारा हम में उत्पन्न करे, जिस की बड़ाई युगानुयुग होती रहे। आमीन।।
- 1 Timothy 5:10 1 तीमुथियुस 5:10और भले काम में सुनाम रही हो, जिस ने बच्चों का पालन- पोषण किया हो; पाहुनों की सेवा की हो, पवित्रा लोगों के पांव धोए हो, दुखियों की सहायता की हो, और हर एक भले काम में मन लगाया हो।
- 2 Timothy 2:21 2 तीमुथियुस 2:21यदि कोई अपने आप को इन से शुद्ध करेगा, तो वह आदर का बरतन, और पवित्रा ठहरेगा; और स्वामी के काम आएगा, और हर भले काम के लिये तैयार होगा।
- Titus 2:14 तीतुस 2:14जिस ने अपने आप को हमारे लिये दे दिया, कि हमें हर प्रकार के अधर्म से छुड़ा ले, और शुद्ध करके अपने लिये एक ऐसी जाति बना ले जो भले भले कामों में सरगर्म हो।।
- Titus 3:1 तीतुस 3:1लोगों को सुधि दिला, कि हाकिमों और अधिकारियों के आधीन रहें, और उन की आज्ञा मानें, और हर एक अच्छे काम के लिये तैयार रह।
- Titus 3:14 तीतुस 3:14और हमारे लोग भी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिये अच्छे कामों में लगे रहना सीखें ताकि निष्फल न रहें।।
- Titus 1:16 तीतुस 1:16वे कहते हैं, कि हम परमेश्वर को जानते हैं: पर अपने कामों से उसका इन्कार करते हैं, क्योंकि वे घृणित और आज्ञा न माननेवाले हैं: और किसी अच्छे काम के योग्य नहीं।।
- 1 Timothy 3:1 1 तीमुथियुस 3:1यह बात सत्य है, कि जो अध्यक्ष होना चाहता है, तो वह भले काम की इच्छा करता है।
- 2 Thessalonians 2:17 2 थिस्सलुनीकियों 2:17तुम्हारे मनों में शान्ति दे, और तुम्हें हर एक अच्छे काम, और वचन में दृढ़ करे।।
- Colossians 1:10 कुलुस्सियों 1:10ताकि तुम्हारा चाल- चलन प्रभु के योग्य हो, और वह सब प्रकार से प्रसन्न हो, और तुम में हर प्रकार के भले कामों का फल लगे, और परमेश्वर की पहिचान में बढ़ते जाओ।
- Luke 7:44–50 लूका 7:44–50और उस स्त्री की ओर फिरकर उस ने शमौन से कहा; क्या तू इस स्त्री को देखता है? मैं तेरे घर में आया परन्तु तू ने मेरे पांव धाने के लिये पानी न दिया, पर इस ने मेरे पांव आंसुओं से भिगाए, और अपने बालों से पोंछा! तू ने मुझे चूमा न दिया, पर जब से मैं आया हूं तब से इस ने मेरे पांवों का चूमना न छोड़ा। तू ने मेरे सिर पर तेल नहीं मला; पर इस ने मेरे पांवों पर इत्रा मला है। इसलिये मैं तुझ से कहता हूं; कि इस के पाप जो बहुत थे, क्षमा हुए, क्योंकि इस ने बहुत प्रेम किया; पर जिस का थोड़ा क्षमा हुआ है, वह थोड़ा प्रेम करता है। और उस ने स्त्री से कहा, तेरे पाप क्षमा हुए। तब जो लोग उसके साथ भोजन करने बैठे थे, वे अपने अपने मन में सोचने लगे, यह कौन है जो पापों को भी क्षमा करता है? पर उस ने स्त्री से कहा, तेरे विश्वास ने तुझे बचा लिया है, कुशल से चली जा।।