Micah · chapter 6 · verse 15
Micah 6:15 in Hindi
तू बोएगा, परन्तु लवेगा नहीं; तू जलपाई का तेल निकालेगा, परन्तु लगाने न पाएगा; और दाख रौंदेगा, परन्तु दाखमधु पीने न पाएगा।
Too boegaa, parantu lavegaa naheem; too jalapaaee kaa tel nikaalegaa, parantu lagaane na paaegaa; aur daakh raundegaa, parantu daakhamadhu peene na paaegaa.
Micah 6:15 in English
- King James Version (KJV)
- Thou shalt sow, but thou shalt not reap; thou shalt tread the olives, but thou shalt not anoint thee with oil; and sweet wine, but shalt not drink wine.
- World English Bible (WEB)
- You will sow, but won’t reap. You will tread the olives, but won’t anoint yourself with oil; and crush grapes, but won’t drink the wine.
- American Standard Version (ASV)
- Thou shalt sow, but shalt not reap; thou shalt tread the olives, but shalt not anoint thee with oil; and the vintage, but shalt not drink the wine.
- Bible in Basic English (BBE)
- You will put in seed, but you will not get in the grain; you will be crushing olives, but your bodies will not be rubbed with the oil; and you will get in the grapes, but you will have no wine.
- Darby Translation (DBY)
- Thou shalt sow, but thou shalt not reap; thou shalt tread the olives, but thou shalt not anoint thee with oil; and new wine, but shalt not drink wine.
- Webster's Bible (WBS)
- Thou shalt sow, but thou shalt not reap; thou shalt tread the olives, but thou shalt not anoint thee with oil; and sweet wine, but shalt not drink wine.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Thou — thou sowest, and thou dost not reap, Thou — thou treadest the olive, And thou pourest not out oil, And new wine — and thou drinkest not wine.
Read in context
- 13इस कारण मैं तुझे मारते मारते बहुत ही घायल करता हूं, और तेरे पापों के कारण तुझ को उजाड़ डालता हूं।
- 14तू खाएगा, परन्तु तृप्त न होगा, तेरा पट जलता ही रहेगा; और तू अपनी सम्पत्ति लेकर चलेगा, परन्तु न बचा सकेगा, और जो कुछ तू बचा भी ले, उसको मैं तलवार चलाकर लुटवा दूंगा।
- 15तू बोएगा, परन्तु लवेगा नहीं; तू जलपाई का तेल निकालेगा, परन्तु लगाने न पाएगा; और दाख रौंदेगा, परन्तु दाखमधु पीने न पाएगा।
- 16क्योंकि वे ओम्री की विधियों पर, और अहाब के घराने के सब कामों पर चलते हैं; और तुम उनकी युक्तियों के अनुसार चलते हो; इसलिये मैं तुझे उजाड़ दूंगा, और इस नगर के रहनेवालों पर ताली बजवाऊंगा, और तुम मेरी प्रजा की नामधराई सहोगे।।
Cross references
- Zephaniah 1:13 सपन्याह 1:13तब उनकी धन सम्पत्ति लूटी जाएगी, और उनके घर उजाड़ होंगे; वे घर तो बनाएंगे, परन्तु उन में रहने न पाएंगे; और वे दाख की बारियां लगाएंगे, परन्तु उन से दाखमधु न पीने पाएंगे।।
- Amos 5:11 आमोस 5:11तुम जो कंगालों को लताड़ा करते, और भेंट कहकर उस से अन्न हर लेते हो, इसलिये जो घर तुम ने गढ़े हुए पत्थरों के बनाए हैं, उन में रहने न पाओगे; और जो मनभावनी दाख की बारियां तुम ने लगाई हैं, उनका दाखमधु न पीने पाओगे।
- Jeremiah 12:13 यिर्मयाह 12:13उन्हों ने गेहूं तो बोया, परन्तु कटीले पेड़ काटे, उन्हों ने कष्ट तो उठाया, परन्तु उस से कुछ लाभ न हुआ। यहोवा के क्रोध के भड़कने के कारण तुम अपने खेतों की उपज के विषय में लज्जित हो।
- Deuteronomy 28:38–40 व्यवस्थाविवरण 28:38–40तू खेत में बीज तो बहुत सा ले जाएगा, परन्तु उपज थोड़ी ही बटोरेगा; क्योंकि टिडि्डयां उसे खा जाएंगी। तू दाख की बारियां लगाकर उन मे काम तो करेगा, परन्तु उनकी दाख का मधु पीने न पाएगा, वरन फल भी तोड़ने न पाएगा; क्योंकि कीड़े उनको खा जाएंगे। तेरे सारे देश में जलपाई के वृक्ष तो होंगे, परन्तु उनका तेल तू अपने शरीर में लगाने न पाएगा; क्योंकि वे झड़ जाएंगे।
- Leviticus 26:20 लैव्यव्यवस्था 26:20और तुम्हारा बल अकारथ गंवाया जाएगा, क्योंकि तुम्हारी भूमि अपनी उपज न उपजाएगी, और मैदान के वृक्ष अपने फल न देंगे।
- Haggai 1:6 हाग्गै 1:6तुम ने बहुत बोया परन्तु थोड़ा काटा; तुम खाते हो, परन्तु पेट नहीं भरता; तुम पीते हो, परन्तु प्यास नहीं बुझती; तुम कपड़े पहिनते हो, परन्तु गरमाते नहीं; और जो मजदूरी कमाता है, वह अपनी मजदूरी की कमाई को छेदवाली थैली में रखता है।।
- Isaiah 62:8–9 यशायाह 62:8–9यहोवा ने अपने दहिने हाथ की और अपनी बलवन्त भुजा की शपथ खाई है: निश्चय मैं भविष्य में तेरा अन्न अब फिर तेरे शत्रुओं को खाने के लिये न दूंगा, और परदेशियों के पुत्रा तेरा नया दाखमधु जिसके लिये तू ने परिश्रम किया है, नहीं पीने पाएंगे; केवल वे ही, जिन्हों ने उसे खत्ते में रखा हो, उस से खाकर यहोवा की स्तुति करेंगे, और जिन्हों ने दाखमधु भण्डारों में रखा हो, वे ही उसे मेरे पवित्रास्थान के आंगनों में पीने पाएंगे।।
- Isaiah 65:21–22 यशायाह 65:21–22वे घर बनाकर उन में बसेंगे; वे दाख की बारियां लगाकर उनका फल खाएंगे। ऐसा नहीं होगा कि वे बनाएं और दूसरा बसे; वा वे लगाएं, और दूसरा खाए; क्योंकि मेरी प्रजा की आयु वृक्षों की सी होगी, और मेरे चुने हुए अपने कामों का पूरा लाभ उठाएंगे।
- Joel 1:10–12 योएल 1:10–12खेती मारी गई, भूमि विलाप करती है; क्योंकि अन्न नाश हो गया, नया दाखमधु सूख गया, तेल भी सूख गया है।। हे किसानो, लज्जित हो, हे दाख की बारी के मालियों, गेहूं और जव के लिये हाय, हाय करो; क्योंकि खेती मारी गई है। दाखलता सूख गई, और अंजीर का वृक्ष कुम्हला गया है। अनार, ताड़, सेव, वरन मैदान के सब वृक्ष सूख गए हैं; और मनुष्यों का हर्ष जाता रहा है।।