Philippians · chapter 2 · verse 27
Philippians 2:27 in Hindi
और निश्चय वह बीमार तो हो गया था, यहां तक कि मरने पर था, परन्तु परमेश्वर ने उस पर दया की; और केवल उस ही पर नहीं, पर मुझ पर भी, कि मुझे शोक पर शोक न हो।
Aur nishchay vah beemaar to ho gayaa thaa, yahaam tak ki marane par thaa, parantu parameshvar ne us par dayaa kee; aur keval us hee par naheem, par mujh par bhee, ki mujhe shok par shok na ho.
Philippians 2:27 in English
- King James Version (KJV)
- For indeed he was sick nigh unto death: but God had mercy on him; and not on him only, but on me also, lest I should have sorrow upon sorrow.
- World English Bible (WEB)
- For indeed he was sick nearly to death, but God had mercy on him, and not on him only, but on me also, that I might not have sorrow on sorrow.
- American Standard Version (ASV)
- for indeed he was sick nigh unto death: but God had mercy on him; and not on him only, but on me also, that I might not have sorrow upon sorrow.
- Bible in Basic English (BBE)
- For in fact he was ill almost to death: but God had mercy on him; and not only on him but on me, so that I might not have grief on grief.
- Darby Translation (DBY)
- for he was also sick close to death, but God had mercy on him, and not indeed on him alone, but also on me, that I might not have sorrow upon sorrow.
- Webster's Bible (WBS)
- For indeed he was sick nigh to death: but God had mercy on him; and not on him only, but on me also, lest I should have sorrow upon sorrow.
- Young's Literal Translation (YLT)
- for he also ailed nigh to death, but God did deal kindly with him, and not with him only, but also with me, that sorrow upon sorrow I might not have.
Read in context
- 25पर मैं ने इपफ्रदीतुस को जो मेरा भाई, और सहकर्मी और संगी योद्धा और तुम्हारा दूत, और आवश्यक बातों में मेरी सेवा टहल करने वाला है, तुम्हारे पास भेजना अवश्य समझा।
- 26क्योंकि उसका मन तुम सब में लगा हुआ था, इस कारण वह व्याकुल रहता था क्योंकि तुम ने उस की बीमारी का हाल सुना था।
- 27और निश्चय वह बीमार तो हो गया था, यहां तक कि मरने पर था, परन्तु परमेश्वर ने उस पर दया की; और केवल उस ही पर नहीं, पर मुझ पर भी, कि मुझे शोक पर शोक न हो।
- 28इसलिये मैं ने उसे भेजने का और भी यत्न किया कि तुम उस से फिर भेंट करके आनन्दित हो जाओ और मेरा भी शोक घट जाए।
- 29इसलिये तुम प्रभु में उस से बहुत आनन्द के साथ भेंट करना, और ऐसों का आदर किया करना।
Cross references
- Psalm 34:19 भजन संहिता 34:19धर्मी पर बहुत सी विपत्तियां पड़ती तो हैं, परन्त यहोवा उसको उन सब से मुक्त करता है।
- Philippians 2:30 फिलिप्पियों 2:30क्योंकि वही मसीह के काम के लिये अपने प्राणों पर जोखिम उठाकर मरने के निकट हो गया था, ताकि जो घटी तुम्हारी ओर से मेरी सेवा में हुई, उसे पूरा करे॥
- Job 5:19 अय्यूब 5:19वह तुझे छेविपत्तियों से छुड़ाएगा; वरन सात से भी तेरी कुछ हानि न होने पाएगी।
- 1 Corinthians 10:13 1 कुरिन्थियों 10:13तुम किसी ऐसी परीक्षा में नहीं पड़े, जो मनुष्य के सहने से बाहर है: और परमेश्वर सच्चा है: वह तुम्हें सामर्थ से बाहर परीक्षा में न पड़ने देगा, बरन परीक्षा के साथ निकास भी करेगा; कि तुम सह सको।।
- Psalm 103:3–4 भजन संहिता 103:3–4वही तो तेरे सब अधर्म को क्षमा करता, और तेरे सब रोगों को चंगा करता है, वही तो तेरे प्राण को नाश होने से बचा लेता है, और तेरे सिर पर करूणा और दया का मुकुट बान्धता है,
- Acts 9:37 प्रेरितों के काम 9:37उन्हीं दिनों में वह बीमार होकर मर गई; और उन्हों ने उसे नहलाकर अटारी पर रख दिया।
- John 11:3–4 यूहन्ना 11:3–4सो उस की बहिनों ने उसे कहला भेजा, कि हे प्रभु, देख, जिस से तू प्रीति रखता है, वह बीमार है। यह सुनकर यीशु ने कहा, यह बीमारी मृत्यु की नहीं, परन्तु परमेश्वर की महिमा के लिये है, कि उसके द्वारा परमेश्वर के पुत्रा की महिमा हो।
- 2 Corinthians 2:7 2 कुरिन्थियों 2:7इसलिये इस से यह भला है कि उसका अपराध क्षमा करो; और शान्ति दो, न हो कि ऐसा मनुष्य उदासी में डूब जाए।
- Isaiah 43:2 यशायाह 43:2जब तू जल में होकर जाए, मैं तेरे संग संग रहूंगा और जब तू नदियों में होकर चले, तब वे तुझे न डुबा सकेंगी; जब तू आग में चले तब तुझे आंच न लगेगी, और उसकी लौ तुझे न जला सकेगी।
- Isaiah 27:8 यशायाह 27:8जब तू ने उसे निकाला, तब सोच- विचार कर उसको दु:ख दिया: उसे ने पुरवाई के दिन उसको प्रचण्ड वायु से उड़ा दिया है।
- Habakkuk 3:2 हबक्कूक 3:2हे यहेावा, मैं तेरी कीर्त्ति सुनकर डर गया। हे यहोवा, वर्तमान युग में अपने काम को पूरा कर; इसी युग में तू उसको प्रकट कर; क्रोध करते हुए भी दया करना स्मरण कर।।
- Jeremiah 8:18 यिर्मयाह 8:18हाय! हाय! इस शोक की दशा में मुझे शान्ति कहां से मिलेगी? मेरा हृदय भीतर ही भीतर तड़पता है!
Original words (Greek)
- For · G1063γάρ gár
- indeed · G2532καί kaí
- sick · G770ἀσθενέω asthenéō
- unto · G3897παραπλήσιον paraplḗsion
- death · G2288θάνατος thánatos
- but · G235ἀλλά allá
- God · G2316θεός theós
- on · G1653ἐλεέω eleéō
- him · G846αὐτός autós
- and · G1161δέ dé
- not · G3756οὐ ou
- him · G846αὐτός autós
- only · G3440μόνον mónon
- but · G235ἀλλά allá
- me · G1691ἐμέ emé
- also · G2532καί kaí
- lest · G3361μή mḗ
- have · G2192ἔχω échō
- sorrow · G3077λύπη lýpē
- upon · G1909ἐπί epí
- sorrow · G3077λύπη lýpē