Proverbs · chapter 14 · verse 20
Proverbs 14:20 in Hindi
निर्धन का पड़ोसी भी उस से घृणा करता है, परन्तु धनी के बहुतेरे प्रेमी होते हैं।
Nirdhan kaa padosee bhee us se ghrunaa karataa hai, parantu dhanee ke bahutere premee hote hain.
Proverbs 14:20 in English
- King James Version (KJV)
- The poor is hated even of his own neighbour: but the rich [hath] many friends.
- World English Bible (WEB)
- The poor person is shunned even by his own neighbor, but the rich person has many friends.
- American Standard Version (ASV)
- The poor is hated even of his own neighbor; But the rich hath many friends.
- Bible in Basic English (BBE)
- The poor man is hated even by his neighbour, but the man of wealth has numbers of friends.
- Darby Translation (DBY)
- He that is poor is hated even of his own neighbour; but the rich hath many friends.
- Webster's Bible (WBS)
- The poor is hated even by his own neighbor: but the rich [hath] many friends.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Even of his neighbour is the poor hated, And those loving the rich [are] many.
Read in context
- 18भोलों का भाग मूढ़ता ही होता है, परन्तु चतुरों को ज्ञानरूपी मुकुट बान्धा जाता है।
- 19बुरे लोग भलों के सम्मुख, और दुष्ट लोग धर्मी के फाटक पर दण्डवत् करते हैं।
- 20निर्धन का पड़ोसी भी उस से घृणा करता है, परन्तु धनी के बहुतेरे प्रेमी होते हैं।
- 21जो अपने पड़ोसी को तुच्छ जानता, वह पाप करता है, परन्तु जो दीन लोगों पर अनुग्रह करता, वह धन्य होता है।
- 22जो बुरी युक्ति निकालते हैं, क्या वे भ्रम में नहीं पड़ते? परन्तु भली युक्ति निकालनेवालों से करूणा और सच्चाई का व्यवहार किया जाता है।
Cross references
- Proverbs 19:4 नीतिवचन 19:4धनी के तो बहुत मित्रा हो जाते हैं, परन्तु कंगाल के मित्रा उस से अलग हो जाते हैं।
- Proverbs 10:15 नीतिवचन 10:15धनी का धन उसका दृढ़ नगर है, परन्तु कंगाल लोग निर्धन होने के कारण विनाश होते हैं।
- Proverbs 19:6–7 नीतिवचन 19:6–7उदार मनुष्य को बहुत से लोग मना लेते हैं, और दानी पुरूष का मित्रा सब कोई बनता है। जब निर्धन के सब भाई उस से बैर रखते हैं, तो निश्चय है कि उसके मित्रा उस से दूर हो जाएं। वह बातें करते हुए उनका पीछा करता है, परन्तु उनको नहीं पाता।
- Job 30:10 अय्यूब 30:10वे मुझ से घिन खाकर दूर रहते, वा मेरे मुंह पर थूकने से भी नहीं डरते।
- Esther 5:10–11 एस्तेर 5:10–11तौभी वह अपने को रोककर अपने घर गया; और अपने मित्रों और अपनी स्त्री जेरेश को बुलवा भेजा। तब हामान ने, उन से अपने धन का विभव, और अपने लड़के- बालों की बढ़ती और राजा ने उसको कैसे कैसे बढ़ाया, और और सब हाकिमों और अपने और सब कर्मचारियों से ऊंचा पद दिया था, इन सब का वर्णन किया।
- Job 19:13–14 अय्यूब 19:13–14उस ने मेरे भाइयों को मुझ से दूर किया है, और जो मेरी जान पहचान के थे, वे बिलकुल अनजान हो गए हैं। मेरे कुटुंबी मुझे छोड़ गए हैं, और जो मुझे जानते थे वह मुझे भूल गए हैं।
- Job 6:21–23 अय्यूब 6:21–23उसी प्रकार अब तुम भी कुछ न रहे; मेरी विपत्ति देखकर तुम डर गए हो। क्या मैं ने तुम से कहा था, कि मुझे कुछ दो? वा उपनी सम्पत्ति में से मेरे लिये घूस दो? वा मुझे सतानेवाले के हाथ से बचाओ? वा उपद्रव करनेवालों के वश से छुड़ा लो?
- Esther 3:2 एस्तेर 3:2और राजा के सब कर्मचारी जो राजभवन के फाटक में रहा करते थे, वे हामान के साम्हने झुककर दणडवत किया करते थे क्योंकि राजा ने उसके विषय ऐसी ही आज्ञा दी थी; परन्तु मोर्दकै न तो झुकता था और न उसको दणडवत करता था।