Psalms · chapter 27 · verse 2
Psalm 27:2 in Hindi
जब कुकर्मियों ने जो मुझे सताते और मुझी से बैर रखते थे, मुझे खा डालने के लिये मुझ पर चढ़ाई की, तब वे ही ठोकर खाकर गिर पड़ें।।
Jab kukarmiyom ne jo mujhe sataate aur mujhee se bair rakhate the, mujhe khaa daalane ke liye mujh par chadhaaee kee, tab ve hee thokar khaakar gir paden..
Psalm 27:2 in English
- King James Version (KJV)
- When the wicked, [even] mine enemies and my foes, came upon me to eat up my flesh, they stumbled and fell.
- World English Bible (WEB)
- When evildoers came at me to eat up my flesh, even my adversaries and my foes, they stumbled and fell.
- American Standard Version (ASV)
- When evil-doers came upon me to eat up my flesh, [Even] mine adversaries and my foes, they stumbled and fell.
- Bible in Basic English (BBE)
- When evil-doers, even my haters, came on me to put an end to me, they were broken and put to shame.
- Darby Translation (DBY)
- When evil-doers, mine adversaries and mine enemies, came upon me to eat up my flesh, they stumbled and fell.
- Webster's Bible (WBS)
- When the wicked, [even] my enemies and my foes, came upon me to eat up my flesh, they stumbled and fell.
- Young's Literal Translation (YLT)
- When evil doers come near to me to eat my flesh, My adversaries and mine enemies to me, They have stumbled and fallen.
Read in context
- 1यहोवा परमेश्वर मेरी ज्योति और मेरा उद्धार है; मैं किस से डरूं? यहोवा मेरे जीवन का दृढ़ गढ़ ठहरा है, मैं किस का भय खाऊं?
- 2जब कुकर्मियों ने जो मुझे सताते और मुझी से बैर रखते थे, मुझे खा डालने के लिये मुझ पर चढ़ाई की, तब वे ही ठोकर खाकर गिर पड़ें।।
- 3चाहे सेना भी मेरे विरूद्ध छावनी डाले, तौभी मैं न डरूंगा; चाहे मेरे विरूद्ध लड़ाई ठन जाए, उस दशा में भी मैं हियाव बान्धे निशिजित रहूंगा।।
- 4एक वर मैं ने यहोवा से मांगा है, उसी के यत्न में लगा रहूंगा; कि मैं जीवन भर यहोवा के भवन में रहने पाऊं, जिस से यहोवा की मनोहरता पर दृष्टि लगाए रहूं, और उसके मन्दिर में ध्यान किया करूं।।
Cross references
- Psalm 118:12 भजन संहिता 118:12उन्हों ने मुझे मधुमक्खियों की नाईं घेर लिया है, परन्तु कांटों की आग की नाईं वे बुझ गए; यहोवा के नाम से मैं निश्चय उन्हें नाश कर डालूंगा!
- Psalm 3:7 भजन संहिता 3:7उठ, हे यहोवा! हे मेरे परमेश्वर मुझे बचा ले! क्योंकि तू ने मेरे सब शत्रुओं के जबड़ों पर मारा है और तू ने दुष्टों के दांत तोड़ डाले हैं।।
- Isaiah 8:15 यशायाह 8:15और बहुत से लोग ठोकर खाएंगे; वे गिरेंगे और चकनाचूर होंगे; वे फन्दे में फसेंगे और पकड़े जाएंगे।
- Psalm 9:3 भजन संहिता 9:3जब मेरे शत्रु पीछे हटते हैं, तो वे तेरे साम्हने से ठोकर खाकर नाश होते हैं।
- Psalm 14:4 भजन संहिता 14:4क्या किसी अनर्थकारी को कुछ भी ज्ञान नहीं रहता, जो मेरे लोगों को ऐसे खा जाते हैं जैसे रोटी, और परमेश्वर का नाम नहीं लेते?
- Psalm 22:16 भजन संहिता 22:16क्योंकि कुत्तों ने मुझे घेर लिया है; कुकर्मियों की मण्डली मेरी चरों ओर मुझे घेरे हुए है; वह मेरे हाथ और मेरे पैर छेदते हैं।
- Job 19:22 अय्यूब 19:22तुम ईश्वर की नाई क्यों मेरे पीछे पड़े हो? और मेरे मांस से क्यों तृप्त नहीं हुए?
- Psalm 18:38–42 भजन संहिता 18:38–42मैं उन्हें ऐसा बेधूंगा कि वे उठ न सकेंगे; वे मेरे पांवों के नीचे गिर पड़ेंगे। क्योंकि तू ने युद्ध के लिये मेरी कमर में शक्ति का पटुका बान्धा है; और मेरे विरोधियों को मेरे सम्मुख नीचा कर दिया। तू ने मेरे शत्रुओं की पीठ मेरी ओर फेर दी, ताकि मैं उनको काट डालूं जो मुझ से द्वेष रखते हैं। उन्हों ने दोहाई तो दी परन्तु उन्हें कोई भी बचानेवाला न मिला, उन्हों ने यहोवा की भी दोहाई दी, परन्तु उस ने भी उनको उत्तर न दिया। तब मैं ने उनको कूट कूटकर पवन से उड़ाई हुई धूलि के समान कर दिया; मैं ने उनको गली कूचों की कीचड़ के समान निकाल फेंका।।
- Psalm 18:4 भजन संहिता 18:4मृत्यु की रस्सियों से मैं चारो ओर से घिर गया हूं, और अधर्म की बाढ़ ने मुझ को भयभीत कर दिया;
- Psalm 53:4 भजन संहिता 53:4जो मेरे लोगों को ऐसे खाते हैं जैसे रोटी और परमेश्वर का नाम नहीं लेते?
- John 18:3–6 यूहन्ना 18:3–6तब यहूदा पलटन को और महायाजकों और फरीसियों की ओर से प्यादों को लेकर दीपकों और मशालों और हथियारों को लिए हुए वहां आया। तब यीशु उन सब बातों को जो उस पर आनेवाली थीं, जानकर निकला, और उन से कहने लगा, किसे ढूंढ़ते हो? उन्हों ने उसको उत्तर दिया, यीशु नासरी को: यीशु ने उन से कहा, मैं ही हूं: और उसका पकड़वानेवाला यहूदा भी उन के साथ खड़ा था। उसके यह कहते ही, कि मैं हूं, वे पीछे हटकर भूमि पर गिर पड़े।
- Psalm 62:3–4 भजन संहिता 62:3–4तुम कब तक एक पुरूष पर धावा करते रहोगे, कि सब मिलकर उसका घात करो? वह तो झुकी हुई भीत वा गिरते हुए बाड़े के समान है। सचमुच वे उसको, उसके ऊंचे पद से गिराने की सम्मति करते हैं; वे झूठ से प्रसन्न रहते हैं। मुंह से तो वे आशीर्वाद देते पर मन में कोसते हैं।।