Psalms · chapter 40 · verse 12
Psalm 40:12 in Hindi
क्योंकि मैं अनगिनत बुराइयों से घिरा हुआ हूं; मेरे अधर्म के कामों ने मुझे आ पकड़ा और मैं दृष्टि नहीं उठा सकता; वे गिनती में मेरे सिर के बालों से भी अधिक हैं; इसलिये मेरा हृदय टूट गया।।
Kyonki maim anaginat buraaiyom se ghiraa huaa hoom; mere adharm ke kaamom ne mujhe aa pakadaa aur maim drushti naheem uthaa sakataa; ve ginatee mem mere sir ke baalom se bhee adhik haim; isaliye meraa hruday toot gayaa..
Psalm 40:12 in English
- King James Version (KJV)
- For innumerable evils have compassed me about: mine iniquities have taken hold upon me, so that I am not able to look up; they are more than the hairs of mine head: therefore my heart faileth me.
- World English Bible (WEB)
- For innumerable evils have surrounded me. My iniquities have overtaken me, so that I am not able to look up. They are more than the hairs of my head. My heart has failed me.
- American Standard Version (ASV)
- For innumerable evils have compassed me about; Mine iniquities have overtaken me, so that I am not able to look up; They are more than the hairs of my head; And my heart hath failed me.
- Bible in Basic English (BBE)
- For unnumbered evils are round about me; my sins have overtaken me, so that I am bent down with their weight; they are more than the hairs of my head, my strength is gone because of them.
- Darby Translation (DBY)
- For innumerable evils have compassed me about: mine iniquities have taken hold upon me, so that I cannot see; they are more than the hairs of my head: and my heart hath failed me.
- Webster's Bible (WBS)
- For innumerable evils have encompassed me: my iniquities have taken hold upon me, so that I am not able to look up; they are more than the hairs of my head: therefore my heart faileth me.
- Young's Literal Translation (YLT)
- For compassed me have evils innumerable, Overtaken me have mine iniquities, And I have not been able to see; They have been more than the hairs of my head, And my heart hath forsaken me.
Read in context
- 10मैं ने तेरा धर्म मन ही में नहीं रखा; मैं ने तेरी सच्चाई और तेरे किए हुए उधार की चर्चा की है; मैं ने तेरी करूणा और सत्यता बड़ी सभा से गुप्त नहीं रखी।।
- 11हे यहोवा, तू भी अपनी बड़ी दया मुझ पर से न हटा ले, तेरी करूणा और सत्यता से निरन्तर मेरी रक्षा होती रहे!
- 12क्योंकि मैं अनगिनत बुराइयों से घिरा हुआ हूं; मेरे अधर्म के कामों ने मुझे आ पकड़ा और मैं दृष्टि नहीं उठा सकता; वे गिनती में मेरे सिर के बालों से भी अधिक हैं; इसलिये मेरा हृदय टूट गया।।
- 13हे यहोवा, कृपा करके मुझे छुड़ा ले! हे यहोवा, मेरी सहायता के लिये फुर्ती कर!
- 14जो मेरे प्राण की खोज में हैं, वे सब लज्जित हों; और उनके मुंह काले हों और वे पीछे हटाए और निरादर किए जाएं जो मेरी हाति से प्रसन्न होते हैं।
Cross references
- Psalm 38:4 भजन संहिता 38:4क्योंकि मेरे अधर्म के कामों में मेरा सिर डूब गया, और वे भारी बोझ की नाई मेरे सहने से बाहर हो गए हैं।।
- Psalm 73:26 भजन संहिता 73:26मेरे हृदय और मन दोनों तो हार गए हैं, परन्तु परमेश्वर सर्वदा के लिये मेरा भाग और मेरे हृदय की चट्टान बना है।।
- Psalm 69:4 भजन संहिता 69:4जो अकारण मेरे बैरी हैं, वे गिनती में मेरे सिर के बालों से अधिक हैं; मेरे विनाश करनेवाले जो व्यर्थ मेरे शत्रु हैं, वे सामर्थीं हैं, इसलिये जो मैं ने लूटा नहीं वह भी मुझ को देना पड़ा है।
- Isaiah 53:6 यशायाह 53:6हम तो सब के सब भेड़ों की नाईं भटक गए थे; हम में से हर एक ने अपना अपना मार्ग लिया; और यहोवा ने हम सभों के अधर्म का बोझ उसी पर लाद दिया।।
- Psalm 116:3 भजन संहिता 116:3मृत्यु की रस्सियां मेरे चारों ओर थीं; मैं अधोलोक की सकेती में पड़ा था; मुझे संकट और शोक भोगना पड़ा।
- Luke 18:13–14 लूका 18:13–14परन्तु चुंगी लेनेवाले ने दूर खड़े होकर, स्वर्ग की ओर आंख उठाना भी न चाहा, बरन अपनी छाती पीट- पीटकर कहा; हे परमेश्वर मुझ पापी पर दया कर। मैं तुम से कहता हूं, कि वह दूसरा नहीं; परन्तु यही मनुष्य धर्मी ठहराया जाकर अपने घर गया; क्योंकि जो कोई अपने आप को बड़ा बनाएगा, वह छोटा किया जाएगा; और जो अपने आप को छोटा बनाएगा, वह बड़ा किया जाएगा।।
- Psalm 19:12 भजन संहिता 19:12अपनी भूलचूक को कौन समझ सकता है? मेरे गुप्त पापों से तू मुझे पवित्रा कर।
- Psalm 22:11–19 भजन संहिता 22:11–19मुझ से दूर न हो क्योंकि संकट निकट है, और कोई सहायक नहीं। बहुत से सांढ़ों ने मुझे घेर लिया है, बाशान के बलवन्त सांढ़ मेरे चारों ओर मुझे घेरे हुए है। वह फाड़ने और गरजनेवाले सिंह की नाईं मुझ पर अपना मुंह पसारे हुए है।। मैं जल की नाईं बह गया, और मेरी सब हडि्डयों के जोड़ उखड़ गए: मेरा हृदय मोम हो गया, वह मेरी देह के भीतर पिघल गया। मेरा बल टूट गया, मैं ठीकरा हो गया; और मेरी जीभ मेरे तालू से चिपक गई; और तू मुझे मारकर मिट्टी में मिला देता है। क्योंकि कुत्तों ने मुझे घेर लिया है; कुकर्मियों की मण्डली मेरी चरों ओर मुझे घेरे हुए है; वह मेरे हाथ और मेरे पैर छेदते हैं। मैं अपनी सब हडि्डयां गिन सकता हूं; वे मुझे देखते और निहारते हैं; वे मेरे वस्त्रा आपस में बांटते हैं, और मेरे पहिरावे पर चिट्ठी डालते हैं। परन्तु हे यहोवा तू दूर न रह! हे मेरे सहायक, मेरी सहायता के लिये फुर्ती कर!
- 1 Peter 3:18 1 पतरस 3:18इसलिये कि मसीह ने भी, अर्थात् अधर्मियों के लिये धर्मी ने पापों के कारण एक बार दुख उठाया, ताकि हमें परमेश्वर के पास पहुंचाए: वह शरीर के भाव से तो घात किया गया, पर आत्मा के भाव से जिलाया गया।
- Hebrews 4:15 इब्रानियों 4:15क्योंकि हमारा ऐसा महायाजक नहीं, जो हमारी निर्बलताओं में हमारे साथ दुखी न हो सके; बरन वह सब बातों में हमारी नाई परखा तो गया, तौभी निष्पाप निकला।
- Luke 21:26 लूका 21:26और भय के कारण और संसार पर आनेवाली घटनाओं की बांट देखते देखते लोगों के जी में जी न रहेगा क्योंकि आकाश की शक्तियों हिलाई जाएंगी।
- Genesis 42:28 उत्पत्ति 42:28यह वही बात है, जो मैं फिरौन से कह चुका हूं, कि परमेश्वर जो काम किया चाहता है, उसे उस ने फिरौन को दिखाया है।
Original words (Hebrew)
- innumerable · H4557מִסְפָּר miçpâr
- evils · H7451רַע raʻ
- compassed · H661אָפַף ʼâphaph
- iniquities · H5771עָוֺן ʻâvôn
- hold · H5381נָשַׂג nâsag
- able · H3201יָכֹל yâkôl
- up · H7200רָאָה râʼâh
- more · H6105עָצַם ʻâtsam
- hairs · H8185שַׂעֲרָה saʻărâh
- head · H7218רֹאשׁ rôʼsh
- heart · H3820לֵב lêb
- faileth · H5800עָזַב ʻâzab