Psalms · chapter 79 · verse 4
Psalm 79:4 in Hindi
पड़ोसियों के बीच हमारी नामधराई हुई; चारों ओर के रहनेवाले हम पर हंसते, और ठट्ठा करते हैं।।
Padosiyom ke beech hamaaree naamadharaaee huee; chaarom or ke rahanevaale ham par hansate, aur thatthaa karate hain..
Psalm 79:4 in English
- King James Version (KJV)
- We are become a reproach to our neighbours, a scorn and derision to them that are round about us.
- World English Bible (WEB)
- We have become a reproach to our neighbors, a scoffing and derision to those who are around us.
- American Standard Version (ASV)
- We are become a reproach to our neighbors, A scoffing and derision to them that are round about us.
- Bible in Basic English (BBE)
- We are looked down on by our neighbours, we are laughed at and made sport of by those who are round us.
- Darby Translation (DBY)
- We are become a reproach to our neighbours, a mockery and a derision to them that are round about us.
- Webster's Bible (WBS)
- We have become a reproach to our neighbors, a scorn and derision to them that are around us.
- Young's Literal Translation (YLT)
- We have been a reproach to our neighbours, A scorn and a derision to our surrounders.
Read in context
- 2उन्हों ने तेरे दासों की लोथों को आकाश के पक्षियों का आहार कर दिया, और तेरे भक्तों का मांस वनपशुओें को खिला दिया है।
- 3उन्हों ने उनका लोहू यरूशलेम के चारों ओर जल की नाई बहाया, और उनको मिट्टी देनेवाला कोई न था।
- 4पड़ोसियों के बीच हमारी नामधराई हुई; चारों ओर के रहनेवाले हम पर हंसते, और ठट्ठा करते हैं।।
- 5हे यहोवा, तू कब तक लगातार क्रोध करता रहेगा? तुझ में आग की सी जलन कब तक भड़कती रहेगी?
- 6जो जातियां तुझ को नहीं जानती, और जिन राज्यों के लोग तुझ से प्रार्थना नहीं करते, उन्ही पर अपनी सब जलजलाहट भड़का!
Cross references
- Psalm 80:6 भजन संहिता 80:6तू हमें हमारे पड़ोसियों के झगड़ने का कारण कर देता है; और हमारे शत्रु मनमाने ठट्ठा करते हैं।।
- Lamentations 5:1 विलापगीत 5:1हे यहोवा, स्मरण कर कि हम पर क्या क्या बीता है; हमारी ओर दृष्टि करके हमारी नामधराई को देख!
- Psalm 89:41 भजन संहिता 89:41सब बटोही उसको लूट लेते हैं, और उसके पड़ोसियों से उसकी नामधराई होती है।
- Ezekiel 36:15 यहेजकेल 36:15और मैं फिर जाति- जाति के लोगों से तेरी निन्दा न सुनवाऊंगा, और तुझे जाति- जाति की ओर से फिर नामधराई न सहनी पड़ेगी, और तुझ पर बसी हुई जाति को तू फिर ठोकर न खिलाएगा, परमेश्वर यहोवा की यही वाणी है।
- Nehemiah 4:1–4 नहेमायाह 4:1–4जब सम्बल्लत ने सुना कि यहूदी लोग शहरपनाह को बना रहे हैं, तब उस ने बुरा माना, और बहुत रिसियाकर यहूदियों को ठट्ठों में उड़ाने लगा। वह अपने भाइयों के और शोमरोन की सेना के साम्हने यों कहने लगा, वे निर्बल यहूदी क्या किया चाहते हैं? क्या वे वह काम अपने बल से करेंगे? क्या वे अपना स्थान दृढ़ करेंगे? क्या वे यज्ञ करेंगे? क्या वे आज ही सब काम निपटा डालेंगे? क्या वे मिट्टीके ढेरों में के जले हुए पत्थ्रों को फिर नये सिरे से बनाएंगे? उसके पास तो अम्मोनी तोबियाह था, और वह कहने लगा, जो कुछ वे बना रहे हैं, यदि कोई गीदड़ भी उस पर चढ़े, तो वह उनकी बनाई हुई पत्थर की शहरपनाह को तोड़ देगा। हे हमारे परमेश्वर सुन ले, कि हमारा अपमान हो रहा है; और उनका किया हुआ अपमान उन्हीं के सिर पर लौटा दे, और उन्हें बन्धुआई के देश में लुटवा दे।
- 1 Kings 9:7 1 राजा 9:7तो मैं इस्राएल को इस देश में से जो मैं ने उनको दिया है, काट डालूंगा और इस भवन को जो मैं ने अपने नाम के लिये पवित्रा किया है, अपनी दृष्टि से उतार दूंगा; और सब देशों के लोगों में इस्राएल की उपमा दी जायेगी और उसका दृष्टान्त चलेगा।
- Deuteronomy 28:37 व्यवस्थाविवरण 28:37और उन सब जातियों में जिनके मध्य में यहोवा तुझ को पहुंचाएगा, वहां के लोगों के लिये तू चकित होने का, और दृष्टान्त और शाप का कारण समझा जाएगा।
- Psalm 44:13–14 भजन संहिता 44:13–14तू हमारे पड़ोसियों से हमारी नामधराई कराता है, और हमारे चारों ओर से रहनेवाले हम से हंसी ठट्ठा करते हैं। तू हम को अन्यजातियों के बीच में उपमा ठहराता है, और देश देश के लेग हमारे कारण सिर हिलाते हैं। दिन भर हमें तिरस्कार सहना पड़ता है,
- Daniel 9:16 दानिय्येल 9:16हे प्रभु, हमारे पापों और हमारे पुरखाओं के अधर्म के कामों के कारण यरूशलेम की और तेरी प्रजा की, और हमारे आस पास के सब लोगों की ओर से नामधराई हो रही है; तौभी तू अपने सब धर्म के कामों के कारण अपना क्रोध और जलजलाहट अपने नगर यरूशलेम पर से उतार दे, जो तेरे पवित्रा पर्वत पर बसा है।
- Jeremiah 24:9 यिर्मयाह 24:9इस कारण वे पृथ्वी के राज्य राज्य में मारे मारे फिरते हुए हुेख भोगते रहेंगे; और जितने स्थानों में मैं उन्हें बरबस निकाल दूंगा, उन सभों में वे नामधराई और दृष्टांत और स्राप का विषय होंगे।
- Jeremiah 25:18 यिर्मयाह 25:18अर्थात् यरूशलेम और यहूदा के नगरों के निवासियों को, और उनके राजाओं और हाकिमों को पिलाया, ताकि उनका देश उजाड़ हो जाए और लोग ताली बजाएं, और उसकी उपमा देकर शाप दिया करें; जैसा आजकल होता है।
- Ezekiel 35:12 यहेजकेल 35:12और तू जानेगा, कि मुझ यहोवा ने तेरी सब तिरस्कार की बातें सुनी हैं, जो तू ने इस्राएल के पहाड़ों के विषय में कहीं, कि, वे तो उजड़ गए, वे हम ही को दिए गए हैं कि हम उन्हें खा डालें।