Romans · chapter 10 · verse 14
Romans 10:14 in Hindi
फिर जिस पर उन्हों ने विश्वास नहीं किया, वे उसका नाम क्योंकर लें? और जिस की नहीं सुनी उस पर क्योंकर विश्वास करें?
Phir jis par unhom ne vishvaas naheem kiyaa, ve usakaa naam kyonkar lem? Aur jis kee naheem sunee us par kyonkar vishvaas karem?
Romans 10:14 in English
- King James Version (KJV)
- How then shall they call on him in whom they have not believed? and how shall they believe in him of whom they have not heard? and how shall they hear without a preacher?
- World English Bible (WEB)
- How then will they call on him in whom they have not believed? How will they believe in him whom they have not heard? How will they hear without a preacher?
- American Standard Version (ASV)
- How then shall they call on him in whom they have not believed? and how shall they believe in him whom they have not heard? and how shall they hear without a preacher?
- Bible in Basic English (BBE)
- But how will they give worship to him in whom they have no faith? and how will they have faith in him of whom they have not had news? and how will they have news without a preacher?
- Darby Translation (DBY)
- How then shall they call upon him in whom they have not believed? and how shall they believe on him of whom they have not heard? and how shall they hear without one who preaches?
- Webster's Bible (WBS)
- How then shall they call on him in whom they have not believed? and how shall they believe in him of whom they have not heard? and how shall they hear without a preacher?
- Young's Literal Translation (YLT)
- How then shall they call upon [him] in whom they did not believe? and how shall they believe [on him] of whom they did not hear? and how shall they hear apart from one preaching?
Read in context
- 12यहूदियों और यूनानियों में कुछ भेद नहीं, इसलिये कि वह सब का प्रभु है; और अपने सब नाम लेनेवालों के लिये उदार है।
- 13क्योंकि जो कोई प्रभु का नाम लेगा, वह उद्धार पाएगा।
- 14फिर जिस पर उन्हों ने विश्वास नहीं किया, वे उसका नाम क्योंकर लें? और जिस की नहीं सुनी उस पर क्योंकर विश्वास करें?
- 15और प्रचारक बिना क्योंकर सुनें? और यदि भेजे न जाएं, तो क्योंकर प्रचार करें? जैसा लिखा है, कि उन के पांव क्या ही सोहावने हैं, जो अच्छी बातों का सुसमाचार सुनाते हैं।
- 16परन्तु सब ने उस सुसमाचार पर कान न लगाया: यशायाह कहता है, कि हे प्रभु, किस ने हमारे समाचार की प्रतीति की है?
Cross references
- Mark 16:15–16 मरकुस 16:15–16और उस ने उन से कहा, तुम सारे जगत में जाकर सारी सृष्टि के लोगों को सुसमाचार प्रचार करो। जो विश्वास करे और बपतिस्मा ले उसी का उद्धार होगा, परन्तु जो विश्वास न करेगा वह दोषी ठहराया जाएगा।
- Acts 26:17–18 प्रेरितों के काम 26:17–18और मैं तुझे तेरे लोगों से और अन्यजातियों से बचाता रहूंगा, जिन के पास मैं अब तुझे इसलिये भेजता हूं। कि तू उन की आंखे खोले, कि वे अंधकार से ज्योति की ओर, और शैतान के अधिकार से परमेश्वर की ओर फिरें; कि पापों की क्षमा, और उन लोगों के साथ जो मुझ पर विश्वास करने से पवित्रा किए गए हैं, मीरास पाएं।
- Titus 1:3 तीतुस 1:3पर ठीक समय पर अपने वचन को उस प्रचार के द्वारा प्रगट किया, जो हमारे उद्धारकर्ता परमेश्वर की आज्ञा के अनुसार मुझे सौंपा गया।
- Acts 8:31 प्रेरितों के काम 8:31उस ने कहा, जब तक कोई मुझे न समझाए तो मैं क्यांेकर समझूं? और उस ने फिलिप्पुस से बिनती की, कि चढ़कर मेरे पास बैठ।
- Hebrews 11:6 इब्रानियों 11:6और विश्वास बिना उसे प्रसन्न करना अनहोना है, क्योंकि परमेश्वर के पास आनेवाले को विश्वास करना चाहिए, कि वह है; और अपने खोजनेवालों को प्रतिफल देता है।
- 2 Timothy 4:17 2 तीमुथियुस 4:17परन्तु प्रभु मेरा सहायक रहा, और मुझे सामर्थ दी: ताकि मेरे द्वारा पूरा पूरा प्रचार हो, और सब अन्यजाति सुन ले; और मैं तो सिंह के मुंह से छुड़ाया गया।
- Ephesians 4:21 इफिसियों 4:21बरन तुम ने सचमुच उसी की सुनी, और जैसा यीशु मे सत्य है, उसी में सिखाए भी गए।
- Luke 24:46–47 लूका 24:46–47और उन से कहा, यों लिखा है; कि मसीह दु:ख उठाएगा, और तीसरे दिन मरे हुओं में से जी उठेगा। और यरूशलेम से लेकर सब जातियों में मन फिराव का और पापों की क्षमा का प्रचार, उसी के नाम से किया जाएगा।
- James 5:15 याकूब 5:15और विश्वास की प्रार्थना के द्वारा रोगी बच जाएगा और प्रभु उस को उठा कर खड़ा करेगा; और यदि उस ने पाप भी किए हों, तो उन की भी क्षमा हो जाएगी।
- Acts 19:2 प्रेरितों के काम 19:2उन से कहा; क्या तुम ने विश्वास करते समय पवित्रा आत्मा पाया? उन्हों ने उस से कहा, हम ने तो पवित्रा आत्मा की चर्चा भी नहीं सुनी।
- Jonah 3:5–9 योना 3:5–9तब नीनवे के मनुष्यों ने परमेश्वर के वचन की प्रतीति की; और उपवास का प्रचार किया गया और बड़े से लेकर छोटे तक सभों ने टाट ओढ़ा। तब यह समाचार नीनवे के राजा के कान में पहुंचा; और उस ने सिंहासन पर से उठ, अपना राजकीय ओढ़ना उतारकर टाट ओढ़ लिया, और राख पर बैठ गया। और राजा के प्रधानों से सम्मति लेकर नीनवे में इस आज्ञा का ढींढोरा पिटवाया, कि क्या मनुष्य, क्या गाय- बैल, क्या भेड़- बकरी, या और पशु, कोई कुछ भी न खाएं; वे ने खांए और न पानी पीवें। और मनुष्य और पशु दोनों टाट ओढ़ें, और वे परमेश्वर की दोहाई चिल्ला- चिल्ला कर दें; और अपने कुमार्ग से फिरें; और उस उपद्रव से, जो वे करते हैं, पश्चाताप करें। सम्भव है, परमेश्वर दया करे और अपनी इच्छा बदल दे, और उसका भड़का हुआ कोप शान्त हो जाए और हम नाश होने से बच जाएं।।
- John 20:31 यूहन्ना 20:31परन्तु ये इसलिये लिखे गए हैं, कि तुम विश्वास करो, कि यीशु ही परमेश्वर का पुत्रा मसीह है: और विश्वास करके उसके नाम से जीवन पाओ।।
Original words (Greek)
- How · G4459πῶς pōs
- then · G3767οὖν oûn
- him · G1941ἐπικαλέομαι epikaléomai
- in · G1519εἰς eis
- whom · G3739ὅς hós
- have · G4100πιστεύω pisteúō
- not · G3756οὐ ou
- believed · G4100πιστεύω pisteúō
- and · G1161δέ dé
- how · G4459πῶς pōs
- believe · G4100πιστεύω pisteúō
- whom · G3739ὅς hós
- have · G191ἀκούω akoúō
- not · G3756οὐ ou
- heard · G191ἀκούω akoúō
- and · G1161δέ dé
- how · G4459πῶς pōs
- hear · G191ἀκούω akoúō
- without · G5565χωρίς chōrís
- preacher · G2784κηρύσσω kērýssō