Zechariah · chapter 4 · verse 6
Zechariah 4:6 in Hindi
तब उस ने मुझे उत्तर देकर कहा, जरूब्बाबेल के लिये यहोवा का यह वचन है: न तो बल से, और न शक्ति से, परन्तु मेरे आत्मा के द्वारा होगा, मुझ सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।
Tab us ne mujhe uttar dekar kahaa, jaroobbaabel ke liye yahovaa kaa yah vachan hai: na to bal se, aur na shakti se, parantu mere aatmaa ke dvaaraa hogaa, mujh senaaom ke yahovaa kaa yahee vachan hai.
Zechariah 4:6 in English
- King James Version (KJV)
- Then he answered and spake unto me, saying, This [is] the word of the LORD unto Zerubbabel, saying, Not by might, nor by power, but by my spirit, saith the LORD of hosts.
- World English Bible (WEB)
- Then he answered and spoke to me, saying, “This is the LORD’s word to Zerubbabel, saying, ‘Not by might, nor by power, but by my Spirit,’ says the LORD of Armies.
- American Standard Version (ASV)
- Then he answered and spake unto me, saying, This is the word of Jehovah unto Zerubbabel, saying, Not by might, nor by power, but by my Spirit, saith Jehovah of hosts.
- Bible in Basic English (BBE)
- This is the word of the Lord to Zerubbabel, saying, Not by force or by power, but by my spirit, says the Lord of armies.
- Darby Translation (DBY)
- And he answered and spoke unto me, saying, This is the word of Jehovah unto Zerubbabel, saying, Not by might, nor by power, but by my Spirit, saith Jehovah of hosts.
- Webster's Bible (WBS)
- Then he answered and spoke to me, saying, This [is] the word of the LORD to Zerubbabel, saying, Not by might, nor by power, but by my spirit, saith the LORD of hosts.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And he answereth and speaketh unto me, saying: 'This [is] a word of Jehovah unto Zerubbabel, saying: Not by a force, nor by power, But — by My Spirit, said Jehovah of Hosts.
Read in context
- 4तब मैं ने उस दूत से जो मुझ से बातें करता था, पूछा, हे मेरे प्रभु, ये क्या हैं?
- 5जो दूत मुझ से बातें करता था, उस ने मुझ को उत्तर दिया, क्या तू नहीं जानता कि ये क्या हैं? मैं ने कहा, हे मेरे प्रभु मैं नहीं जानता।
- 6तब उस ने मुझे उत्तर देकर कहा, जरूब्बाबेल के लिये यहोवा का यह वचन है: न तो बल से, और न शक्ति से, परन्तु मेरे आत्मा के द्वारा होगा, मुझ सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।
- 7हे बड़े पहाड़, तू क्या है? जरूब्बाबेल के साम्हने तू मैदान हो जाएगा; और वह चोटी का पत्थर यह पुकारते हुए आएगा, उस पर अनुग्रह हो, अनुग्रह!
- 8फिर यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुंचा,
Cross references
- 2 Chronicles 32:7–8 2 इतिहास 32:7–8कि हियाव बान्धो और दृढ हो तुम न तो अश्शूर के राजा से डरो और न उसके संग की सारी भीड़ से, और न तुम्हारा मन कच्चा हो; क्योंकि जो हमारे साथ है, वह उसके संगियों से बड़ा है। अर्थात् उसका सहारा तो मतुष्य ही है परन्तु हमारे साथ, हमारी सहायता और हमारी ओर से युठ्ठ करने को हमारा परमेश्वर यहोवा है। इसलिये प्रजा के लोग यहूदा के राजा हिजकिरयाह की बातों पर भरोसा किए रहे।
- 2 Corinthians 10:4–5 2 कुरिन्थियों 10:4–5क्योंकि हमारी लड़ाई के हथियार शारीरिक नहीं, पर गढ़ों को ढा देने के लिये परमेश्वर के द्वारा सामर्थी हैं। सो हम कल्पनाओं को, और हर एक ऊंची बात को, जो परमेश्वर की पहिचान के विरोध में उठती है, खण्डन करते हैं; और हर एक भावना को कैद करके मसीह का आज्ञाकारी बना देते हैं।
- 1 Corinthians 2:4–5 1 कुरिन्थियों 2:4–5ओर मेरे वचन, और मेरे प्रचार में ज्ञान की लुभानेवाली बातें नहीं; परन्तु आत्मा और सामर्थ का प्रमाण था। इसलिये कि तुम्हारा विश्वास मनुष्यों के ज्ञान पर नहीं, परन्तु परमेश्वर की सामर्थ पर निर्भर हो।।
- Psalm 33:16 भजन संहिता 33:16कोई ऐसा राजा नहीं, जो सेना की बहुतायत के कारण बच सके; वीर अपनी बड़ी शक्ति के कारण छूट नहीं जाता।
- Isaiah 11:2–4 यशायाह 11:2–4और यहोवा की आत्मा, बुद्धि और समझ की आत्मा, युक्ति और पराक्रम की आत्मा, और ज्ञान और यहोवा के भय की आत्मा उस पर ठहरी रहेगी। ओर उसको यहोवा का भय सुगन्ध सा भाएगा।। वह मुंह देखा न्याय न करेगा और न अपने कानों के सुनने के अनुसार निर्णय करेगा; परन्तु वह कंगालों का न्याय धर्म से, और पृथ्वी के नम्र लोगों का निर्णय खाराई से करेगा; और वह पृथ्वी को अपने वचन के सोंटे से मारेगा, और अपने फूंक के झोंके से दुष्ट को मिटा डालेगा।
- Psalm 20:6–8 भजन संहिता 20:6–8अब मैं जान गया कि यहोवा अपने अभिषिक्त का उद्धार करता है; वह अपने दहिने हाथ के उद्धार करनेवाले पराक्रम से अपने पवित्रा स्वर्ग पर से सुनकर उसे उत्तर देगा। किसी को रथों को, और किसी को घोड़ों का भरोसा है, परन्तु हम तो अपने परमेश्वर यहोवा ही का नाम लेंगे। वे तो झुक गए और गिर पड़े परन्तु हम उठे और सीधे खड़े हैं।।
- Psalm 33:20–21 भजन संहिता 33:20–21हम यहोवा का आसरा देखते आए हैं; वह हमारा सहायक और हमारी ढाल ठहरा है। हमारा हृदय उसके कारण आनन्दित होगा, क्योंकि हम ने उसके पवित्रा नाम का भरोसा रखा है।
- Hosea 1:7 होशे 1:7परन्तु यहूदा के घराने पर मैं दया करूंगा, और उनका उद्धार करूंगा; उनका उद्धार मैं धनुष वा तलवार वा युद्ध वा घोड़ों वा सवारों के द्वारा नहीं, परन्तु उनके परमेश्वर यहोवा के द्वारा करूंगा।।
- Psalm 44:3–7 भजन संहिता 44:3–7क्योंकि वे न तो अपनी तलवार के बल से इस देश के अधिकारी हुए, और न अपने बाहुबल से; परन्तु तेरे दहिने हाथ और तेरी भुजा और तेरे प्रसन्न मुख के कारण जयवन्त हुए; क्योंकि तू उनको चाहता था।। हे परमेश्वर, तू ही हमारा महाराजा है, तू याकूब के उद्धार की आज्ञा देता है। तेरे सहारे से हम अपने द्रोहियों को ढकेलकर गिरा देंगे; तेरे नाम के प्रताप से हम अपने विरोधियों को रौंदेंगे। क्योंकि मैं अपने धनुष पर भरोसा न रखूंगा, और न अपनी तलवार के बल से बचूगा। परन्तु तू ही ने हम को द्रोहियों से बचाया है, और हमारे बैरियों को निराश और लज्जित किया है।
- Haggai 2:2–5 हाग्गै 2:2–5शालतीएल के पुत्रा यहूदा के अधिपति जरूब्बाबेल, और यहोसादाक के पुत्रा यहोशू महायाजक और सब बचे हुए लोगों से यह बात कह, तुम में से कौन है, जिस ने इस भवन की पहिली महिमा देखी है? अब तुम इसे कैसी दशा में देखते हो? क्या यह सच नहीं कि यह तुम्हारी दृष्टि में उस पहिले की अपेक्षा कुछ भी अच्छा नहीं है? तौभी, अब यहोवा की यह वाणी है, हे जरूब्बाबेल, हियाव बान्ध; और हे यहोसादाक के पुत्रा यहोशू महायाजक, हियाव बान्ध; और यहोवा की यह भी वाणी है कि हे देश के सब लोगो हियाव बान्धकर काम करो, क्योंकि मैं तुम्हारे संग हूं, सेनाओं के यहोवा की यही वाणी है। तुम्हारे मि से निकलने के समय जो वाचा मैं ने तुम से बान्धी थी, उसी वाचा के अनुसार मेरा आत्मा तुम्हारे बीच में बना है; इसलिये तुम मत डरो।
- 2 Chronicles 14:11 2 इतिहास 14:11तब आसा ने अपने परमेश्वर यहोवा की यों दोहाई दी, कि हे यहोवा! जैसे तू सामथ की सहायता कर सकता है, वैसे ही शक्तिहीन की भी; हे हमारे परमेश्वर यहोवा! हमारी सहायता कर, क्योंकि हमारा भरोसा तुझी पर है और तेरे नाम का भरोसा करके हम इस भीड़ के विरूद्ध आए हैं। हे यहोवा, तू हमारा परमेश्वर है; मनुष्य तुझ पर प्रबल न होने पाएगा।
- Ezekiel 37:11–14 यहेजकेल 37:11–14फिर उस ने मुझ से कहा, हे मनुष्य के सन्तान, ये हडि्डयां इस्राएल के सारे घराने की उपमा हैं। वे कहत हैं, हमारी हडि्डयां सूख गई, और हमारी आशा जाती रही; हम पूरी रीति से कट चूके हैं। इस कारण भविष्यद्वाणी करके उन से कह, परमेश्वर यहोवा यों कहता है, हे मेरी प्रजा के लोगो, देखो, मैं तुमहारी कबरें खोलकर तुम को उन से निकालूंगा, और इस्राएल के देश में पहुंचा दूंगा। सो जब मैं तुमहारी कबरें खोलूं, और तुम को उन से निकालूं, तब हे मेरी प्रजा के लोगो, तुम जान लोगे कि मैं यहोवा हूँ। और मैं तुम में अपना आत्मा समवाऊंगा, और तुम जीओगे, और तुम को तुम्हारे निज देश में बसाऊंगा; तब तुम जान लोगे कि मुझ यहोवा ही ने यह कहा, और किया भी है, यहोवा की यही वाणी है।