2 Chronicles · chapter 33 · verse 19
2 Chronicles 33:19 in Hindi
और उसकी प्रार्थना और वह कैसे सुनी गई, और उसका सारा पाप और विश्वासघात और उस ने दीन होने से पहिले कहां कहां ऊंचे स्थान बनवाए, और अशेरा नाम और खुदी हुई मूर्त्तियां खड़ी कराई, यह सब होशे के वचनों में जिखा है।
Aur usakee praarthanaa aur vah kaise sunee gaee, aur usakaa saaraa paap aur vishvaasaghaat aur us ne deen hone se pahile kahaam kahaam oonche sthaan banavaae, aur asheraa naam aur khudee huee moorttiyaam khadee karaaee, yah sab hoshe ke vachanom mem jikhaa hai.
2 Chronicles 33:19 in English
- King James Version (KJV)
- His prayer also, and [how God] was intreated of him, and all his sin, and his trespass, and the places wherein he built high places, and set up groves and graven images, before he was humbled: behold, they [are] written among the sayings of the seers.
- World English Bible (WEB)
- His prayer also, and how God listened to his request, and all his sin and his trespass, and the places in which he built high places and set up the Asherah poles and the engraved images before he humbled himself: behold, they are written in the history of Hozai.
- American Standard Version (ASV)
- His prayer also, and how [God] was entreated of him, and all his sin and his trespass, and the places wherein he built high places, and set up the Asherim and the graven images, before he humbled himself, behold, they are written in the history of Hozai.
- Bible in Basic English (BBE)
- And the prayer which he made to God, and how God gave him an answer, and all his sin and his wrongdoing, and the places where he made high places and put up pillars of wood and images, before he put away his pride, are recorded in the history of the seers.
- Darby Translation (DBY)
- And his prayer, and [how God] was intreated of him, and all his sin and his unfaithfulness, and the places in which he built high places, and set up Asherahs and graven images, before he was humbled, behold, they are written among the words of Hozai.
- Webster's Bible (WBS)
- His prayer also, and [how God] was entreated by him, and all his sin, and his trespass, and the places in which he built high places, and set up groves and graven images, before he was humbled: behold, they [are] written among the sayings of the seers.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and his prayer, and his entreaty, and all his sin, and his trespass, and the places in which he had built high places, and established the shrines and the graven images before his being humbled, lo, they are written beside the matters of Hozai.
Read in context
- 17तौभी प्रजा के लोग ऊंचे स्थानों पर बलिदान करते रहे, परन्तु केवल अपने परमेश्वर यहोवा के लिये।
- 18मनश्शे के ओर काम, और उस ने जो प्रार्थना अपने परमेश्वर से की, और उन दर्शियों के वचन जो इस्राएल के परमेश्वर यहोवा के नाम से उस से बातें करते थे, यह सब इस्राएल के राजाओं के इतिहास में लिखा हुआ है।
- 19और उसकी प्रार्थना और वह कैसे सुनी गई, और उसका सारा पाप और विश्वासघात और उस ने दीन होने से पहिले कहां कहां ऊंचे स्थान बनवाए, और अशेरा नाम और खुदी हुई मूर्त्तियां खड़ी कराई, यह सब होशे के वचनों में जिखा है।
- 20निदान मनश्शे अपने पुरखाओं के संग सो गया और उसे उसी के घर में मिट्टी दी गई; और उसका पुत्रा आमोन उसके स्थान पर राज्य करने लगा।
- 21जब आमोन राज्य करने लगा, तब वह बाईस वर्ष का था, और यरूशलेम में दो वर्ष तक राज्य करता रहा।
Cross references
- Acts 9:11 प्रेरितों के काम 9:11तब प्रभु ने उस से कहा, उठकर उस गली में जा जो सीधी कहलाती है, और यहूदा के घर में शाऊल नाम एक तारसी को पूछ ले; क्योंकि देख, वह प्रार्थना कर रहा है।
- 1 John 1:9 1 यूहन्ना 1:9यदि हम अपने पापों को मान लें, तो वह हमारे पापों को क्षमा करने, और हमें सब अधर्म से शुद्ध करने में विश्वासयोग्य और धर्मी है।
- Daniel 5:22 दानिय्येल 5:22तौभी, हे बेलशस्सर, तू जो उसका पुत्रा है, और यह सब कुछ जानता था, तौभी तेरा मन नम्र न हुआ।
- Jeremiah 44:10 यिर्मयाह 44:10आज के दिन तक उनका मन चूर नहीं हुआ ओर न वे डरते हैं; और न मेरी उस व्यवस्था और उन विधियों पर चलते हैं जो मैं ने तुम्हारे पूर्वजों को और तुम को भी सुनवाई हैं।
- Romans 5:16 रोमियों 5:16और जैसा एक मनुष्य के पाप करने का फल हुआ, वैसा ही दान की दशा नहीं, क्योंकि एक ही के कारण दण्ड की आज्ञा का फैसला हुअ, परन्तु बहुतेरे अपराधों से ऐसा बरदान उत्पन्न हुआ, कि लोग धर्मी ठहरे।
- Psalm 119:67 भजन संहिता 119:67उस से पहिले कि मैं दु:खित हुआ, मैं भटकता था; परन्तु अब मैं तेरे वचन को मानता हूं।
- 2 Chronicles 36:12 2 इतिहास 36:12और उस ने वही किया, जो उसके परमेश्वर यहोवा की दृष्टि में बुरा है। यद्यापि यिर्मयाह नबी यहोवा की ओर से बातें कहता था, तौभी वह उसके साम्हने दीन न हुआ।
- Proverbs 15:8 नीतिवचन 15:8दुष्ट लोगों के बलिदान से यहोवा धृणा करता है, परन्तु वह सीधे लोगों की प्रार्थना से प्रसन्न होता है।
- Psalm 119:75 भजन संहिता 119:75हे यहोवा, मैं जान गया कि तेरे नियम धर्ममय हैं, और तू ने अपने सच्चाई के अनुसार मुझे दु:ख दिया है।
- Psalm 119:71 भजन संहिता 119:71मुझे जो दु:ख हुआ वह मेरे लिये भला ही हुआ है, जिस से मैं तेरी विधियों को सीख सकूं।
- 2 Chronicles 30:11 2 इतिहास 30:11तौभी आशेर, मनश्शे और जबूलून में से कुछ लोग दीन होकर यरूशलेम को आए।
- 2 Chronicles 33:1–13 2 इतिहास 33:1–13जब मनश्शे राज्य करने लगा तब वह बारह वर्ष का था, और यरूशलेम में पचपन वर्ष तक राज्य करता रहा। उस ने वह किया, जो यहोवा की दृष्टि में बुरा था, अर्थात् उन जातियों के घिनौने कामों के अनुसार जिनको यहोवा ने इस्राएलियों के साम्हने से देश से तिकाल दिया था। उस ने उन ऊंचे स्थानों को जिन्हें उसके पिता हिजकिरयाह ने तोड़ दिया था, फिर बनाया, और बाल नाम देवताओं के लिये वेदियां ओर अशेरा नाम मूरतें बनाई, और आकाश के सारे गण को दणडवत करता, और उनकी उपासना करता रहा। और उस ने यहोवा के उस भवन मे वेदियां बनाई जिसके विषय यहोवा ने कहा था कि यरूशलेम में मेरा नाम सदा बना रहेगा। वरन यहोवा के भवन के दोनों आंगनों में भी उस ने आकाश के सारे गण के लिये वेदियां बनाई। फिर उस ने हिन्नोम के बेटे की तराई में अपने लड़केबालों को होम करके चढ़ाया, और शुभ- अशुभ मुहूत को मानता, और टोना और तंत्रा- मंत्रा करता, और ओझों और भूतसिध्दिवालों से व्यवहार करता था। वरन उस ने ऐसे बहुत से काम किए, जो यहोवा की दृष्टि में बुरे हैं और जिन से वह अप्रसन्न होता है। और उस ने अपनी खुदवाई हुई मूर्त्ति परमेश्वर के उस भवन में स्थापन की जिसके विषय परमेश्वर ने दाऊद और उसके पुत्रा सुलैमान से कहा था, कि इस भवन में, और यरूशलेम में, जिसको मैं ने इस्राएल के सब गोत्रों में से चुन लिया है मैं आना नाम सर्वदा रखूंगा, और मैं ऐसा न करूंगा कि जो देश मैं ने तुम्हारे पुरखाओं को दिया था, उस में से इस्राएल फिर मारा मारा फिरे; इतना अवश्य हो कि वे मेरी सब आज्ञाओं को अर्थात् मूसा की दी हुई सारी व्यवस्था और विधियों और नियमों को पालन करने की चौकसी करें। और मनश्शे ने यहूदा और यरूशलेम के निवासियों को यहां तक भटका दिया कि उन्हों ने उन जातियों से भी बढ़कर बुराई की, जिन्हें यहोवा ने इस्राएलियों के साम्हने से विनाश किया था। और यहोवा ने मनश्शे और उसकी प्रजा से बातें कीं, परन्तु उन्हों ने कुछ ध्यान नहीं दिया। तब यहोवा ने उन पर अश्शूर के सेनापतियों से चढ़ाई कराई, और ये मनश्शे को नकेल डालकर, और पीतल की बेड़ियां जकड़कर, उसे बाबेल को ले गए। तब संकट में पड़कर वह अपने परमेश्वर यहोवा को मानने लगा, और अपने पूर्वजों के परमेश्वर के साम्हने बहुत दीन हुआ, और उस से प्रार्थना की। तब उस ने प्रसन्न होकर उसकी बिनती सुनी, और उसको यरूशलेम में पहुंचाकर उसका राज्य लौटा दिया। तब मनश्शे को निश्चय हो गया कि यहोवा ही परमेश्वर है।
Original words (Hebrew)
- prayer · H8605תְּפִלָּה tᵉphillâh
- intreated · H6279עָתַר ʻâthar
- sin · H2403חַטָּאָה chaṭṭâʼâh
- trespass · H4604מַעַל maʻal
- places · H4725מָקוֹם mâqôwm
- built · H1129בָּנָה bânâh
- places · H1116בָּמָה bâmâh
- up · H5975עָמַד ʻâmad
- groves · H842אֲשֵׁרָה ʼăshêrâh
- images · H6456פְּסִיל pᵉçîyl
- before · H6440פָּנִים pânîym
- humbled · H3665כָּנַע kânaʻ
- written · H3789כָּתַב kâthab
- sayings · H1697דָּבָר dâbâr
- seers · H2374חֹזֶה chôzeh