2 Corinthians · chapter 7 · verse 15
2 Corinthians 7:15 in Hindi
और जब उस को तुम सब के आज्ञाकारी होने का स्मरण आता है, कि क्योंकर तुम ने डरते और कांपते हुए उस से भेंट की; तो उसका प्रेम तुम्हारी ओर और भी बढ़ता जाता है।
Aur jab us ko tum sab ke aajnyaakaaree hone kaa smaran aataa hai, ki kyonkar tum ne darate aur kaampate hue us se bhent kee; to usakaa prem tumhaaree or aur bhee badhataa jaataa hai.
2 Corinthians 7:15 in English
- King James Version (KJV)
- And his inward affection is more abundant toward you, whilst he remembereth the obedience of you all, how with fear and trembling ye received him.
- World English Bible (WEB)
- His affection is more abundantly toward you, while he remembers all of your obedience, how with fear and trembling you received him.
- American Standard Version (ASV)
- And his affection is more abundantly toward you, while he remembereth the obedience of you all, how with fear and trembling ye received him.
- Bible in Basic English (BBE)
- And his love to you is the more increased by his memory of you all, how you gave way to his authority, and how you took him to your hearts with fear and honour.
- Darby Translation (DBY)
- and his affections are more abundantly towards you, calling to mind the obedience of you all, how with fear and trembling ye received him.
- Webster's Bible (WBS)
- And his tender affection is more abundant towards you, whilst he remembereth the obedience of you all, how with fear and trembling ye received him.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and his tender affection is more abundantly toward you, remembering the obedience of you all, how with fear and trembling ye did receive him;
Read in context
- 13इसलिये हमें शान्ति हुई; और हमारी इस शान्ति के साथ तितुस के आनन्द के कारण और भी आनन्द हुआ कयोंकि उसका जी तुम सब के कारण हरा भरा हो गया है।
- 14क्योंकि यदि मैं ने उसके साम्हने तुम्हारे विषय में कुछ घमण्ड दिखाया, तो लज्जित नहीं हुआ, परन्तु जैसे हम ने तुम से सब बातें सच सच कह दी थीं, वैसे ही हमारा धमण्ड दिखाना तितुस के साम्हने भी सच निकला।
- 15और जब उस को तुम सब के आज्ञाकारी होने का स्मरण आता है, कि क्योंकर तुम ने डरते और कांपते हुए उस से भेंट की; तो उसका प्रेम तुम्हारी ओर और भी बढ़ता जाता है।
- 16मैं आनन्द करता हूं, कि तुम्हारी ओर से मुझे हर बात में ढाढ़स होता है।।
Cross references
- Philippians 2:12 फिलिप्पियों 2:12सो हे मेरे प्यारो, जिस प्रकार तुम सदा से आज्ञा मानते आए हो, वैसे ही अब भी न केवल मेरे साथ रहते हुए पर विशेष करके अब मेरे दूर रहने पर भी डरते और कांपते हुए अपने अपने उद्धार का कार्य पूरा करते जाओ।
- 2 Corinthians 2:9 2 कुरिन्थियों 2:9क्योंकि मैं ने इसलिये भी लिखा था, कि तुम्हें परख लूं, कि सब बातों के मानने के लिये तैयार हो, कि नहीं।
- 1 John 3:17 1 यूहन्ना 3:17पर जिस किसी के पास संसार की संपत्ति हो और वह अपने भाई को कंगाल देखकर उस पर तरस न खाना चाहे, तो उस में परमेश्वर का प्रेम क्योंकर बना रह सकता है?
- Isaiah 66:2 यशायाह 66:2यहोवा की यह वाणी है, ये सब वस्तुएं मेरे ही हाथ की बनाई हुई हैं, सो ये सब मेरी ही हैं। परन्तु मैं उसी की ओर दृष्टि करूंगा जो दीन और खेदित मन का हो, और मेरा वचन सुनकर थरथराता हो॥
- Psalm 119:120 भजन संहिता 119:120तेरे भय से मेरा शरीर कांप उठता है, और मैं तेरे नियमों से डरता हूं।।
- 2 Corinthians 10:5–6 2 कुरिन्थियों 10:5–6सो हम कल्पनाओं को, और हर एक ऊंची बात को, जो परमेश्वर की पहिचान के विरोध में उठती है, खण्डन करते हैं; और हर एक भावना को कैद करके मसीह का आज्ञाकारी बना देते हैं। और तैयार रहते हैं कि जब तुम्हारा आज्ञा मानना पूरा हो जाए, तो हर एक प्रकार के आज्ञा न मानने का पलटा लें।
- 2 Thessalonians 3:14 2 थिस्सलुनीकियों 3:14यदि कोई हमारी इस पत्री की बात को न माने, तो उस पर दृष्टि रखो; और उस की संगति न करो, जिस से वह लज्जित हो;
- Colossians 3:12 कुलुस्सियों 3:12इसलिये परमेश्वर के चुने हुओं की नाईं जो पवित्रा और प्रिय हैं, बड़ी करूणा, और भलाई, और दीनता, और नम्रता, और सहनशीलता धारण करो।
- Psalm 2:11 भजन संहिता 2:11डरते हुए यहोवा की उपासना करो, और कांपते हुए मगन हो।
- Job 21:6 अय्यूब 21:6जब मैं स्मरण करता तब मैं घबरा जाता हूँ, और मेरी देह में कंपकंपी लगती है।
- Acts 16:29 प्रेरितों के काम 16:29तब वह दीया मंगवाकर भीतर लपक गया, और कांपता हुआ पौलुस और सीलास के आगे गिरा।
- Song of Solomon 5:4 श्रेष्ठगीत 5:4मेरे प्रेमी ने अपना हाथ किवाड़ के छेद से भीतर डाल दिया, तब मेरा हृदय उसके लिये उभर उठा।
Original words (Greek)
- And · G2532καί kaí
- his · G846αὐτός autós
- affection · G4698σπλάγχνον splánchnon
- is · G2076ἐστί estí
- abundant · G4056περισσοτέρως perissotérōs
- toward · G1519εἰς eis
- you · G5209ὑμᾶς hymâs
- remembereth · G363ἀναμιμνήσκω anamimnḗskō
- obedience · G5218ὑπακοή hypakoḗ
- you · G5216ὑμῶν hymōn
- all · G3956πᾶς pâs
- how · G5613ὡς hōs
- with · G3326μετά metá
- fear · G5401φόβος phóbos
- and · G2532καί kaí
- trembling · G5156τρόμος trómos
- received · G1209δέχομαι déchomai
- him · G846αὐτός autós