Ezra · chapter 5 · verse 11
Ezra 5:11 in Hindi
और उन्हों ने हमें यों उत्तर दिया, कि हम तो शकाश और पृथ्वी के परमेश्वर के दास हैं, और जिस भवन को बहुत वर्ष हुए इस्राएलियों के एक बड़े राजा ने बनाकर तैयार किया था, उसी को हम बना रहे हैं।
Aur unhom ne hamem yom uttar diyaa, ki ham to shakaash aur pruthvee ke parameshvar ke daas haim, aur jis bhavan ko bahut varsh hue israaeliyom ke ek bade raajaa ne banaakar taiyaar kiyaa thaa, usee ko ham banaa rahe hain.
Ezra 5:11 in English
- King James Version (KJV)
- And thus they returned us answer, saying, We are the servants of the God of heaven and earth, and build the house that was builded these many years ago, which a great king of Israel builded and set up.
- World English Bible (WEB)
- Thus they returned us answer, saying, “We are the servants of the God of heaven and earth and are building the house that was built these many years ago, which a great king of Israel built and finished.
- American Standard Version (ASV)
- And thus they returned us answer, saying, We are the servants of the God of heaven and earth, and are building the house that was builded these many years ago, which a great king of Israel builded and finished.
- Bible in Basic English (BBE)
- And they made answer to us, saying, We are the servants of the God of heaven and earth, and we are building the house which was put up in times long past and was designed and made complete by a great king of Israel.
- Darby Translation (DBY)
- And thus they returned us answer, saying, We are the servants of the God of the heavens and the earth, and build the house that was built these many years ago; and a great king of Israel built and completed it.
- Webster's Bible (WBS)
- And thus they returned us answer, saying, We are the servants of the God of heaven and earth, and build the house that was erected these many years ago, which a great king of Israel built and set up.
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'And thus they have returned us word, saying, We [are] servants of the God of heaven and earth, and are building the house that was built many years before this, that a great king of Israel built and finished:
Read in context
- 9इसलिये हम ने उन पुरनियों से यों पूछा, कि यह भवन बनवाने, और यह शहरपनाह खड़ी करने की आज्ञा किस ने तुम्हें दी?
- 10और हम ने उनके नाम भी पूछे, कि हम उनके मुख्य पुरूषों के नाम लिखकर तुझ को जता सकें।
- 11और उन्हों ने हमें यों उत्तर दिया, कि हम तो शकाश और पृथ्वी के परमेश्वर के दास हैं, और जिस भवन को बहुत वर्ष हुए इस्राएलियों के एक बड़े राजा ने बनाकर तैयार किया था, उसी को हम बना रहे हैं।
- 12जब हमारे पुरखाओं ने स्वर्ग के परमेश्वर को रिस दिलाई थी, तब उस ने उन्हें बाबेल के कसदी राजा नबूकदनेस्सर के हाथ में कर दिया था, और उस ने इस भवन को नाश किया और लोगों को बन्धुआ करके बाबेल को ले गया।
- 13परन्तु बाबेल के राजा कुस्रू के पहिले वर्ष में उसी कुस्रू राजा ने परमेश्वर के इस भवन के बनाने की आज्ञा दी
Cross references
- Daniel 3:26 दानिय्येल 3:26फिर नबूकदनेस्सर उस धधकते हुए भट्ठे के द्वार के पास जाकर कहने लगा, हे शद्रक, मेशक और अबेदनगो, हे परमप्रधान परमेश्वर के दासो, निकलकर यहां आओ! यह सुनकर शद्रक, मेशक और अबेदनगो आग के बीच से निकल आए।
- Romans 1:16 रोमियों 1:16क्योंकि मैं सुसमाचार से नहीं लजाता, इसलिये कि वह हर एक विश्वास करनेवाले के लिये, पहिले तो यहूदी, फिर यूनानी के लिये उद्धार के निमित्त परमेश्वर की सामर्थ है।
- Matthew 10:32 मत्ती 10:32जो कोई मनुष्यों के साम्हने मुझे मान लेगा, उसे मैं भी स्वर्गीय पिता के साम्हने मान लूंगा।
- Psalm 119:46 भजन संहिता 119:46और मैं तेरी चितौनियों की चर्चा राजाओं के साम्हने भी करूंगा, और संकोच न करूंगा;
- Acts 27:23 प्रेरितों के काम 27:23क्योंकि परमेश्वर जिस का मैं हूं, और जिस की सेवा करता हूं, उसके स्वर्गदूत ने आज रात मेरे पास आकर कहा।
- Galatians 6:14 गलातियों 6:14पर ऐसा न हो, कि मैं और किसी बात का घमण्ड करूं, केवल हमारे प्रभु यीशु मसीह के क्रूस का जिस के द्वारा संसार मेरी दृष्टि में और मैं संसार की दृष्टि में क्रूस पर चढ़ाया गया हूं।
- Luke 12:8 लूका 12:8मैं तुम से कहता हूं जो कोई मनुष्यों के साम्हने मुझे मान लेगा उसे मनुष्य का पुत्रा भी परमेश्वर के स्वर्गदूतों के सामहने मान लेगा।
- Joshua 24:15 यहोशू 24:15और यदि यहोवा की सेवा करनी तुम्हें बुरी लगे, तो आज चुन लो कि तुम किस की सेवा करोगे, चाहे उन देवताओं की जिनकी सेवा तुम्हारे पुरखा महानद के उस पार करते थे, और चाहे एमोरियों के देवताओं की सेवा करो जिनके देश में तुम रहते हो; परन्तु मैं तो अपने घराने समेत यहोवा की सेवा नित करूंगा।
- Romans 6:16 रोमियों 6:16क्या तुम नहीं जानते, कि जिस की आज्ञा मानने के लिये तुम अपने आप को दासों की नाईं सौंप देते हो, उसी के दास हो: और जिस की मानते हो, चाहे पाप के, जिस का अन्त मृत्यु है, चाहे आज्ञा मानने के, जिस का अन्त धार्मिकता है?
- Jonah 1:9 योना 1:9उस ने उन से कहा, मैं इब्री हूं; और स्वर्ग का परमेश्वर यहोवा जिस ने जल स्थल दोनों को बनाया है, उसी का भय मानता हूं।
- 2 Chronicles 3:1–5 2 इतिहास 3:1–5तब सुलैमान ने यरूशलेम में मोरिरयाह नाम पहाड़ पर उसी स्थान में यहोवा का भवन बनाना आरम्भ किया, जिसे उसके पिता दाऊद ने दर्शन पाकर यबूसी ओर्नान के खलिहान में तैयार किया था: उस ने अपने राज्य के चौथे वर्ष के दूसरे महीने के, दूसरे दिन को बनाना आरम्भ किया। परमेश्वर का जो भवन सुलैमान ने बनाया, उसका यह ढव है, अर्थात् उसकी लम्बाई तो प्राचीन काल की नाप के अनुसार साठ हाथ, और उसकी चौड़ाई बीस हाथ् की थी। और भवन के साम्हने के ओसारे की लम्बाई तो भवन की चौड़ाई के बराबर बीस हाथ की; और उसकी ऊंचाई एक सौ बीस हाथ की थी। सुलैमान ने उसको भीतर चोखे सोने से मढ़वाया। और भवन के बड़े भाग की छत उस ने सनोवर की लकड़ी से पटवाई, और उसको अच्छे सोने से मढ़वाया, और उस पर खजूर के वृक्ष की और सांकलों की नक्काशी कराई।
- 1 Kings 6:1–7 1 राजा 6:1–7इस्राएलियों के मिस्र देश से निकलने के चार सौ अस्सीवें वर्ष के बाद जो सुलैमान के इस्राएल पर राज्य करने का चौथा वर्ष था, उसके जीव नाम दूसरे महीने में वह यहोवा का भवन बनाने लगा। और जो भवन राजा सुलैमान ने यहोवा के लिये बनाया उसकी लम्बाई साठ हाथ, चौड़ाई बीस हाथ और ऊंचाई तीस हाथ की थी। और भवन के मन्दिर के साम्हने के ओसारे की लम्बाई बीस हाथ की थी, अर्थात् भवन की चौड़ाई के बराबर थी, और ओसारे की चौड़ाई जो भवन के साम्हने थी, वह दस हाथ की थी। फिर उस ने भवन में स्थिर झिलमिलीदार खिड़कियां बनाई। और उस ने भवन के आसपास की भीतों से सटे हुए अर्थात् मन्दिर और दर्शन- स्थान दोनों भीतों के आसपास उस ने मंजिलें और कोठरियां बनाई। सब से नीचेवाली मंजिल की चौड़ाई पांच हाथ, और बीचवाली की छ: हाथ, और ऊपरवाली की सात हाथ की थी, क्योंकि उस ने भवन के आसपास भीत को बाहर की ओर कुस दार बनाया था इसलिये कि कड़ियां भवन की भीतों को पकड़े हुए न हों। और बनते समय भपन ऐसे पत्थरों का बनाया गया, जो वहां ले आने से पहिले गढ़कर ठीक किए गए थे, और भवन के बनते समय हथैड़े वसूली वा और किसी प्रकार के लोहे के औजार का शब्द कभी सुनाई नहीं पड़ा।
Original words (Hebrew)
- thus · H3660כְּנֵמָא kᵉnêmâʼ
- returned · H8421תּוּב tûwb
- answer · H6600פִּתְגָּם pithgâm
- saying · H560אֲמַר ʼămar
- We · H586אֲנַחְנָא ʼănachnâʼ
- are · H1994הִמּוֹ himmôw
- servants · H5649עֲבַד ʻăbad
- God · H426אֱלָהּ ʼĕlâhh
- heaven · H8065שָׁמַיִן shâmayin
- earth · H772אֲרַע ʼăraʻ
- build · H1124בְּנָא bᵉnâʼ
- house · H1005בַּיִת bayith
- was · H1934הָוָא hâvâʼ
- builded · H1124בְּנָא bᵉnâʼ
- these · H1836דֵּן dên
- many · H7690שַׂגִּיא saggîyʼ
- years · H8140שְׁנָה shᵉnâh
- ago · H6928קַדְמָה qadmâh
- great · H7229רַב rab
- king · H4430מֶלֶךְ melek
- Israel · H3479יִשְׂרָאֵל Yisrâʼêl
- builded · H1124בְּנָא bᵉnâʼ
- up · H3635כְּלַל kᵉlal