Genesis · chapter 12 · verse 20
Genesis 12:20 in Hindi
और फिरौन ने अपने आदमियों को उसके विषय में आज्ञा दी और उन्हों ने उसको और उसकी पत्नी को, सब सम्पत्ति समेत जो उसका था, विदा कर दिया।।
Aur phiraun ne apane aadamiyom ko usake vishay mem aajnyaa dee aur unhom ne usako aur usakee patnee ko, sab sampatti samet jo usakaa thaa, vidaa kar diyaa..
Genesis 12:20 in English
- King James Version (KJV)
- And Pharaoh commanded [his] men concerning him: and they sent him away, and his wife, and all that he had.
- World English Bible (WEB)
- Pharaoh commanded men concerning him, and they escorted him away with his wife and all that he had.
- American Standard Version (ASV)
- And Pharaoh gave men charge concerning him: and they brought him on the way, and his wife, and all that he had.
- Bible in Basic English (BBE)
- And Pharaoh gave orders to his men, and they sent him on his way, with his wife and all he had.
- Darby Translation (DBY)
- And Pharaoh commanded [his] men concerning him, and they sent him away, and his wife, and all that he had.
- Webster's Bible (WBS)
- And Pharaoh commanded [his] men concerning him: and they sent him away, and his wife, and all that he had.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And Pharaoh chargeth men concerning him, and they send him away, and his wife, an all that he hath.
Read in context
- 18सो फिरौन ने अब्राम को बुलवाकर कहा, तू ने मुझ से क्या किया है? तू ने मुझे क्यों नहीं बताया कि वह तेरी पत्नी है?
- 19तू ने क्यों कहा, कि वह तेरी बहिन है? मैं ने उसे अपनी ही पत्नी बनाने के लिये लिया; परन्तु अब अपनी पत्नी को लेकर यहां से चला जा।
- 20और फिरौन ने अपने आदमियों को उसके विषय में आज्ञा दी और उन्हों ने उसको और उसकी पत्नी को, सब सम्पत्ति समेत जो उसका था, विदा कर दिया।।
Cross references
- Proverbs 21:1 नीतिवचन 21:1राजा का मन नालियों के जल की नाई यहोवा के हाथ में रहता है, जिधर वह चाहता उधर उसको फेर देता है।
- Psalm 105:14–15 भजन संहिता 105:14–15परन्तु उस ने किसी मनुष्य को उन पर अन्धेर करने न दिया; और वह राजाओं को उनके निमित्त यह धमकी देता था, कि मेरे अभिषिक्तों को मत छुओं, और न मेरे नबियों की हानि करो!
- Exodus 18:27 निर्गमन 18:27और मूसा ने अपने ससुर को विदा किया, और उस ने अपने देश का मार्ग लिया।।
- 1 Samuel 29:6–11 1 शमूएल 29:6–11तब आकीश ने दाऊद को बुलाकर उस से कहा, यहोवा के जीवन की शपथ तू तो सीधा है, और सेना में तेरा मेरे संग आना जाना भी मुझे भावता है; क्योंकि जब से तू मेरे पास आया तब से लेकर आज तक मैं ने तो तुझ में कोई बुराई नहीं पाई। तौभी सरदार लोग तुझे नहीं चाहते। इसलिये अब तू कुशल से लौट जा; ऐसा न हो कि पलिश्ती सरदार तुझ से अप्रसन्न हों। दाऊद ने आकीश से कहा, मैं ने क्या किया है? और जब से मैं तेरे साम्हने आया तब से आज तक तू ने अपने दास में क्या पाया है कि अपने प्रभु राजा के शत्रुओं से लड़ने न पाऊं? आकीश ने दाऊद को उत्तर देकर कहा, हां, यह मुझे मालूम है, तू मेरी दृष्टि में तो परमेश्वर के दूत के समान अच्छा लगता है; तौभी पलिश्ती हाकिमों ने कहा है, कि वह हमारे संग लड़ाई में ने जाने पाएगा। इसलिये अब तू अपने प्रभु के सेवकों को लेकर जो तेरे साथ आए हैं बिहान को तड़के उठना; और तुम बिहान को लड़के उठकर उजियाला होते ही चले जाना। इसलिये बिहान को दाऊद अपने जनों समेत तड़के उठकर पलिश्तियों के देश को लौअ गया। और पलिश्ती यिज्रेल को चढ़ गए।।