Genesis · chapter 16 · verse 4
Genesis 16:4 in Hindi
और वह हाजिरा के पास गया, और वह गर्भवती हुई और जब उस ने जाना कि वह गर्भवती है तब वह अपनी स्वामिनी को अपनी दृष्टि में तुच्छ समझने लगी।
Aur vah haajiraa ke paas gayaa, aur vah garbhavatee huee aur jab us ne jaanaa ki vah garbhavatee hai tab vah apanee svaaminee ko apanee drushti mem tuchchh samajhane lagee.
Genesis 16:4 in English
- King James Version (KJV)
- And he went in unto Hagar, and she conceived: and when she saw that she had conceived, her mistress was despised in her eyes.
- World English Bible (WEB)
- He went in to Hagar, and she conceived. When she saw that she had conceived, her mistress was despised in her eyes.
- American Standard Version (ASV)
- And he went in unto Hagar, and she conceived: and when she saw that she had conceived, her mistress was despised in her eyes.
- Bible in Basic English (BBE)
- And he went in to Hagar and she became with child, and when she saw that she was with child, she no longer had any respect for her master's wife.
- Darby Translation (DBY)
- And he went in to Hagar, and she conceived. And when she saw that she had conceived, her mistress was lightly esteemed in her eyes.
- Webster's Bible (WBS)
- And he went in to Hagar, and she conceived: and when she saw that she had conceived, her mistress was despised in her eyes.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and he goeth in unto Hagar, and she conceiveth, and she seeth that she hath conceived, and her mistress is lightly esteemed in her eyes.
Read in context
- 2सो सारै ने अब्राम से कहा, देख, यहोवा ने तो मेरी कोख बन्द कर रखी है सो मैं तुझ से बिनती करती हूं कि तू मेरी लौंडी के पास जा: सम्भव है कि मेरा घर उसके द्वारा बस जाए।
- 3सो सारै की यह बात अब्राम ने मान ली। सो जब अब्राम को कनान देश में रहते दस वर्ष बीत चुके तब उसकी स्त्री सारै ने अपनी मिद्दी लौंडी हाजिरा को लेकर अपने पति अब्राम को दिया, कि वह उसकी पत्नी हो।
- 4और वह हाजिरा के पास गया, और वह गर्भवती हुई और जब उस ने जाना कि वह गर्भवती है तब वह अपनी स्वामिनी को अपनी दृष्टि में तुच्छ समझने लगी।
- 5तब सारै ने अब्राम से कहा, जो मुझ पर उपद्रव हुआ सो तेरे ही सिर पर हो: मैं ने तो अपनी लौंडी को तेरी पत्नी कर दिया; पर जब उस ने जाना कि वह गर्भवती है, तब वह मुझे तुच्छ समझने लगी, सो यहोवा मेरे और तेरे बीच में न्याय करे।
- 6अब्राम ने सारै से कहा, देख तेरी लौंडी तेरे वश में है: जैसा तुझे भला लगे वैसा ही उसके साथ कर। सो सारै उसको दु:ख देने लगी और वह उसके साम्हने से भाग गई।
Cross references
- 2 Samuel 6:16 2 शमूएल 6:16जब यहोवा का सन्दूक दाऊदपुर में आ रहा था, तब शाऊल की बेटी मीकल ने खिड़की में से झांककर दाऊद राजा को यहोवा के सम्मुख नाचते कूदते देखा, और उसे मन ही मन तुच्छ जाना।
- Proverbs 30:23 नीतिवचन 30:23घिनौनी स्त्री का ब्याहा जाना, और दासी का अपनी स्वामिन की वारिस होना।।
- 1 Corinthians 4:6 1 कुरिन्थियों 4:6हे भाइयों, मैं ने इन बातों में तुम्हारे लिये अपनी और अपुल्लोस की चर्चा, दृष्टान्त की रीति पर की है, इसलिये कि तुम हमारे द्वारा यह सीखो, कि लिखे हुए से आगे न बढ़ना, और एक के पक्ष में और दूसरे के विरोध में गर्व न करना।
- Proverbs 30:20–21 नीतिवचन 30:20–21व्यभिचारिणी की चाल भी वैसी ही है; वह भोजन करके मुंह पोंछती, और कहती है, मैं ने कोई अनर्थ काम नहीं किया।। तीन बातों के कारण पृथ्वी कांपती है; वरन चार है, जो उस से सही नहीं जातीं:
- 1 Corinthians 13:4–5 1 कुरिन्थियों 13:4–5प्रेम धीरजवन्त है, और कृपाल है; प्रेम डाल नहीं करता; प्रेम अपनी बड़ाई नहीं करता, और फूलता नहीं। वह अनरीति नहीं चलता, वह अपनी भलाई नहीं चाहता, झुंझलाता नहीं, बुरा नहीं मानता।
- 1 Samuel 1:6–8 1 शमूएल 1:6–8परन्तु उसकी सौत इस कारण से, कि यहोवा ने उसकी कोख बन्द कर रखी थी, उसे अत्यन्त चिढ़ाकर कुढ़ाती रहती थीं। और वह तो प्रति वर्ष ऐसा ही करता था; और जब हन्ना यहोवा के भवन को जाती थी तब पनिन्ना उसको चिढ़ाती थी। इसलिये वह रोती और खाना न खाती थी। इसलिये उसके पति एल्काना ने उस से कहा, हे हन्ना, तू क्यों रोती है? और खाना क्यों नहीं खाती? और मेरा मन क्यों उदास है? क्या तेरे लिये मैं दस बेटों से भी अच्छा नहीं हूं?