Genesis · chapter 26 · verse 5
Genesis 26:5 in Hindi
क्योंकि इब्राहीम ने मेरी मानी, और जो मैं ने उसे सौंपा था उसको और मेरी आज्ञाओं विधियों, और व्यवस्था का पालन किया।
Kyonki ibraaheem ne meree maanee, aur jo maim ne use saumpaa thaa usako aur meree aajnyaaom vidhiyom, aur vyavasthaa kaa paalan kiyaa.
Genesis 26:5 in English
- King James Version (KJV)
- Because that Abraham obeyed my voice, and kept my charge, my commandments, my statutes, and my laws.
- World English Bible (WEB)
- because Abraham obeyed my voice, and kept my requirements, my commandments, my statutes, and my laws.”
- American Standard Version (ASV)
- because that Abraham obeyed my voice, and kept my charge, my commandments, my statutes, and my laws.
- Bible in Basic English (BBE)
- Because Abraham gave ear to my voice and kept my words, my rules, my orders, and my laws.
- Darby Translation (DBY)
- because that Abraham hearkened to my voice, and kept my charge, my commandments, my statutes, and my laws.
- Webster's Bible (WBS)
- Because that Abraham obeyed my voice, and kept my charge, my commandments, my statutes, and my laws.
- Young's Literal Translation (YLT)
- because that Abraham hath hearkened to My voice, and keepeth My charge, My commands, My statutes, and My laws.'
Read in context
- 3तू इसी देश में रह, और मैं तेरे संग रहूंगा, और तुझे आशीष दूंगा; और ये सब देश मैं तुझ को, और तेरे वंश को दूंगा; और जो शपथ मैं ने तेरे पिता इब्राहीम से खाई थी, उसे मैं पूरी करूंगा।
- 4और मैं तेरे वंश को आकाश के तारागण के समान करूंगा। और मैं तेरे वंश को ये सब देश दूंगा, और पृथ्वी की सारी जातियां तेरे वंश के कारण अपने को धन्य मानेंगी।
- 5क्योंकि इब्राहीम ने मेरी मानी, और जो मैं ने उसे सौंपा था उसको और मेरी आज्ञाओं विधियों, और व्यवस्था का पालन किया।
- 6सो इसहाक गरार में रह गया।
- 7जब उस स्थान के लोगों ने उसकी पत्नी के विषय में पूछा, तब उस ने यह सोचकर कि यदि मैं उसको अपनी पत्नी कहूं, तो यहां के लोग रिबका के कारण जो परम सुन्दरी है मुझ को मार डालेंगे, उत्तर दिया, वह तो मेरी बहिन है।
Cross references
- Matthew 7:24 मत्ती 7:24इसलिये जो कोई मेरी ये बातें सुनकर उन्हें मानता है वह उस बुद्विमान मनुष्य की नाई ठहरेगा जिस ने अपना घर चटान पर बनाया।
- Genesis 22:18 उत्पत्ति 22:18और पृथ्वी की सारी जातियां अपने को तेरे वंश के कारण धन्य मानेंगी: क्योंकि तू ने मेरी बात मानी है।
- Genesis 22:16 उत्पत्ति 22:16यहोवा की यह वाणी है, कि मैं अपनी ही यह शपथ खाता हूं, कि तू ने जो यह काम किया है कि अपने पुत्रा, वरन अपने एकलौते पुत्रा को भी, नहीं रख छोड़ा;
- Psalm 112:1–2 भजन संहिता 112:1–2याह की स्तुति करो। क्या ही धन्य है वह पुरूष जो यहोवा का भय मानता है, और उसकी आज्ञाओं से अति प्रसन्न रहता है! उसका वंश पृथ्वी पर पराक्रमी होगा; सीधे लोगों की सन्तान आशीष पाएगी।
- James 2:21 याकूब 2:21जब हमारे पिता इब्राहीम ने अपने पुत्रा इसहाक को वेदी पर चढ़ाया, तो क्या वह कर्मो से धार्मिक न ठहरा था।
- Hebrews 11:8 इब्रानियों 11:8विश्वास ही से इब्राहीम जब बुलाया गया तो आज्ञा मानकर ऐसी जगह निकल गया जिसे मीरास में लेनेवाला था, और यह न जानता था, कि मैं किधर जाता हूं; तौभी निकल गया।
- Galatians 5:6 गलातियों 5:6और मसीह यीशु में न खतना, न खतनारहित कुछ काम का है, परन्तु केवल विश्वास का जो प्रेम के द्वारा प्रभाव करता है।
- Psalm 128:1–6 भजन संहिता 128:1–6क्या ही धन्य है हर एक जो यहोवा का भय मानता है, और उसके मार्गों पर चलता है! तू अपनी कमाई को निश्चय खाने पाएगा; तू धन्य होगा, और तेरा भला ही होगा।। तेरे घर के भीतर तेरी स्त्री फलवन्त दाखलता सी होगी; तेरी मेज के चारों ओर तेरे बालक जलपाई के पौधे से होंगे। सुन, जो पुरूष यहोवा का भय मानता हो, वह ऐसी ही आशीष पाएगा।। यहोवा तुझे सिरयोन से आशीष देवे, और तू जीवन भर यरूशलेम का कुशल देखता रहे! वरन तू अपने नाती- पोतों को भी देखने पाए! इस्राएल को शान्ति मिले!
- Genesis 18:19 उत्पत्ति 18:19क्योंकि मैं जानता हूं, कि वह अपने पुत्रों और परिवार को जो उसके पीछे रह जाएंगे आज्ञा देगा कि वे यहोवा के मार्ग में अटल बने रहें, और धर्म और न्याय करते रहें, इसलिये कि जो कुछ यहोवा ने इब्राहीम के विषय में कहा है उसे पूरा करे।
- 1 Corinthians 15:58 1 कुरिन्थियों 15:58सो हे मेरे प्रिय भाइयो, दृढ़ और अटल रहो, और प्रभु के काम में सर्वदा बढ़ते जाओ, क्योंकि यह जानते हो, कि तुम्हारा परिश्रम प्रभु में व्यर्थ नहीं है।।
- Genesis 12:4 उत्पत्ति 12:4यहोवा के इस वचन के अनुसार अब्राम चला; और लूत भी उसके संग चला; और जब अब्राम हारान देश से निकला उस समय वह पचहत्तर वर्ष का था।
- Matthew 5:19 मत्ती 5:19इसलिये जो कोई इन छोटी से छोटी आज्ञाओं में से किसी एक को तोड़े, और वैसा ही लोगों को सिखाए, वह स्वर्ग के राज्य में सब से छोटा कहलाएगा; परन्तु जो कोई उन का पालन करेगा और उन्हें सिखाएगा, वही स्वर्ग के राज्य में महान कहलाएगा।