Isaiah · chapter 23 · verse 11
Isaiah 23:11 in Hindi
उस ने अपना हाथ समुद्र पर बढ़ाकर राज्यों को हिला दिया है; यहोवा ने कनान के दृढ़ किलों के नाश करने की आज्ञा दी है।
Us ne apanaa haath samudr par badhaakar raajyom ko hilaa diyaa hai; yahovaa ne kanaan ke drudh kilom ke naash karane kee aajnyaa dee hai.
Isaiah 23:11 in English
- King James Version (KJV)
- He stretched out his hand over the sea, he shook the kingdoms: the LORD hath given a commandment against the merchant [city], to destroy the strong holds thereof.
- World English Bible (WEB)
- He has stretched out his hand over the sea. He has shaken the kingdoms. The LORD has ordered the destruction of Canaan’s strongholds.
- American Standard Version (ASV)
- He hath stretched out his hand over the sea, he hath shaken the kingdoms: Jehovah hath given commandment concerning Canaan, to destroy the strongholds thereof.
- Bible in Basic English (BBE)
- His hand is stretched out over the sea, the kingdoms are shaking: the Lord has given orders about Canaan, to make waste its strong places.
- Darby Translation (DBY)
- He hath stretched out his hand over the sea, he shaketh the kingdoms. Jehovah hath given a commandment concerning Canaan, to destroy the strongholds thereof,
- Webster's Bible (WBS)
- He stretched his hand over the sea, he shook the kingdoms: the LORD hath given a commandment against the merchant [city] , to destroy its strong holds.
- Young's Literal Translation (YLT)
- His hand He hath stretched out over the sea, He hath caused kingdoms to tremble, Jehovah hath charged concerning the merchant one, To destroy her strong places.
Read in context
- 9सेनाओं के यहोवा ही ने ऐसी युक्ति की है कि समस्त गौरव के घमण्ड को तुच्छ कर दे और पृथ्वी के प्रतिष्ठितों का अपमान करवाए।
- 10हे तर्शीश के निवासियों नील नदी की नाई अपने देश में फैल जाओ; अब कुछ बन्धन नहीं रहा।
- 11उस ने अपना हाथ समुद्र पर बढ़ाकर राज्यों को हिला दिया है; यहोवा ने कनान के दृढ़ किलों के नाश करने की आज्ञा दी है।
- 12और उस ने कहा है, हे सीदोन, हे भ्रष्ट की हुई कुमारी, तू फिर प्रसन्न होने की नहीं; उठ, पार होकर कित्तियों के पास जा, परन्तु वहां भी तुझे चैन न मिलेगा।।
- 13कसदियों के देश को देखो, वह जाति अब न रही; अश्शूर ने उस देश को जंगली जन्तुओं का स्थान बनाया। उन्हों ने अपने गुम्मट उठाए और राजभवनों को ढ़ा दिया, और उसको खण्डहर कर दिया।
Cross references
- Zechariah 9:3–4 जकर्याह 9:3–4सोर ने अपने लिये एक गढ़ बनाया, और धूलि के किनकों की नाईं चान्दी, और सड़कों की कीच के समान चोखा सोना बटोर रखा है। देखो, परमेश्वर उसको औरों के अधिकार में कर देगा, और उसके घमण्ड को तोड़कर समुद्र में डाल देगा; और वह नगर आग का कौर हो जाएगा।।
- Exodus 14:21 निर्गमन 14:21और मूसा ने अपना हाथ समुद्र के ऊपर बढ़ाया; और यहोवा ने रात भर प्रचण्ड पुरवाई चलाई, और समुद्र को दो भाग करके जल ऐसा हटा दिया, जिससे कि उसके बीच सूखी भूमि हो गई।
- Ezekiel 27:34–35 यहेजकेल 27:34–35जिस समय तू अथाह जल में लहरों से टूटी, उस समय तेरे व्योपार का माल, और तेरे सब निवासी भी तेरे भीतर रहकर नाश हो गए। टापुओं के सब रहने वाले तेरे कारण विस्मित हुए; और उनके सब राजाओं के रोएं खड़े हो गए, और उनके मुंह उदास देख पड़े हैं।
- Psalm 71:3 भजन संहिता 71:3मेरे लिये सनातन काल की चट्टान का धाम बन, जिस में मैं नित्य जा सकूं; तू ने मेरे उद्धार की आज्ञा तो दी है, क्योंकि तू मेरी चट्टान और मेरा गढ़ ठहरा है।।
- Nahum 1:14 नहूम 1:14यहोवा ने तेरे विषय में यह आज्ञा दी है कि आगे को तेरा वंश न चले; मैं तेरे देवालयों में से ढली और गढ़ी हुई मूरतों को काट डालूंगा, मैं तेरे लिये कबर खोदूंगा, क्योंकि तू नीच है।।
- Genesis 9:25 उत्पत्ति 9:25इसलिये उस ने कहा, कनान शापित हो: वह अपने भाई बन्धुओं के दासों का दास हो।
- Psalm 46:6 भजन संहिता 46:6जाति जाति के लोग झल्ला उठे, राज्य राज्य के लोग डगमगाने लगे; वह बोल उठा, और पृथ्वी पिघल गई।
- Isaiah 14:16–17 यशायाह 14:16–17जो तुझे देखेंगे तुझ को ताकते हुए तेरे विषय में सोच सोचकर कहेंगे, क्या यह वही पुरूष है जो पृथ्वी को चैन से रहने न देता था और राज्य राज्य में घबराहट डज्ञल देता था; जो जगत को जंगल बनाता और उसके नगरों को ढा देता था, और अपने बंधुओं को घर जाने नहीं देता था?
- Mark 11:17 मरकुस 11:17और उपदेश करके उन से कहा, क्या यह नहीं लिखा है, कि मेरा घर सब जातियों के लिये प्रार्थना का घर कहलाएगा? पर तुम ने इसे डाकुओं की खोह बना दी है।
- Ezekiel 31:16 यहेजकेल 31:16जब मैं ने उसको कबर में गड़े हुओं के पास अधोलोक में फेंक दिया, तब उसके गिरने के शब्द से जाति जाति थरथरा गई, और एदेन के सब वृक्ष अर्थात् लबानोन के उत्तम उत्तम वृक्षों ने, जितने उस से जल पाते हैं, उन सभों ने अधोलोक में शान्ति पाई।
- Jeremiah 47:7 यिर्मयाह 47:7तू क्योंकर थम सकती है? क्योंकि यहोवा ने तुझ को आज्ञा देकर अश्कलोन और समुद्रतीर के विरूद्व ठहराया है।
- Exodus 15:8–10 निर्गमन 15:8–10और तेरे नथनों की सांस से जल एकत्रा हो गया, धाराएं ढेर की नाईं थम गईं; समुद्र के मध्य में गहिरा जल जम गया।। शत्रु ने कहा था, मैं पीछा करूंगा, मैं जा पकडूंगा, मैं लूट के माल को बांट लूंगा, उन से मेरा जी भर जाएगा। मै अपनी तलवार खींचते ही अपने हाथ से उनको नाश कर डालूंगा।। तू ने अपने श्वास का पवन चलाया, तब समुद्र ने उनको ढांप लिया; वे महाजलराशि में सीसे की नाई डूब गए।।