Isaiah · chapter 24 · verse 19
Isaiah 24:19 in Hindi
वह मतवाले की नाईं बहुत डगमगाएगी
Vah matavaale kee naaeem bahut dagamagaaegee
Isaiah 24:19 in English
- King James Version (KJV)
- The earth is utterly broken down, the earth is clean dissolved, the earth is moved exceedingly.
- World English Bible (WEB)
- The earth is utterly broken. The earth is torn apart. The earth is shaken violently.
- American Standard Version (ASV)
- The earth is utterly broken, the earth is rent asunder, the earth is shaken violently.
- Bible in Basic English (BBE)
- The earth is completely broken, it is parted in two, it is violently moved.
- Darby Translation (DBY)
- The earth is utterly broken down, the earth is completely dissolved, the earth is violently moved.
- Webster's Bible (WBS)
- The earth is utterly broken down, the earth is entirely dissolved, the earth is exceedingly moved.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Utterly broken down hath been the land, Utterly broken hath been the land, Utterly moved hath been the land.
Read in context
- 17हे पृथ्वी के रहनेवालों तुम्हारे लिये भय और गड़हा और फन्दा है!
- 18जो कोई भय के शब्द से भागे वह गड़हे में गिरेगा, और जो कोई गड़हे में से निकले वह फन्दे में फंसेगा। क्योंकि आकाश के झरोखे खुल जाएंगे, और पृथ्वी की नेव डोल उठेगी। पृथ्वी अत्यन्त कम्पायमान होगी।
- 19वह मतवाले की नाईं बहुत डगमगाएगी
- 20और मचान की नाई डोलेगी; वह अपने पाप के बोझ से दबकर गिरेगी और फिर न उठेगी।।
- 21उस समय ऐसा होगा कि यहोवा आकाश की सेना को आकाश में और पृथ्वी के राजाओं को पृथ्वी ही पर दण्ड देगा।
Cross references
- Isaiah 34:4–10 यशायाह 34:4–10आकाश के सारे गण जाते रहेंगे और आकाश कागज की नाई लपेटा जाएगा। और जैसे दाखलता वा अंजीर के वृक्ष के पत्ते मुर्झाकर गिर जाते हैं, वैसे ही उसके सारे गण धुंधले होकर जाते रहेंगे।। क्योंकि मेरी तलवार आकाश में पीकर तृप्त हुई है; देखो, वह न्याय करने को एदोम पर, और जिन पर मेरा शाप है उन पर पड़ेगी। यहोवा की तलवार लोहू से भर गई है, वह चर्बी से और भेड़ों के बच्चों और बकरों के लोहू से, और मेढ़ों के गुर्दों की चर्बी से तृप्त हुई है। क्योंकि बोस्रा नगर में यहोवा का एक यज्ञ और एदोम देश में बड़ा संहार हुआ है। उनके संग जंगली सांढ़ और बछड़े और बैल वध होंगे, और उनकी भूमि लोहू से भीग जाएगी और वहां की मिट्टी चर्बी से अघा जाएगी।। क्योंकि पलटा लेने को यहोवा का एक दिन और सिरयोन का मुक मा चुकाने का एक वर्ष नियुक्त है। और एदोम की नदियां राल से और उसकी मिट्टी गन्धक से बदल जाएगी; उसकी भूमि जलती हुई राल बन जाएगी। वह रात- दिन न बुझेगी; उसका धूंआ सदैव उठता रहेगा। युग युग वह उजाड़ पड़ा रहेगा; कोई उस में से होकर कभी न चलेगा।
- Deuteronomy 11:6 व्यवस्थाविवरण 11:6औैर उस ने रूबेनी एलीआब के पुत्रा दातान और अबीराम से क्या क्या किया; अर्थात् पृथ्वी ने अपना मुंह पसारके उनको घरानों, और डेरों, और सब अनुचरों समेत सब इस्राएलियों के देखते देखते कैसे निगल लिया;
- Jeremiah 4:23–28 यिर्मयाह 4:23–28मैं ने पृथ्वी पर देखा, वह सूनी और सुनसान पड़ी थी; और आकाश को, और उस में कोई ज्योति नहीं थी। मैं ने पहाड़ों को देखा, मे हिल रहे थे, और सब पहाड़ियों को कि वे डोल रही थीं। फिर मैं ने क्या देखा कि कोई पनुष्य भी न था और सब पक्षी भी उड़ गए थे। फिर मैं क्या देखता हूँ कि यहोवा के प्रताप और उस भड़के हुए प्रकोप के कारण उपजाऊ देश जंगल, और उसके सारे नगर खण्डहर हो गए थे। क्योंकि यहोवा ने यह बताया कि सारा देश उजाड़ हो जाएगा; तौभी मैं उसका अन्त न कर डालूंगा। इस कारण पृथ्वी विलाप करेगी, और आकाश शोक का काला वस्त्रा पहिनेगा; क्योंकि मैं ने ऐसा ही करते को ठाना और कहा भी है; मैं इस से नहीं पछताऊंगा और न अपने प्रण को छोड़ूंगा।
- Nahum 1:5 नहूम 1:5उसके स्पर्श से पहाड़ कांप उठते हैं और पहाड़ियां गल जाती हैं; उसके प्रताप से पृथ्वी वरन सारा संसार अपने सब रहनेवालों समेत थरथरा उठता है।।
- Revelation 20:11 प्रकाशितवाक्य 20:11फिर मैं ने एक बड़ा श्वेत सिंहासन और उस को जो उस पर बैठा हुआ है, देखा, जिस के साम्हने से पृथ्वी और आकाश भाग गए, और उन के लिये जगह न मिली।
- Isaiah 24:1–5 यशायाह 24:1–5सुनों, यहोवा पृथ्वी को निर्जन और सुनसान करने पर है, वह उसको उलटकर उसके रहनेवालों को तितर बितर करेग। और जैसी यजमान की वैसी याजक की; जैसी दास की वैसी स्वमी की; जैसी दासी की वैसी स्वामिनी की; जैसी लेनेवाले की वैसी बेचनेवाले की; जैसी उधार देनेवाले की वैसी उधार लेनेवाले की; जैसी ब्याज लेनेवाले की वैसी ब्याज देनेवाले की; सभों की एक ही दशा होगी। पृथ्वी शून्य और सत्यानाश हो जाएगी; क्योंकि यहोवा ही ने यह कहा है।। पृथ्वी विलाप करेगी और मुर्झाएगी, जगत कुम्हलाएगा और मुर्झा जाएगा; पृथ्वी के महान लोग भी कुम्हला जाएंगे। पृथ्वी अपने रहनेवालों के कारण अशुद्ध हो गई है, क्योंकि उन्हों ने व्यवस्था का उल्लंघन किया और विधि को पलट डाला, और सनातन वाचा को तोड़ दिया है।
- Habakkuk 3:6 हबक्कूक 3:6वह खड़ा होकर पृथ्वी को नाप रहा था; उस ने देखा और जाति जाति के लोग घबरा गए; तब सनातन पर्वत चकनाचूर हो गए, और सनातन की पहाड़ियां झुक गई उसकी गति अनन्त काल से एक सी है।
- Matthew 24:3 मत्ती 24:3और जब वह जैतून पहाड़ पर बैठा था, तो चेलों ने अलग उसके पास आकर कहा, हम से कह कि ये बातें कब होंगी और तेरे आने का, और जगत के अन्त का क्या चिन्ह होगा?