Isaiah · chapter 36 · verse 16
Isaiah 36:16 in Hindi
हिजकिरयाह की मत सुनो; अश्शूर का राजा कहता है, भेंट भेजकर मुझे प्रसन्न करो और मेरे पास निकल आओ; तब तुम अपनी अपनी दाखलता और अंजीर के वृक्ष के फल खा पाओगे, और अपने अपने कुण्ड का पानी पिया करोगे;
Hijakirayaah kee mat suno; ashshoor kaa raajaa kahataa hai, bhent bhejakar mujhe prasann karo aur mere paas nikal aao; tab tum apanee apanee daakhalataa aur anjeer ke vruksh ke phal khaa paaoge, aur apane apane kund kaa paanee piyaa karoge;
Isaiah 36:16 in English
- King James Version (KJV)
- Hearken not to Hezekiah: for thus saith the king of Assyria, Make [an agreement] with me [by] a present, and come out to me: and eat ye every one of his vine, and every one of his fig tree, and drink ye every one the waters of his own cistern;
- World English Bible (WEB)
- Don’t listen to Hezekiah, for the king of Assyria says, ‘Make your peace with me, and come out to me; and each of you eat from his vine, and each one from his fig tree, and each one of you drink the waters of his own cistern;
- American Standard Version (ASV)
- Hearken not to Hezekiah: for thus saith the king of Assyria, Make your peace with me, and come out to me; and eat ye every one of his vine, and every one of his fig-tree, and drink ye every one the waters of his own cistern;
- Bible in Basic English (BBE)
- Do not give ear to Hezekiah, for this is what the king of Assyria says, Make peace with me, and come out to me; and everyone will be free to take the fruit of his vine and of his fig-tree, and the water of his spring;
- Darby Translation (DBY)
- Hearken not to Hezekiah; for thus says the king of Assyria: Make peace with me and come out to me; and eat every one of his vine, and every one of his fig-tree, and drink every one the waters of his own cistern;
- Webster's Bible (WBS)
- Hearken not to Hezekiah: for thus saith the king of Assyria, Make [an agreement] with me [by] a present, and come out to me: and eat ye every one of his vine, and every one of his fig-tree, and drink ye every one the waters of his own cistern;
- Young's Literal Translation (YLT)
- 'Do not hearken unto Hezekiah, for thus said the king of Asshur, Make ye with me a blessing, and come out unto me, and eat ye each of his vine, and each of his fig-tree, and drink ye each the waters of his own well,
Read in context
- 14राजा यों कहता है, हिजकिरयाह तुम को धोखा न दे, क्योंकि वह तुम्हें बचा न सकेगा।
- 15ऐसा न हो कि हिजकिरयाह तुम से यह कहकर भुलवा दे कि यहोवा निश्चय हम को बचाएगा कि यह नगर अश्शूर के राजा के वश में न पड़ेगा।
- 16हिजकिरयाह की मत सुनो; अश्शूर का राजा कहता है, भेंट भेजकर मुझे प्रसन्न करो और मेरे पास निकल आओ; तब तुम अपनी अपनी दाखलता और अंजीर के वृक्ष के फल खा पाओगे, और अपने अपने कुण्ड का पानी पिया करोगे;
- 17जब तक मैं आकर तुम को ऐसे देश में न ले जाऊं जो तुम्हारे देश के समान अनाज और नये दाखमधु का देश और रोटी और दाख की बारियों का देश है।
- 18ऐसा न हो कि हिजकिरयाह यह कहकर तुम को बहकाए कि यहोवा हम को बचाएगा। क्या और जातियों के देवताओं ने अपने अपने देश को अश्शूर के राजा के हाथ से बचाया है?
Cross references
- 1 Kings 4:25 1 राजा 4:25और दान से बेशर्बा तक के सब यहूदी और इस्राएली अपनी अपनी दाखलता और अंजीर के वृक्ष तले सुलैमान के जीवन भर निडर रहते थे।
- Zechariah 3:10 जकर्याह 3:10उसी दिन तुम अपने अपने भाईबन्धुओं को दाखलता और अंजीर के वृक्ष के नीचे आने के लिये बुलाओगे, सेनाओं के यहोवा की यही वाणी है।।
- Micah 4:4 मीका 4:4और लोग आगे को युद्ध विद्या न सीखेंगे। परन्तु वे अपनी अपनी दाखलता और अंजीर के वृक्ष तले बैठा करेंगे, और कोई उनको न डराएगा; सेनाओं के यहोवा ने यही वचन दिया है।।
- 1 Samuel 11:3 1 शमूएल 11:3याबेश के वृद्ध लोगों ने उस से कहा, हमें सात दिन का अवकाश दे तब तक हम इस्राएल के सारे देश में दूत भेजेंगे। और यदि हम को कोई बचाने वाला न मिलेगा, तो हम तेरे ही पास निकल आएेंगे।
- Genesis 33:11 उत्पत्ति 33:11सो यह भेंट, जो तुझे भेजी गई है, ग्रहण कर: क्योंकि परमेश्वर ने मुझ पर अनुग्रह किया है, और मेरे पास बहुत है।
- 2 Kings 5:15 2 राजा 5:15तब वह अपने सब दल बल समेत परमेश्वर के भक्त के यहां लौट आया, और उसके सम्मुख खड़ा होकर कहने लगा सुन, अब मैं ने जान लिया है, कि समस्त पृथ्वी में इस्राएल को छोड़ और कहीं परमेश्वर नहीं है। इसलिये अब अपने दास की भेंट ग्रहण कर।
- 2 Kings 18:31 2 राजा 18:31हिजकिरयाह की मत सुनो। अश्शूर का राजा कहता है कि भेंट भेजकर मुझे प्रसन्न करो और मेरे पास निकल आओ, और प्रत्येक अपनी अपनी दाखलता और अंजीर के वृक्ष के फल खाता और अपने अपने कुण्ड का पानी पीता रहे।
- 1 Kings 4:20 1 राजा 4:20यहूदा और इस्राएल के लोग बहुत थे, वे समुद्र के तीर पर की बालू के किनकों के समान बहुत थे, और खाते-पीते और आनन्द करते रहे।
- 2 Samuel 8:6 2 शमूएल 8:6तब दाऊद ने दमिश्क में अराम के सिपाहियों की चौकियां बैठाई; इस प्रकार अरामी दाऊद के अधीन होकर भेंट ले आने लगे। और जहां जहां दाऊद जाता था वहां वहां यहोवा उसको जयवन्त करता था।
- Genesis 32:20 उत्पत्ति 32:20सो याकूब लाबान अरामी के पास से चोरी से चला गया, उसको न बताया कि मैं भागा जाता हूं।
- 1 Samuel 25:27 1 शमूएल 25:27और अब यह भेंट जो तेरी दासी अपने प्रभु के पास लाई है, उन जवानों को दी जाए जो मेरे प्रभु के साथ चालते हैं।
- 2 Kings 24:12–16 2 राजा 24:12–16और यहूदा का राजा यहोयाकीन अपनी माता और कर्मचारियों, हाकिमों और खोजों को संग लेकर बाबेल के राजा के पास गया, और बाबेल के राजा ने अपने राज्य के आठवें वर्ष मे उनको पकड़ लिया। तब उस ने यहोवा के भवन में और राजभवन में रखा हुआ पूरा धन वहां से निकाल लिया और सोने के जो पात्रा इस्राएल के राजा सुलैमान ने बनाकर यहोवा के मन्दिर में रखे थे, उन सभों को उस ने टुकड़े टुकड़े कर डाला, जैसा कि यहोवा ने कहा था। फिर वह पूरे यरूशलेम को अर्थात् सब हाकिमों और सब धनवानों को जो मिलकर दस हजार थे, और सब कारीगरों और लोहारों को बन्धुआ करके ले गया, यहां तक कि साधारण लोगों में से कंगालों को छोड़ और कोई न रह गया। और वह यहोयाकीन को बाबेल में ले गया और उसकी माता और स्त्रियों और खोजों को और देश के बड़े लोगों को वह बन्धुआ करके यरूशलेम से बाबेल को ले गया। और सब धनवान जो सात हजार थे, और कारीगर और लोहार जो मिलकर एक हजार थे, और वे सब वीर और युठ्ठ के योग्य थे, उन्हें बाबेल का राजा बन्धुआ करके बाबेल को ले गया।
Original words (Hebrew)
- Hearken · H8085שָׁמַע shâmaʻ
- Hezekiah · H2396חִזְקִיָּה Chizqîyâh
- saith · H559אָמַר ʼâmar
- king · H4428מֶלֶךְ melek
- Assyria · H804אַשּׁוּר ʼAshshûwr
- Make · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- present · H1293בְּרָכָה Bᵉrâkâh
- out · H3318יָצָא yâtsâʼ
- eat · H398אָכַל ʼâkal
- one · H376אִישׁ ʼîysh
- vine · H1612גֶּפֶן gephen
- one · H376אִישׁ ʼîysh
- tree · H8384תְּאֵן tᵉʼên
- drink · H8354שָׁתָה shâthâh
- one · H376אִישׁ ʼîysh
- waters · H4325מַיִם mayim
- cistern · H953בּוֹר bôwr