Isaiah · chapter 38 · verse 2
Isaiah 38:2 in Hindi
तब हिजकिरयाह ने भी की ओर मुंह फेरकर यहोवा से प्रार्थना करके कहा;
Tab hijakirayaah ne bhee kee or munh pherakar yahovaa se praarthanaa karake kahaa;
Isaiah 38:2 in English
- King James Version (KJV)
- Then Hezekiah turned his face toward the wall, and prayed unto the LORD,
- World English Bible (WEB)
- Then Hezekiah turned his face to the wall and prayed to the LORD,
- American Standard Version (ASV)
- Then Hezekiah turned his face to the wall, and prayed unto Jehovah,
- Bible in Basic English (BBE)
- And Hezekiah, turning his face to the wall, made his prayer to the Lord, saying,
- Darby Translation (DBY)
- And Hezekiah turned his face to the wall, and prayed to Jehovah,
- Webster's Bible (WBS)
- Then Hezekiah turned his face towards the wall, and prayed to the LORD,
- Young's Literal Translation (YLT)
- And Hezekiah turneth round his face unto the wall, and prayeth unto Jehovah,
Read in context
- 1उन दिनों में हिजकिरयाह ऐसा रोगी हुआ कि वह मरने पर था। और आमोस के पुत्रा यशायाह नबी ने उसके पास जाकर कहा, यहोवा यों कहता है, अपने घराने के विषय जो आज्ञा देनी हो वह दे, क्योंकि तू न बचेगा मर ही जाएगा।
- 2तब हिजकिरयाह ने भी की ओर मुंह फेरकर यहोवा से प्रार्थना करके कहा;
- 3हे यहोवा, मैं बिनती करता हूं, स्मरण कर कि मैं सच्चाई और खरे मन से अपने को तेरे सम्मुख जानकर चलता आया हूं और जो तेरी दृष्टि में उचित था वही करता आया हूं। और हिजकिरयाह बिलक बिलककर रोने लगा।
- 4तब यहोवा का यह वचन यशायाह के पास पहुंचा,
Cross references
- Matthew 6:6 मत्ती 6:6परन्तु जब तू प्रार्थना करे, तो अपनी कोठरी में जा; और द्वार बन्द कर के अपने पिता से जो गुप्त में है प्रार्थना कर; और तब तेरा पिता जो गुप्त में देखता है, तुझे प्रतिफल देगा।
- Psalm 50:15 भजन संहिता 50:15और संकट के दिन मुझे पुकार; मैं तुझे छुड़ाऊंगा, और तू मेरी महिमा करने पाएगा।।
- 1 Kings 8:30 1 राजा 8:30और तू अपने दास, और अपनी प्रजा इस्राएल की प्रार्थना जिसको वे इस स्थान की ओर गिड़गिड़ा के करें उसे सुनना, वरद स्वर्ग। में से जो तेरा निवासस्थान है सुन लेना, और सुनकर क्षमा करना।
- Psalm 91:15 भजन संहिता 91:15जब वह मुझ को पुकारे, तब मैं उसकी सुनूंगा; संकट में मैं उसके संग रहूंगा, मैं उसको बचाकर उसकी महिमा बढ़ाऊंगा।