Isaiah · chapter 38 · verse 22
Isaiah 38:22 in Hindi
और हिजकिरयाह ने पूछा था कि इसका क्या चिन्ह है कि मैं यहोवा के भवन को फिर जाने पाऊंगा?
Aur hijakirayaah ne poochhaa thaa ki isakaa kyaa chinh hai ki maim yahovaa ke bhavan ko phir jaane paaoongaa?
Isaiah 38:22 in English
- King James Version (KJV)
- Hezekiah also had said, What [is] the sign that I shall go up to the house of the LORD?
- World English Bible (WEB)
- Hezekiah also had said, “What is the sign that I will go up to the LORD’s house?”
- American Standard Version (ASV)
- Hezekiah also had said, What is the sign that I shall go up to the house of Jehovah?
- Bible in Basic English (BBE)
- And Hezekiah said, What is the sign that I will go up to the house of the Lord?
- Darby Translation (DBY)
- And Hezekiah had said, What is the sign that I shall go up into the house of Jehovah?
- Webster's Bible (WBS)
- Hezekiah also had said, What [is] the sign that I shall go up to the house of the LORD?
- Young's Literal Translation (YLT)
- And Hezekiah saith, 'What [is] the sign that I go up to the house of Jehovah!'
Read in context
- 20यहोवा मेरा उद्धार करेगा, इसलिये हम जीवन भर यहोवा के भवन में तारवाले बाजों पर अपने रचे हुए गीत गातें रहेंगे।।
- 21यशायाह ने कहा था, अंजीरों की एक टिकिया बनाकर हिजकिरयाह के फाड़े पर बान्धी जाए, तब वह बचेगा।
- 22और हिजकिरयाह ने पूछा था कि इसका क्या चिन्ह है कि मैं यहोवा के भवन को फिर जाने पाऊंगा?
Cross references
- 2 Kings 20:8 2 राजा 20:8हिजकिरयाह ने यशायाह से पूछा, यहोवा जो मुझे चंगा करेगा और मैं परसों यहोवा के भवन को जा सकूंगा, इसका क्या चिन्ह होगा?
- Psalm 118:18–19 भजन संहिता 118:18–19परमेश्वर ने मेरी बड़ी ताड़ना तो की है परन्तु मुझे मृत्यु के वश में नहीं किया।। मेरे लिये धर्म के द्वार खोलो, मैं उन से प्रवेश करके याह का धन्यवाद करूंगा।।
- John 5:14 यूहन्ना 5:14इन बातों के बाद वह यीशु को मन्दिर में मिला, तब उस न उस से कहा, देख, तू तो चंगा हो गया है; फिर से पाप मत करना, ऐसा न हो कि इस से कोई भारी विपत्ति तुझ पर आ पड़े।
- Psalm 84:1–2 भजन संहिता 84:1–2हे सेनाओं के यहोवा, तेरे निवास क्या ही प्रिय हैं! मेरा प्राण यहोवा के आंगनों की अभिलाषा करते करते मूर्र्छित हो चला; मेरा तन मन दोंनो जीवते ईश्वर को पुकार रहे।।
- Psalm 42:1–2 भजन संहिता 42:1–2जैसे हरिणी नदी के जल के लिये हांफती है, वैसे ही, हे परमेश्वर, मैं तेरे लिये हांफता हूं। जीवते ईश्वर परमेश्वर का मैं प्यासा हूं, मैं कब जाकर परमेश्वर को अपना मुंह दिखाऊंगा?
- Psalm 84:10–12 भजन संहिता 84:10–12क्योंकि तेरे आंगनों में का एक दिन और कहीं के हजार दिन से उत्तम है। दुष्टों के डेरों में वास करने से अपने परमेश्वर के भवन की डेवढ़ी पर खड़ा रहना ही मुझे अधिक भावता है। क्योंकि यहोवा परमेश्वर सूर्य और ढाल है; यहोवा अनुग्रह करेगा, और महिमा देगा; और जो लोग खरी चाल चलते हैं; उन से वह कोई अच्छा पदार्थ रख न छोड़ेगा। हे सेनाओं के यहोवा, क्या ही धन्य वह मनुष्य है, जो तुझ पर भरोसा रखता है!
- Psalm 122:1 भजन संहिता 122:1जब लोगों ने मुझ से कहा, कि हम यहोवा के भवन को चलें, तब मैं आनन्दित हुआ।